













































प्रतीकात्मक चित्र
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में नर्सिंग शैक्षणिक संस्थानों में इजाफा करने के क्रम में पहले चरण में नवंबर से 11 सरकारी मेडिकल कॉलेजों में बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई शुरू हो जायेगी। साथ ही शेष अन्य सरकारी मेडिकल कॉलेजों में अगले सत्र से नर्सिंग की पढ़ाई होगी।
राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि मुख्यमंत्री (Chief Minister) योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) के पिछले कार्यकाल में मेडिकल कॉलेजों के विस्तारीकरण के बाद अब नर्सिंग और पैरा मेडिकल कर्मियों की कमी को पूरा करने की योजना परवान चढ़ रही है। इससे स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा और युवाओं को रोजगार भी मिलेगा तथा देश में नर्सिंग हब के रूप में उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) को नई पहचान मिलेगी।
पहले चरण में प्रदेश के 11 जिलों जालौन, अंबेडकरनगर, सहारनपुर, बदायूं, बांदा, आजमगढ़, अयोध्या, बस्ती, बहराइच, फिरोजाबाद और शाहजहांपुर मेडिकल कॉलेज में नवंबर से पढ़ाई शुरू होगी। इसके लिए मेडिकल कॉलेजों में पीपीपी मोड पर बिल्डिंग बनेगी। जब तक बिल्डिंग बनेगी, तब तक सरकारी मेडिकल कॉलेजों के भवनों में ही नर्सिंग की पढ़ाई होगी। अटल बिहारी विश्वविद्यालय लखनऊ (Atal Bihari University Lucknow) और निदेशालय की ओर से छात्रों के प्रवेश के लिए काउंसिलिंग चल रही है। प्रमुख सचिव (Principal Secretary) ने बताया कि 19 करोड़ रुपये की लागत से 24 मेडिकल कॉलेजों में स्किल लैब की स्थापना हो रही है।
चिकित्सा शिक्षा (Medical Education) के प्रमुख सचिव आलोक कुमार (Alok Kumar) ने बताया कि छात्रों को पढ़ाने के लिए प्रोफेसर सहित अन्य पदों पर भर्ती प्रक्रिया पूरी होने वाली है। प्रधानाचार्य सह प्रोफेसर, वाइस प्रिंसिपल सह प्रोफेसर, सह आचार्य, सहायक आचार्य और ट्यूटर के पदों पर भर्ती के लिए महानिदेशालय ने विज्ञापन जारी किया है।
इसमें करीब एक हजार आवेदन आए हैं। इन पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया साक्षात्कार और लिखित परीक्षा के माध्यम से चल रही है। इसके अलावा राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (National Health Mission) के माध्यम से 24 मेडिकल कॉलेजों (24 medical colleges ) में स्किल लैब की स्थापना के लिए 18.96 करोड़ रुपए की धनराशि से आवश्यक उपकरण, पुस्तक, कम्प्यूटर आदि की खरीद की जा रही है।
उन्होंने बताया कि सरकार ने वर्ष 2021-22 में राजकीय मेडिकल कालेजों में सात नए बीएससी नर्सिंग कॉलेज खोले हैं। इससे पहले आजादी से लेकर अब तक प्रदेश में राजकीय क्षेत्र में मात्र 05 बीएससी नर्सिंग कालेज थे। इस वर्ष सात नए कालेज खुलने के कारण इनकी संख्या 12 हो गयी है। अगले महीने 11 नर्सिंग कालेजों में शिक्षण कार्य शुरू होने से अब इनकी संख्या 23 हो जाएगी।
प्रमुख सचिव ने बताया कि योगी सरकार राजकीय जीएनएम (GNM) स्कूलों को सुदृढ़ करने, उनकी अवस्थापना सुधारने, फैकल्टी की नियुक्ति करने और अच्छी गुणवत्तायुक्त नर्सिंग शिक्षा देने के लिए कार्य कर रही है। वर्तमान में नौ जीएनएम स्कूल क्रियान्वित हैं। इसीलिए 30 वर्षों से बंद 35 एएनएम (ANM) ट्रेनिंग सेंटर को हाल ही में पुन: क्रियाशील किया गया है। सरकार का प्रयास है कि हर जिला चिकित्सालय (district hospital), महिला चिकित्सालय में जीएनएम नर्सिंग विद्यालय की स्थापना हो, ताकि चिकित्सा व्यवस्था के लिए आवश्यक जनशक्ति तैयार हो सके।







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