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बलरामपुर। जनपद में आमजन को शासकीय सेवाओं का लाभ सरल सुगम और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया को ऑनलाइन व्यवस्था के माध्यम से आसान बनाया गया है। जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन के निर्देशन में संचालित इस व्यवस्था और विशेष अभियान के तहत सितंबर माह में 50 हजार से अधिक जन्म प्रमाण पत्र जारी किए गए।
ऑनलाइन व्यवस्था से कार्यालय बार-बार आने से राहत
जन्म प्रमाण पत्र विद्यालयों में प्रवेश, विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ लेने और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज है। पहले प्रमाण पत्र बनवाने के लिए नागरिकों को आवेदन और अन्य औपचारिकताओं के संबंध में कई बार संबंधित कार्यालयों में जाना पड़ता था। इस समस्या को दूर करने के लिए जिला प्रशासन ने ऑनलाइन आवेदन व्यवस्था को प्रभावी बनाया है। इस व्यवस्था के तहत आवेदक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद संबंधित उपजिलाधिकारी (एसडीएम) एवं खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) नियमानुसार आवेदन का निस्तारण करते हुए प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया पूरी करते हैं। इससे नागरिकों के समय और संसाधनों की बचत होने के साथ ही अनावश्यक भागदौड़ में भी कमी आती है।
मात्र 100 रुपये आवेदन शुल्क
जिला प्रशासन के अनुसार जन्म प्रमाण पत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन शुल्क 100 रु निर्धारित किया गया है। निर्धारित शुल्क के अतिरिक्त किसी अन्य धनराशि की आवश्यकता नहीं है। प्रशासन का उद्देश्य आवेदन प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और नागरिकों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ पड़ने से रोकना है।
नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष अभियान
जिलाधिकारी के निर्देशन में जनपद की सभी तहसीलों के नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत संबंधित एसडीएम और बीडीओ को ऑनलाइन प्राप्त आवेदनों के नियमानुसार निस्तारण तथा प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का विशेष जोर ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों तक इस सुविधा का लाभ पहुंचाने और आवेदनों के निस्तारण में अनावश्यक विलंब रोकने पर है।
समयबद्ध और पारदर्शी सेवाएं प्राथमिकता
डीएम डॉ. विपिन कुमार जैन ने कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिकता आमजन को आवश्यक प्रमाण पत्र एवं अन्य शासकीय सेवाएं सरल, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि ऑनलाइन प्राप्त आवेदनों का नियमानुसार समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।उन्होंने यह स्पष्ट किया कि प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखी जाए और निर्धारित आवेदन शुल्क के अतिरिक्त किसी प्रकार की धनराशि न ली जाए। जिला प्रशासन के अनुसार, ऑनलाइन व्यवस्था और विशेष अभियान के माध्यम से जनपदवासियों को सुगम एवं जनहितकारी सेवाएं उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। सितंबर माह में 50 हजार से अधिक जन्म प्रमाण पत्र जारी होना इसी अभियान के तहत दर्ज की गई उपलब्धि है।







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