











































आयुर्वेदिक दवाओं के निर्माण, अनुसंधान व औषधीय खेती को बढ़ावा देने के लिए एमओयू का आदान-प्रदान करते वैद्यनाथ आयुर्वेद के एमडी व सांसद अनुराग शर्मा तथा महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति मेजर जनरल डॉ. अतुल वाजपेयी।
गोरखपुर। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, आरोग्यधाम की अगुवाई में गोरखपुर आने वाले दिनों में आयुर्वेदिक दवाओं के निर्माण का बड़ा केंद्र बनने जा रहा है। इसके लिए देश की सुपरिचित आयुर्वेद दवा निर्माता कंपनी वैद्यनाथ आयुर्वेद ने महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय से करार किया है।
इस संबंध में बुधवार को दोनों संस्थानों के बीच एमओयू (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) हस्ताक्षरित हुआ। एमओयू के तहत दोनों संस्थान आयुर्वेद के क्षेत्र में अनुसंधान और औषधीय खेती को बढ़ावा देने की दिशा में भी मिलकर काम करेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलाधिपति हैं और इस एमओयू को उनके ही मार्गदर्शन में तैयार किया गया है।
विश्वविद्यालय की संस्था गुरु श्री गोरक्षनाथ इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (आयुर्वेद कॉलेज) में इसी सत्र से बीएएमएस प्रथम बैच की मानकीकृत पढ़ाई भी प्रारंभ हुई है।
बुधवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय परिसर स्थित गुरु श्री गोरक्षनाथ इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (आयुर्वेद कॉलेज) में आयोजित समारोह के दौरान वैद्यनाथ आयुर्वेद के प्रबंध निदेशक एवं झांसी-ललितपुर के सांसद अनुराग शर्मा तथा महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति मेजर जनरल डॉ. अतुल वाजपेयी ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
इस अवसर पर अनुराग शर्मा ने कहा कि आयुर्वेद समेत समस्त भारतीय चिकित्सा पद्धति के उन्नयन के लिए कार्य कर रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संरक्षण वाले विश्वविद्यालय के साथ एमओयू करना वैद्यनाथ आयुर्वेद के लिए ऐतिहासिक क्षण है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का मानना है कि आयुर्वेद के छात्रों के लिए औद्योगिक दृष्टिकोण भी जरूरी है। एमओयू से उन्हें दवा निर्माण, अनुसंधान व औषधीय खेती के संबंध में व्यावहारिक ज्ञान तो मिलेगा ही, वे अपने भविष्य को और संवारने के लिए आयुर्वेद के औद्योगिक दृष्टिकोण को भी जानेंगे।
महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति मेजर जनरल डॉ. अतुल वाजपेयी ने कहा कि मुख्यमंत्री एवं इस विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय को मानवता की सेवा के लिए विश्व स्तरीय संस्थान बनाना चाहते हैं।
वैद्यनाथ आयुर्वेद के साथ हस्ताक्षरित हुआ एमओयू उसी दिशा में बढ़ाया गया महत्वपूर्ण कदम है। इस अवसर पर उपस्थित भारत सरकार के पूर्व औषधि महानियंत्रक एवं उत्तर प्रदेश सरकार के सलाहकार डॉ. जीएन सिंह, महायोगी गोरक्षनाथ आयुष विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एके सिंह, बीएचयू में रस शास्त्र के आचार्य डॉ. के. रामचन्द्र रेड्डी ने वैद्यनाथ आयुर्वेद व महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के बीच आयुर्वेद के क्षेत्र में हुए एमओयू को ऐतिहासिक बताया।
एमओयू के आदान-प्रदान के दौरान महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव, गुरु श्री गोरक्षनाथ इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (आयुर्वेद कॉलेज) के प्राचार्य डॉ. पी. सुरेश, एमपी इंटर कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य रामजन्म सिंह समेत आयुर्वेद कॉलेज के शिक्षक व विद्यार्थी उपस्थित रहे।







हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 238
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 175
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 168
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 161
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 133
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 28
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1211
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 385
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 252
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 238
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 203
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 175
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5005
एस. के. राणा January 20 2026 0 4949
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4851
एस. के. राणा January 13 2026 0 4627
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4529
एस. के. राणा February 01 2026 0 4305
एस. के. राणा February 04 2026 0 3983
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87043
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34938
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38104
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35609
लेख विभाग March 19 2022 0 35224
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72777
केजीएमयू में अब बीमारी के नाम पर तीन दिन से अधिक की छुट्टी नहीं मिल सकेगी। इलाज के लिए तीन दिन से अध
‘‘हम पूरे चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में व्यापक बदलाव ला रहे हैं।’’ एनएमसी के गठन से इस
मॉनसून लगातार करवट ले रहा है। इस मौसम में कई सारी बीमारियों और संक्रमणों का खतरा भी बढ़ता जा रहा है।
बलरामपुर अस्पताल वेंटिलेटर के लिए एक और मरीज फैसल उर्फ गूड्डू ने दम दिया। वहीं परिवारीजनों ने इलाज म
कोरोना या सामान्य वायरस न्यूरोपैथी क्रिएट करता है। इसके संक्रमण से कान की नसों को नुकसान होता है। 60
आंखों दिल की ज़ुबान होती हैं। कुछ नहीं कहते हुए भी बहुत कुछ बयाँ कर जाती हैं। दुनिया की खूबसूरती दिख
हेली इमरजेंसी मेडिकल सर्विस टीम ने एम्स की व्यवस्थाओं के परखने के बाद हेली एंबुलेंस के संचालन के हरी
आरोग्य मेले के मौके पर 78 स्वास्थ्य केंद्रों पर मेले का आयोजन किया गया। मेले में 4,648 मरीजों के स
दिल्ली में पिछले एक हफ्ते में डेंगू के 412 मामले सामने आए। सितंबर के महीने में कुल 693 मामले सामने आ
कोरोना संक्रमण की रोकथाम और उसके उपचार के लिए जिला अस्पताल में आज पूरा अभ्यास (मॉकड्रिल) किया गया। इ

COMMENTS