देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

अपने स्वास्थ्य रिकॉर्ड को अपनी पसंद के हेल्थ लॉकर में रखिये

एबीडीएम के साथ ई-संजीवनी का एकीकरण एक ऐसा उदाहरण है जहां यूपी के दो करोड़ आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट धारक ई-संजीवनी के माध्यम से बनाए गए अपने स्वास्थ्य रिकॉर्ड को सीधे अपनी पसंद के हेल्थ लॉकर में लिंक और स्टोर कर सकते हैं।

हुज़ैफ़ा अबरार
June 08 2022 Updated: June 08 2022 23:57
0 31760
अपने स्वास्थ्य रिकॉर्ड को अपनी पसंद के हेल्थ लॉकर में रखिये प्रतीकात्मक चित्र

लखनऊ। स्वास्थ्य के क्षेत्र में डिजिटल क्रांति के जरिए केंद्र सरकार बड़े बदलाव की ओर बढ़ रही है। ई-संजीवनी (e-Sanjeevani) के जरिए पहले से ही लोग ऑनलाइन डॉक्टर से परामर्श कर रहे हैं। इसे आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट (ABHA) से भी जोड़े जाने से उत्तर प्रदेश के तकरीबन दो करोड़ लोगों को फायदा होगा। 


उपयोगकर्ता को सुविधा - User convenience
राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) ने अपनी प्रमुख योजना- आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के साथ ई-संजीवनी के एकीकरण की घोषणा की है। यह एकीकरण स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की टेलीमेडिसिन (telemedicine) सेवा ई-संजीवनी के मौजूदा उपयोगकर्ताओं को आसानी से अपना आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट ( एबीएचए) बनाने और डॉक्टरी सलाह, लैब रिपोर्ट जैसे अपने मौजूदा स्वास्थ्य रिकॉर्ड (health records) को जोड़ने और प्रबंधित करने आदि के लिए इसका उपयोग करने की सुविधा प्रदान करता है। 

उपयोगकर्ता ई-संजीवनी पर डॉक्टरों (doctors) के साथ अपने हेल्थ रिकॉर्ड को साझा करने में भी सक्षम होंगे जो बेहतर नैदानिक निर्णय लेने और देखभाल की निरंतरता सुनिश्चित करने में मदद करेगा। यानि अब ई-संजीवनी के उपयोगकर्ता अपना 14-अंक का अद्वितीय आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट (एबीएचए) बना सकते हैं और अपने मौजूदा स्वास्थ्य रिकॉर्ड को जोड़ने के लिए इसका उपयोग कर सकते हैं। यह ई-संजीवनी के मौजूदा उपयोगकर्ताओं को आसानी से अपना आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता बनाने और अपने मौजूदा स्वास्थ्य रिकॉर्ड को लिंक और प्रबंधित करने की अनुमति देगा।


डिजिटल हेल्थ अकाउंट धारक को होगा फायदा - Digital health account holder will be benefitted
इस एकीकरण के महत्व के बारे में आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के मिशन निदेशक डॉ. मन्नान अख्तर ने कहा कि “एबीडीएम का लक्ष्य भारत में मौजूदा डिजिटल स्वास्थ्य समाधानों और हितधारकों को एक-दूसरे से जोड़ने के लिए डिजिटल हाईवेज का निर्माण करना है। एबीडीएम के साथ ई-संजीवनी का एकीकरण एक ऐसा उदाहरण है जहां यूपी के दो करोड़ आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट धारक ई-संजीवनी के माध्यम से बनाए गए अपने स्वास्थ्य रिकॉर्ड को सीधे अपनी पसंद के हेल्थ लॉकर (health locker) में लिंक और स्टोर कर सकते हैं। उपयोगकर्ता अपने पहले से जुड़े हेल्थ रिकॉर्ड को ई-संजीवनी पर डॉक्टरों के साथ साझा कर सकते हैं, जिससे पूरी परामर्श प्रक्रिया कागजरहित (paperless) हो जाएगी।


ई-संजीवनी सर्विस दो वेरिएंट में सुविधा - E-Sanjeevani service facility in two variants
ई-संजीवनी सर्विस दो वेरिएंट में उपलब्ध है। पहला ई-संजीवनी आयुष्मान भारत-स्वास्थ्य और कल्याण केंद्र (AB-HWC)- डॉक्टर-टू-डॉक्टर टेलीमेडिसिन सेवा है, जिसके माध्यम से एचडब्ल्यूसी में जाने वाले लाभार्थी डॉक्टरों, विशेषज्ञों (Specialists), अस्पताल (Hospitals), मेडिकल कॉलेज (Medical Colleges) से जुड़ सकते हैं जो तृतीयक स्वास्थ्य सुविधा में हो सकते हैं। यह सरकार को ग्रामीण क्षेत्रों (rural areas) और पृथक समुदायों में सामान्य और विशिष्ट स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में सक्षम

