











































प्रतीकात्मक फोटो
नयी दिल्ली। केंद्र सरकार ने मंगलवार को राज्यसभा में स्पष्ट किया कि कोविड-19 का टीका लेने पर किसी प्रकार के दुष्प्रभाव या चिकित्सीय जटिलता होने की स्थिति में बीमा का कोई प्रावधान नहीं है। स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे ने एक सवाल के लिखित जवाब में राज्यसभा को यह जानकारी दी। उन्होंने कोविड -19 टीकाकरण को पूरी तरह से स्वैच्छिक बताया। कोरोना वायरस के खिलाफ टीकाकरण के बाद प्रतिकूल प्रभाव के संबंध में उन्होंने कहा कि चार फरवरी तक कुल 81 ऐसे मामले सामने आए जो टीका लेने वाले कुल लोगों की संख्या का 0.096 प्रतिशत है।
उन्होंने कहा कि हर टीकाकरण स्थल पर, टीका लगने के बाद किसी तरह की एलर्जी या अन्य दुष्प्रभाव होने की स्थिति में तत्काल मदद या उपचार के लिए ‘एनाफिलेक्सिस’ किट उपलब्ध कराने के साथ ही कई अन्य कदम भी उठाए गए हैं। मंत्री ने कहा कि टीकाकरण के बाद प्रतिकूल प्रभाव (एईएफआई) की स्थिति में टीका लेने वाले व्यक्ति को तत्काल प्रबंधन केंद्र रेफर करना और टीकाकरण स्थल पर 30 मिनट के लिए अवलोकन जैसे उपाय किए गए हैं। तरह के मामलों में एईएफआई (टीकाकरण के बाद प्रतिकूल प्रभाव) प्रबंधन की ओर से सार्वजनिक स्वास्थ्य इकाइयों में नि: शुल्क उपचार प्रदान किया जाता है।







हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 1071
हुज़ैफ़ा अबरार August 06 2026 0 364
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 287
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 273
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 259
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 224
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 224
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1274
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 1071
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 420
हुज़ैफ़ा अबरार August 06 2026 0 364
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 287
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 287
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5040
एस. के. राणा January 20 2026 0 4977
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4865
एस. के. राणा January 13 2026 0 4655
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4557
एस. के. राणा February 01 2026 0 4340
एस. के. राणा February 04 2026 0 4004
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87057
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34973
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38118
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35623
लेख विभाग March 19 2022 0 35252
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72798
बीआरडी मेडिकल कॉलेज की स्थापना के 50 वर्ष पूरे होने पर शनिवार को स्वर्ण जयंती समारोह का आयोजन किया
डब्ल्यूएचओ द्वारा प्राथमिकता वाले रोगजनकों की इस लिस्ट में कोविड-19, इबोला वायरस, मारबर्ग वायरस, लस्
कोरोना से रिकवर होने वाले लोगों की संख्या करीब तीन गुना है। एक दिन में 91,930 लोग कोरोना संक्रमण से
गुर्दे की बीमारियाँ ज्यादातर मधुमेह, उच्च रक्तचाप और धमनियों के सख्त होने के कारण होती है। हालाँकि इ
यकीन मानिए पिम्पल्स का उपाय केवल एक ही है, और वो है घरेलू इलाज। बाहर आप इसके ट्रीटमेंट के लिए जाएंगे
पीठ ने कहा, ‘‘जब भारत सरकार और एमसीसी ने काउंसिलिंग का कोई भी विशेष चरण न कराने का फैसला जब सोच समझक
Study found positive associations between risk of CVD and intake of five individual and two groups o
लंबे समय तक तनाव न केवल मानसिक स्वास्थ्य बल्कि शारीरिक स्वास्थ्य को भी प्रभावित कर सकता है। तनावों क
अमेरिका और ब्रिटेन में इस नए वैरिएंट XBB.1.5 ने तबाही मचा रखा है। अब ये भारत भी पहुंच गया है। गुजरात
एबीडीएम के साथ ई-संजीवनी का एकीकरण एक ऐसा उदाहरण है जहां यूपी के दो करोड़ आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट

COMMENTS