











































प्रतीकात्मक चित्र
लखनऊ। क्या आप जानते है कि दिमाग में लगातार पानी बनता है जो अधिकतर खून के साथ बाहर निकल जाता है। लेकिन कई बार ऐसा नहीं होता तब दिमाग में ऑपरेशन द्वारा शंट डाला जाता है। लेकिन कई बार ऐसा भी होता है कि शंट डालने के बाद भी पानी पूरी तरह दिमाग से बाहर नहीं निकल पाता तब दुबारा ओपन न्यूरो सर्जरी की जरूरत हो जाती है।
दिमाग में ज्यादा मात्रा में सेरिब्रो स्पाइनल फ्ल्यूड (cerebro spinal fluid) (CSF) होने की स्थिति को हाइड्रोसेफेलस (Hydrocephalus) कहते हैं। एसजीपीजीआई (SGPGI) के न्यूरो सर्जरी विभाग (neuro surgery department) में पहली बार हाइड्रोसेफलस के मरीज का उपचार मस्तिष्क में प्रोग्राम्ड शंट डाल कर (programmed shunt in the brain) किया है। इससे दुबारा ओपन न्यूरो सर्जरी (neuro surgery) की जरूरत नहीं पड़ेगी।
प्रोग्राम्ड शंट में इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फोर्स (electromagnetic force) के जरिये बाहर से पानी की मात्रा को नियंत्रित किया जा सकता है। यह शंट बहुत ही पतला ट्यूब होता है जो दिमाग के अतिरिक्त पानी को पेट में निकाल देता है।
एसजीपीजीआई के न्यूरो सर्जरी विभाग प्रमुख प्रो राजकुमार (Prof Rajkumar, Head of Neuro Surgery Department, SGPGI) कहते है कि इस तरह का शंट पहली बार लगाया गया है और इससे मरीज की हालत में काफी सुधार हुआ है। उन्होंने कहा, इस सफल सर्जरी (successful surgery) के बाद हाइड्रोसेफेलस का इलाज सम्भव हो गया है।







हुज़ैफ़ा अबरार July 07 2026 0 413
हुज़ैफ़ा अबरार July 07 2026 0 364
हुज़ैफ़ा अबरार July 09 2026 0 203
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4753
एस. के. राणा January 20 2026 0 4648
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4592
एस. के. राणा January 13 2026 0 4403
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4333
एस. के. राणा February 01 2026 0 3962
एस. के. राणा February 04 2026 0 3766
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86826
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34721
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37936
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35413
लेख विभाग March 19 2022 0 35007
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72476
टीचिंग फैकल्टी की भर्ती कॉन्ट्रैक्ट बेसिस पर हो रही है। यह भर्ती तीन साल के कॉन्ट्रैक्ट पर होगी। जिस
कोरोना के नए वैरिएंट ने दस्तक दे दी है। खबरों के मुताबिक, कोरोना का यह नया वैरिएंट ओमिक्रॉन का सब-वै
स्वास्थ्य विभाग से उप सिविल सर्जन डॉ. सुनील कुमार की शिकायत पर जुई पुलिस थाना में आरोपियों पर संबंधि
शुगर के लक्षण की जानकारी दे रहे हैं : प्यास लगना, बार-बार पेशाब लगना, भूख बढ़ना, थकान, धुंधला दिखाई
यह पुरस्कार उनके द्वारा चिकित्सा शिक्षण, अध्यापन एवं शोध के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने एवं कोर
सीएमओ डॉ. वाइके राय ने बताया कि मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित कर दी गई है। बता दें कि 23
हैदराबाद और कानपुर IIT में मथुकुमल्ली विद्यासागर और मनिंद्र अग्रवाल के नेतृत्व में शोधकर्ताओं का हवा
आयुर्वेद अस्पतालों में अब लोगों को पंचकर्मा करवाने के लिए ज्यादा इंतजार नहीं करना होगा। इसके लिए अस्
प्रथम चरण में ‘वन-हेल्थ’ परियोजना, कर्नाटक तथा उत्तराखंड राज्यों लागू की जाएगी। बिल एवं मेलिंडा गेट्
माइग्रेन एक प्रकार का ऐसा सिरदर्द है जो काफी कष्टदायक होता है। इससे सिर के एक हिस्से में तेज दर्द उठ

COMMENTS