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

राज्यों में स्वास्थ्य सुधार के लिए डेटा का रियल टाइम विश्लेषण करने की आवश्यकता: राजेश भूषण

राज्यों में स्वास्थ्य सुधार के लिए डेटा का रियल टाइम विश्लेषण करने की आवश्यकता: राजेश भूषण

एस. के. राणा January 13 2023 24227

दो दिवसीय कार्यशाला का उद्देश्य स्वास्थ्य प्रबंधन सूचना प्रणाली पोर्टल तथा प्रजनन बाल स्वास्थ्य पोर्

गोरखपुर: कम उम्र में शादी होने से लड़कियाँ हो रहीं बीमार

गोरखपुर: कम उम्र में शादी होने से लड़कियाँ हो रहीं बीमार

अबुज़र शेख़ October 11 2022 29432

सर्वे के अनुसार अब भी बड़ी संख्या में बेटियों की शादी कम उम्र में ही कर दी जाती है। आंकड़ों के अनुसार

कनाडा: कोविड-19 पाबंदियों के विरोध में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प, कई गिरफ्तार  

कनाडा: कोविड-19 पाबंदियों के विरोध में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प, कई गिरफ्तार  

हे.जा.स. May 01 2022 44968

कोविड-19 पाबंदियों के खिलाफ आवाज उठाने वाले समूह 'फ्रीडम फाइटर्स कनाडा' द्वारा आयोजित 'रोलिंग थंडर'

लोग प्राइवेट अस्पतालों में नहीं लगवा रहें कोविड वैक्सीन, सरकार घटायेगी कोटा।

लोग प्राइवेट अस्पतालों में नहीं लगवा रहें कोविड वैक्सीन, सरकार घटायेगी कोटा।

एस. के. राणा August 05 2021 33853

लोग प्राइवेट अस्पतालों में कोविड वैक्सीन नहीं लगवा रहें जिसके चलते केन्द्र सरकार उनका कोटा कम करने ज

केंद्र सरकार ने दो फार्मा कंपनियों को बंद करने, तीन अन्य का विनिवेश करने का फैसला लिया।

केंद्र सरकार ने दो फार्मा कंपनियों को बंद करने, तीन अन्य का विनिवेश करने का फैसला लिया।

हे.जा.स. February 11 2021 26659

सरकार ने IDPL और RDPL के सभी कर्मचारियों को स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लाभ देने की पेशकश की है।

बर्ड फ्लू को लेकर स्वास्थ्य व पशुपालन विभाग अलर्ट

बर्ड फ्लू को लेकर स्वास्थ्य व पशुपालन विभाग अलर्ट

विशेष संवाददाता January 06 2023 31152

पशुपालन विभाग जिला सोलन के उपनिदेशक बीबी गुप्ता ने बताया कि जिले में अलर्ट कर दिया है।

रिकवरी के बाद भी मंकीपॉक्स से पीड़ित मरीज परेशान

रिकवरी के बाद भी मंकीपॉक्स से पीड़ित मरीज परेशान

विशेष संवाददाता September 22 2022 32397

कोरोना के कहर के बाद मंकीपॉक्स ने देश की चिंता को बढ़ा दी है। वहीं मंकीपॉक्स से संक्रमित ठीक हुए मरी

सेकंड हैंड स्मोकिंग कैंसर का 10वां सबसे बड़ा कारण: द लैंसेट

सेकंड हैंड स्मोकिंग कैंसर का 10वां सबसे बड़ा कारण: द लैंसेट

हे.जा.स. August 21 2022 27734

धूम्रपान करने वाले लोगों में कैंसर का जितना खतरा है, उतना ही ऐसे लोगों के करीब रहने वालों में भी खतर

जानिए खर्राटों का कारण और बचाव के तरीके।

जानिए खर्राटों का कारण और बचाव के तरीके।

लेख विभाग November 04 2021 26351

तेज खर्राटे कभी-कभी किसी गंभीर समस्या का भी संकेत देते हैं। आइए जानते हैं कि खर्राटे क्यों आते हैं औ

आखिर क्यों सिकुड़ जाती हैं पानी में रहने से उंगलियां?

आखिर क्यों सिकुड़ जाती हैं पानी में रहने से उंगलियां?

लेख विभाग June 09 2023 74048

हम सभी जानते हैं कि देर तक पानी में रहने या नहाने के बाद हाथ और पैर की त्वचा सिकुड़ जाती है लेकिन शा

Login Panel