देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

लखनऊ में बढ़ रहे टायफायड के मामले।

सीएमओ डॉ संजय भटनागर ने बताया पानी की जांच जलकल विभाग की जिम्मेदारी है। इसमें स्वास्थ्य विभाग की कोई भूमिका नहीं है।

लखनऊ में बढ़ रहे टायफायड के मामले। प्रतीकात्मक

लखनऊ। राजधानी में बीते दो सप्ताह से बुखार और टाइफाइड का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है। सरकारी और निजी अस्पतालों की ओपीडी में बुखार के 200, 250 मरीज रोज आ रहे है।गंदे पानी की वजह से फैलने वाली इस बीमारी के रोजाना औसतन सौ से 150 मरीज निकल रहे हैं। लखनऊ में गत दो वर्षाे से पानी की जांच नहीं की गई है। इस बारे में पता करने की कोशिश की गई तो जलकल विभाग और स्वास्थ्य विभाग एक दूसरे पर जिम्मेदारी डालने लगे। 

जानकारी के मुताबिक बलरामपुर अस्पताल के ओपीडी पहुंचने वाले रोजाना करीब 150 से 70 से 80 मरीजों की खून की जांच कराई जा रही हैै। इसमें 30 मरीजों की टाइफाइड की रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही है। डॉक्टरों का कहना है इन दिनों करीब 10  फीसदी मरीज बुखार के बढ़े हैं। इसी तरह सिविल अस्पताल में रोज बुखार के 30, 40 मरीजों की खून की जांच कराई जा रही है, इनमें 10 मामले टाइफाइड के निकल रहे हैं। लोकबंधु अस्पताल में भी करीब दस मरीज लगभग टाइफाइड के रोज मिल रहे हैं। बाकी मरीज अन्य बुखार से पीडि़त हैं।

इन इलाकों से अधिक आ रहे मरीज-
फैजुल्लागंज, खदरा, मसालची टोला, पुराने लखनऊ के कई इलाके  चिनहट समेत अन्य इलाकों से अधिक मरीज अस्पतालों में आ रहे हैं।

नियमित रूप से पानी में मिला रहे क्लोरीन-
जरूरत होने पर क्लोरीन की मात्रा भी बढ़ाई जाती है। अभी जांच बंद हैं लेकिन जलकल के सभी ट्रीटमेंट प्लांट पर क्लोरीन मिलाने और ब्लीचिंग का काम नियमित रूप से किया जा रहा है। यह एक नियमित प्रक्रिया है।

पानी का जांच जलकल की जिम्मेदारी-
सीएमओ डॉ संजय भटनागर ने बताया पानी की जांच जलकल विभाग की जिम्मेदारी है। इसमें स्वास्थ्य विभाग की कोई भूमिका नहीं है। शासन के निर्देश पर टीम गठित होने बाद पानी के नमूनों के लिए संयुक्त टीम जाती थी।

क्या है टाइफाइड-
टाइफाइड बुखार भारत में पाया जाने वाला खतरनाक संक्रामक रोग है। इसे मियादी बुखार के नाम से भी जाना जाता है। यह रोग दूषित पानी या भोजन के सेवन से जिसमें साल्मोनेला टाइफी बैक्टीरिया के संक्रमण से होता हैं। टाइफाइड का जीवाणु मनुष्यों के आंतों और रक्त प्रवाह में रहता है। यह एक संक्रमित व्यक्ति के मल के सीधे संपर्क में आने से लोगों में फैलता है। इसका बैक्टीरिया मुंह में प्रवेश करता है और लगभग 1.2 सप्ताह तक आंत में रहता हैं। उसके बाद यह आंतों की दीवार से होते हुए खून में चला जाता हैं। खून के माध्यम से यह अन्य ऊतकों और अंगों में फैल कर बीमारी फैलाता हैं।

टाइफाइड  होने का कारण-
साल्मोनेला टाइफी बैक्टीरिया से संक्रमित व्यक्ति मल त्यागने या पेशाब करने के बाद यदि अपने हाथों को नहीं धोता और भोजन व पानी को उसी हाथ से छूता है तो बैक्टीरिया भोजन व पानी में आ जाता है। अगर वह भोजन व पानी कोई दूसरा व्यक्ति खाता व पीता है तो वह व्यक्ति भी इसके बैक्टीरिया से संक्रमित हो जाता है। इसके अलावा संक्रमित व्यक्ति के मल के खाद से उगाई गई सब्जी को कच्चा खाने से भी टाइफाइड फैलता है।

क्या है टाइफाइड के लक्षण-
टाइफाइड के बुखार के लक्षण कुछ दिनों बाद प्रकट होते हैं।, व्यक्ति को पहले हल्का बुखार बाद में तेज बुखार आना, सिरदर्द होना, उल्टी, कब्ज, भूख कम लगना, ठंड लगना, सुस्ती, कमजोरी होना आदि

