देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

स्वास्थ्य

भारी नितंब और जाँघ अच्छे स्वास्थ्य की निशानी: शोध

ब्रिटेन के डॉक्टरों का कहना है कि भारी नितंब हानिकारक रसायनों को पिघलाने में मदद करते हैं और उनमें ऐसे रसायन एजेंट भी मौजूद होते हैं जो दिल तक पहुँचने वाली रक्त वाहिनियों में खून जमने से रोकते हैं।

लेख विभाग
February 27 2022 Updated: February 27 2022 15:55
0 37382
भारी नितंब और जाँघ अच्छे स्वास्थ्य की निशानी: शोध

भारतीय सौंदर्य शास्त्रों में भारी नितंब और भरी-भरी जाँघों को आकर्षक कहा जाता है। अब इन सौंदर्य मानकों का स्वास्थ्य महत्व भी नज़र आने लगा है। अलग-अलग शोध में ऑक्सफ़र्ड विश्वविद्यालय और ब्रिटिश हार्ट फ़ाउंडेशन के डॉक्टर्स इस पर सहमति जताते हैं। अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त शोध पत्रिका इंटरनेशनल जर्नल ऑफ़ ओबीसिटी ने तो एक शोध के माध्यम से इसकी पुष्टि कर दी है।

ब्रिटेन के डॉक्टरों की राय   

ब्रिटेन के डॉक्टरों का कहना है कि जिन महिलाओं के नितंबों (hips) और जाँघों (thighs) पर ज़्यादा वज़न होता है यानी वे भारी होते हैं तो यह उनके अच्छे स्वास्थ्य (good health) की निशानी है क्योंकि ये दिल की बीमारियों (heart diseases) से बचाते हैं। साथ ही, भारी नितंब और भरी-भरी जाँघें पाचन क्रिया (digestion) और शरीर को चुस्त-दुरुस्त रखने में भी मदद करते हैं।

इन डॉक्टरों (doctors) का कहना है कि भारी नितंब हानिकारक रसायनों (harmful chemicals) को पिघलाने में मदद करते हैं और उनमें ऐसे रसायन एजेंट भी मौजूद होते हैं जो दिल तक पहुँचने वाली रक्त वाहिनियों में खून जमने (clotting of blood) से रोकते हैं।

ऑक्सफ़र्ड विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों का मत 

ऑक्सफ़र्ड विश्वविद्यालय (University of Oxford) के वैज्ञानिकों के एक दल ने प्रयोग के बाद कहा है कि महिलाओं की कमर के आसपास जो वज़न इकट्ठा हो जाता है उसके मुक़ाबले नितंबों पर इकट्ठा होने वाला वज़न स्वास्थ्य की दृष्टि से ज़्यादा अच्छा होता है क्योंकि कमर के आसपास वाली चर्बी (fat) से कोई स्वास्थ्य लाभ नहीं होता है।

इंटरनेशनल जर्नल ऑफ़ ओबीसिटी का शोध 

यह अध्ययन इंटरनेशनल जर्नल ऑफ़ ओबीसिटी (International Journal of Obesity) में प्रकाशित हुआ है। इस निष्कर्ष के बाद यह क़यास लगाया जाने लगा है कि भविष्य में डॉक्टर महिलाओं (women) को इस तरह के तरीक़े बताने लगेंगे जिनके ज़रिए चर्बी कमर के आसपास इकट्ठी होने देने के बजाय नितंबों पर इकट्ठी की जाए जिससे दिल की बीमारियाँ और डॉयबटीज़ (diabetes) जैसी व्याधियाँ ना हों।

शोधकर्ताओं का कहना है कि नितंबों पर बहुत कम वज़न होने की वजह से अनेक गंभीर बीमारियाँ (serious diseases) होने का भी ख़तरा हो सकता है।

वज़न नहीं आकार - weight not size
प्रयोगों से पता चलता है कि नितंबों और जाँघों पर इकट्ठा हुई चर्बी को हटाना मुश्किल होता है, जबकि कमर के आसपास इकट्ठा हुई चर्बी को आसानी से हटाया जा सकता है।

वैज्ञानिकों का कहना है कि जब चर्बी को तेज़ी से पिघलाने या कम करने की कोशिश की जाती है तो इससे ख़ास रासायनिक तत्व निकलते है जो शरीर में कुछ झनझनाहट सी पैदा करता है। इन रासायनिक तत्वों का दिल से संबंधित बीमारियों और डायबटीज़ और इंसुलिन (insulin) से होता है।

शोधकर्ता टीम के मुखिया डॉक्टर कोन्सटेन्टिनोस मैनोलोरॉलोस (Dr Konstantinos Manoloroulos) का कहना था कि यह बहुत ज़रूरी है कि पेट और कमर के आकार को महत्व दिया जाए कि कहाँ और किस तरह से चर्बी इकट्ठी होती है, "नितंबों और जाँघों पर चढ़ी चर्बी तो आपके लिए ठीक है लेकिन पेट के आसपास चढ़ी चर्बी ख़राब है।"

नितंबों की चर्बी हिलने से एक तरह का रसायन बनता है जो दिल की धमनियों (arteries of the heart ) को जमने से बचाता है और ब्लड शुगर (blood sugar) को क़ाबू में रखने में मदद करता है।

जिन लोगों के कमर और पेट के चारों ओर चर्बी इकट्ठी हो जाती है उन्हें दिल की बीमारियों और डायबटीज़ होने का ज़्यादा ख़तरा रहता है। ऐसे लोगों में पेट और कमर के चारों ओर चर्बी इकट्ठी हो जाती है जिससे उसका आकार सेब जैसा दिखता है।

