











































प्रतीकात्मक
अगर खूबसूरत आंखें हों तो किसी भी व्यक्ति की सुंदरता और बढ़ जाती है इसलिए अपनी खूबसूरती को बढ़ाने के लिये आंखों का खास ख्याल रखने की ज़रूरत है। यदि आप थकी थकी और सूजी आंखों से परेशान हैं तो इससे छुटकारा पाया जा सकता है।
हम यहां ऐसे ही कुछ घरेलू टिप्स के बारे में बता रहे हैं जो आपकी आंखों को सुंदर और चमकदार बनाए रखने में मदद कर सकते हैं। साथ ही इनके इस्तेमाल से आपकी आंखों को किसी साइड इफेक्ट्स का खतरा भी नहीं है।
आपको बस इतना करना है कि बेहतर और जल्द परिणाम के लिये इन टिप्स को अपने दैनिक रूटीन में शामिल करना है। तो चलिए जानते हैं, आंखों की सुंदरता को बढ़ाने के उपयोगी टिप्स।
- कुछ मिनटों के लिए बर्फ के पानी के कटोरे में टी बैग्स रखें, इसके बाद उन्हें अपनी आंखों पर रखें और तब तर रहने दें, जब तक टी बैग की ठंडक खत्म ना हो जाए। इससे आपकी आंखें रिफ्रेश होंगी।
- सोने से पहले, अपनी आंखों के चारों ओर बादाम के तेल से धीरे-धीरे मालिश करें। सुबह आपको त्वचा नरम मिलेगी और आंखों में राहत महसूस होगी।
- हर समय अपने साथ गुलाब जल का एक स्प्रे रखें और जब कभी भी आंखों में थकान महसूस हो, तो गुलाब जल को अपने चेहरे और आंखों पर स्प्रे करें। ऐसा करने से आपको काफी राहत महसूस होगी।
- कॉटन पैड को भी गुलाब जल में भिगो कर आंखों पर रखने से आंखों को राहत और ताज़गी मिलती है।
- आंवला में विटामिन सी मौजूद होता है, जो आंखों के लिए बहुत अच्छा माना जाता है। इसे अपने आहार में शामिल करें या इसे पानी में भिगो दें और अपनी आंखों को साफ करने के लिए उस पानी का उपयोग करें।
- अपनी आंखों के चारों ओर उन कलर शेड्स को ही लगाएं, जो आपकी आंखों के रंग से मेल खाता हो। उदाहरण के लिए भूरे रंग की आंखों के लिए, बैंगनी और फिरोज़ी रंग बेहतर होते हैं।
- आंखों के अंदरुनी कोने या निचले भाग में ब्राइट कलर का उपयोग करें। यह आंखों को शाइनी लुक देने में मदद करता है।
- मेकअप इस्तेमाल करने से पहले हमेशा अपने आंखों के चारों ओर कंसीलर का इस्तेमाल करें। डार्क सर्कल के पिंक कलर में कंसीलर का इस्तेमाल करें ताकि आपकी आंखें यंग और खूबसूरत दिखें।
- मस्कारा के ज़रिए अपनी पलकों को थोड़ा कर्ल करें, इससे आंखों की सुंदरता बढ़ती है।
- अपने चेहरे के मुताबिक आइब्रो को अच्छी तरह सेट करवाएं, इससे पूरे चेहरे की खूबसूरती बढ़ती है।
अपनी आंखों की सुंदरता कायम रखने के लिये और इन्हें आराम देने के लिये नीचे दिए गए कुछ आसान टिप्स को प्रतिदिन फॉलो करें।

1. पर्याप्त नींद लें ताकि आपकी आंखें थकी हुई ना दिखें।
2. विटामिन C और A से समृद्ध खाद्य पदार्थ को अपने खाने में शामिल करें, जैसे गाजर,बादाम, पपीता, नींबू, संतरा आदि। ये आपकी आंखों को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करते हैं।
3. रोज़ाना खूब पानी पिएं, ये शरीर के साथ आपकी आंखों के लिये भी अच्छा होता है।
4. यदि आप कंप्यूटर स्क्रीन के सामने लंबे समय तक बिताते हैं, तो डॉक्टर की सलाह से कोई आईड्रॉप रखें और आंखों में ड्राइनेस या आंखे लाल होने पर इसका इस्तेमाल करें।
5. कभी भी अपनी आंखों को मत रगड़ें, आपकी आंखें और उनके चारों ओर की त्वचा बहुत कोमल होती है इसलिए सावधानी ज़रूरी है।
6. मेकअप लगे आंखों के साथ कभी ना सोएं, इससे बहुत सारे संक्रमण का खतरा रहता है।
हमने यहां आंखों को स्वस्थ और सुंदर बनाने के लिए कुछ टिप्स और घरेलू उपायों के बारे में बताया है, अगर आप नियमित रूप से इनको फॉलो करेंगी तो आपकी आँखें लोगों में चर्चा का विषय बन जाएंगी।







हुज़ैफ़ा अबरार August 24 2026 0 28
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 7994
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 1939
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1694
हुज़ैफ़ा अबरार August 08 2026 0 1582
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 7994
एस. के. राणा January 20 2026 0 5271
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5173
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 5082
एस. के. राणा February 01 2026 0 4907
एस. के. राणा January 13 2026 0 4781
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4725
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87183
सौंदर्या राय April 08 2022 0 35169
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38272
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35763
लेख विभाग March 19 2022 0 35392
सौंदर्या राय March 16 2022 0 73001
आवेदन करने के लिए जनरल और ओबीसी कैटेगरी के उम्मीदवारों को एप्लीकेशन फीस के रूप में 1500 रुपए देने हो
शोधपत्र को पूरा करने में आईसीएमआर-आईएएसआरआई दिल्ली के वैज्ञानिकों ने अहम भूमिका निभाई है। प्रमुख शोध
दांत अगर ठीक से साफ नहीं हुए तो धीरे- धीरे पीलापन जमने लगता है। हालांकि ज्यादा परेशान होने की जरूरत
मसूड़ों में रोग होने, दाँत टूटने और मौखिक कैंसर ऐसी बीमारियाँ हैं, जिनकी रोकथाम सम्भव है। वहीं दाँतो
गुरु गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलसचिव ने कार्यक्रम के विषय ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि व्य
डाउन सिंड्रोम पीड़ित बच्चे सामान्य बच्चों की तुलना में बैठना, चलना या उठना सीखने में ज्यादा समय लेते
बूंदी में तैनात राजस्थान कैडर के आईएएस अधिकारी मानवीय पहल सामने आई है, जो कि चर्चा विषय बन चुकी है।
यह वायरल अचानक बच्चों को बीमार कर देता है। इसमें बच्चों को क्वारंटाइन होने की सलाह दी जाती है क्योंक
कई माता-पिता जब अपने बच्चें में कम वजन या कम भूख के लक्षणों को देखते हैं तो वह पास के क्लीनिक में जा
उत्तर प्रदेश के जाने माने चिकित्सक डॉ. सूर्यकान्त को प्रतिष्ठित मैकमास्टर टेक्स्टबुक ऑफ इंटरनल मेडिस

COMMENTS