यदि मरीज सही समय पर इलाज नहीं करवाता है तो मरीज की आतों में छेद होने की संभावना बढ़ जाती है। साथ ही दिमागी बुखार और आंतों में छाले होने की संभावना भी हो सकती है जिसकी वजह से मरीज की जान भी जा सकती है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

एकेटीयू लखनऊ में बीफार्मा, एमबीए, इंटीग्रेटेड पीएचडी और जीओ इंफॉरमेटिक्स की होगी पढ़ाई 

एकेटीयू लखनऊ में बीफार्मा, एमबीए, इंटीग्रेटेड पीएचडी और जीओ इंफॉरमेटिक्स की होगी पढ़ाई 

हुज़ैफ़ा अबरार May 05 2022 30616

बैठक में विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ कमाने का अवसर देने, विलंब शुल्क की दर को आधा करने और परीक्षा

हड्डी टूटने पर प्लास्टर लगवाने के साथ खाएं ये फूड

हड्डी टूटने पर प्लास्टर लगवाने के साथ खाएं ये फूड

लेख विभाग January 17 2023 51127

टूटी हड्डियों को रिकवर करने के लिए विटामिन डी, कैल्शियम, कॉलेजन जैसे पोषक तत्वों की जरूरत होती है आइ

तम्बाकू एवँ धूम्रपान की लत पूरे विश्व में जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर समस्या बनी।

तम्बाकू एवँ धूम्रपान की लत पूरे विश्व में जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर समस्या बनी।

लेख विभाग May 31 2021 36601

दुनिया में प्रतिवर्ष लगभग 80 लाख लोग तम्बाकू जनित बीमारियों के कारण असमय मौत का शिकार हो जातें हैं त

केजीएमयू में अब नहीं पहन सकेंगे जींस-टीशर्ट

केजीएमयू में अब नहीं पहन सकेंगे जींस-टीशर्ट

श्वेता सिंह November 17 2022 42401

इंडक्शन मीट के दौरान केजीएमयू के डीन प्रो. आरएन श्रीवास्तव ने कहा कि संस्थान में अनुशासन के लिए ड्रे

मेदांता अस्पताल एंजल प्लेटिनम अवार्ड पाने वाला उत्तर प्रदेश का पहला अस्पताल बना 

मेदांता अस्पताल एंजल प्लेटिनम अवार्ड पाने वाला उत्तर प्रदेश का पहला अस्पताल बना 

हुज़ैफ़ा अबरार February 17 2022 36378

डॉ रित्विक बिहारी ने बताया कि 23 मानकों को पूरा करने पर यह अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार मिलता है और मेदां

लखनऊ के अस्पतालों में डेंगू, मलेरिया बुखार के मरीज बढ़े

लखनऊ के अस्पतालों में डेंगू, मलेरिया बुखार के मरीज बढ़े

हुज़ैफ़ा अबरार November 02 2022 33246

बदले मौसम के कारण ज्यादातर केस वायरल बुखार के आ रहे हैं। बलरामपुर अस्पताल के चिकित्सक डाॅक्टर सर्वेश

मेडिकल काउंसलिंग कमेटी ने एमबीबीएस में ऐड की 197 सीटें

मेडिकल काउंसलिंग कमेटी ने एमबीबीएस में ऐड की 197 सीटें

एस. के. राणा October 19 2022 23112

एमसीसी ने अपने नोटिस में कहा, ''मेडिकल काउंसलिंग कमेटी को नई सीटों के बारे में निम्नलिखित संस्थानों

गोरखपुर जिले में मात्र 40 जगहों पर होगा 12 से 14 साल के बच्चों का टीकाकरण

गोरखपुर जिले में मात्र 40 जगहों पर होगा 12 से 14 साल के बच्चों का टीकाकरण

आनंद सिंह March 16 2022 31004

डा. आशुतोष दुबे ने बताया कि टीकाकरण अभियान शुरू हो गया है। अभी 12 से 14 साल के बच्चों को टीका लगाया

वैरिकोसील के सफल इलाज के नए तरीकों ने दी राहत, मरीजों को मिल रहा फायदा: डॉ. अनंत

वैरिकोसील के सफल इलाज के नए तरीकों ने दी राहत, मरीजों को मिल रहा फायदा: डॉ. अनंत

हुज़ैफ़ा अबरार November 11 2022 44531

वैरिकोसील मामलों में वर्तमान में काफी बढ़ोतरी देखी जा रही है। ऐसे में ये जरूरी हो जाता है कि इसके बा

पुतिन ने भारत में स्वास्थ्य सेवाओं में आए सुधारों को रेखांकित किया: डॉ आर.एन. सिंह

पुतिन ने भारत में स्वास्थ्य सेवाओं में आए सुधारों को रेखांकित किया: डॉ आर.एन. सिंह

आनंद सिंह December 06 2025 4144

भारत में  मृत्यु दर में भारी गिरावट आई है,  यह स्वास्थ्य क्षेत्र में हुई प्रगति का एक और प्रमाण है।

Login Panel