डॉक्टर कोन्सटेन्टिनोस मैनोलोरॉलोस का कहना था कि अगर महिलाओं का पेट पतला रहता है यानी उस पर कोई चर्बी इकट्ठी नहीं होती है तो जाँघों पर चर्बी इकट्ठी होना वाक़ई अच्छा होता है।

उनका कहना है,"मुश्किल ये है कि जब जाँघों पर चर्बी आती है तो पेट पर भी चर्बी जमती है इसलिए भारी जाँघों के साथ पतला पेट रख पाना मुश्किल काम ज़रूर है। "

ब्रिटिश हार्ट फ़ाउंडेशन (British Heart Foundation) के फ़ोटिनी रोज़ाकीज़ का कहना था, "इस शोध से यह समझने में मदद मिलती है कि शरीर में चर्बी किस तरह से काम करती है और कहाँ की चर्बी अच्छी या बुरी होती है। इससे दिल की बीमारियों को समझने में और ज़्यादा मदद मिल सकती है।"

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

कोरोना महामारी के कारण नर्सों की भारी कमी से जूझ रहा विश्व, अमीर देश गरीब देशों की नर्सों की कर रहे नियुक्ति

कोरोना महामारी के कारण नर्सों की भारी कमी से जूझ रहा विश्व, अमीर देश गरीब देशों की नर्सों की कर रहे नियुक्ति

एस. के. राणा January 25 2022 38715

कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन के आने के बाद धनी देशों ने गरीब देशों से नर्सों की भर्ती को तेज

डिप्लोमा फार्मेसी: एग्जिट एग्जामिनेशन की व्यवस्था में होंगे ये बड़े बदलाव

डिप्लोमा फार्मेसी: एग्जिट एग्जामिनेशन की व्यवस्था में होंगे ये बड़े बदलाव

रंजीव ठाकुर September 18 2022 32562

डिप्लोमा इन फार्मेसी उत्तीर्ण छात्रों को पंजीकरण के पूर्व एक एग्जिट एग्जामिनेशन देना आवश्यक हो गया ह

डिप्रेशन के हर दिन मिल रहे 60 मरीज

डिप्रेशन के हर दिन मिल रहे 60 मरीज

admin May 30 2023 41263

जिला अस्पताल में मानसिक रोग चिकित्सक डॉ. विनीत अग्रवाल ने कहा कि ओपीडी में इस साल की शुरुआत से लेकर

ठीक होने के 18 महीने बाद भी कोरोना ले सकता है जान: रिसर्च

ठीक होने के 18 महीने बाद भी कोरोना ले सकता है जान: रिसर्च

विशेष संवाददाता January 21 2023 22605

कोरोना पर एक रिसर्च ने डराने वाला दावा किया है। वैज्ञानिकों ने 19 जनवरी को चेतावनी दी है कि कोरोना म

कोविड-19 संक्रमण: देश में फिर आये सबसे कम नए मामले।

कोविड-19 संक्रमण: देश में फिर आये सबसे कम नए मामले।

एस. के. राणा June 17 2021 30377

मंत्रालय ने बताया कि संक्रमण की दैनिक दर 3.48 प्रतिशत दर्ज की गई। यह लगातार 10 दिनों में पांच प्रतिश

एडीजी प्रेम प्रकाश ने लगवाया कोरोना से बचाव का टीका, आशंकाओं को बताया निराधार।

एडीजी प्रेम प्रकाश ने लगवाया कोरोना से बचाव का टीका, आशंकाओं को बताया निराधार।

February 13 2021 26514

टीका लगवाने के बाद एडीजी ने डॉक्टरों और वैक्सीन बनाने वाली संस्था का आभार जताया।

सुल्तानपुर में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक करेंगे अस्पताल का लोकार्पण

सुल्तानपुर में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक करेंगे अस्पताल का लोकार्पण

विशेष संवाददाता May 28 2023 39756

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक जयसिंहपुर तहसील क्षेत्र के बिरसिंहपुर स्थित संयुक्त चिकित्सालय का 30 मई को

स्मार्ट फ़ोन के जरिये बीस मिनट में पता चलेगा कोविड़ वायरस की मौजूदगी

स्मार्ट फ़ोन के जरिये बीस मिनट में पता चलेगा कोविड़ वायरस की मौजूदगी

हे.जा.स. January 25 2022 28580

अमेरिकी शोधकर्ताओं ने कोविड-19 की जांच के लिए स्मार्ट फोन आधारित एक ऐसा किफायती टूल विकसित किया है,

पंजाब सरकार ने दी 80 नए मोहल्ला क्लीनिक की सौगात

पंजाब सरकार ने दी 80 नए मोहल्ला क्लीनिक की सौगात

हे.जा.स. May 06 2023 37090

दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल और पंजाब के सीएम भगवंत मान ने लुधियाना की जनता को आज 80 नए आम आदमी क्

एंडोक्राइन सर्जरी विभाग ने तीन दिवसीय सर्जिकल कार्यशाला का किया आयोजन

एंडोक्राइन सर्जरी विभाग ने तीन दिवसीय सर्जिकल कार्यशाला का किया आयोजन

आरती तिवारी April 23 2023 29014

संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान में एंडोक्राइन सर्जरी विभाग द्वारा आयोजित एक सर्जिकल का

Login Panel