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लखनऊ। किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के रेस्पाइरेटरी मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर सूर्यकान्त को आईएमए हेडक्वाटर दिल्ली द्वारा आईएमए- एएमएस के मानद प्रोफेसर सम्मान से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा सहजानन्द प्रसाद सिंह ने प्रदान किया।
ज्ञात रहे कि डा सूर्यकान्त (Dr. Suryakant) केजीएमयू (KGMU) के रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग (Department of Respiratory Medicine) में 17 वर्ष से प्रोफेसर के पद पर कार्यरत है एवं 11 वर्ष से विभागाध्यक्ष के पद सक्रिय भूमिका निभा रहे है। इसके अलावा वे चिकित्सा विज्ञान सम्बंधित विषयों पर 19 किताबें भी लिख चुके है तथा एलर्जी, अस्थ्मा, टी.बी. (allergy, asthma,TB) एवं कैंसर के क्षेत्र में उनके अब तक कुल 400 से अधिक शोध पत्र राष्ट्रीय एवं अर्न्तराष्ट्रीय जनरलस में प्रकाशित हो चुके हैं साथ ही 2 अंतर्राष्ट्रीय पेटेन्ट भी उनके नाम हैं।
लगभग 200 एमडी/पीएचडी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन, 50 से अधिक परियोजनाओं का निर्देशन, 19 फैलोशिप्स, 12 ओरेशन एवार्ड का भी श्रेय उनके नाम ही जाता है। ज्ञात रहे उन्हें अब तक अन्तरराष्ट्रीय, राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर की विभिन्न संस्थाओं द्वारा लगभग 163 पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। उन्हें उप्र सरकार द्वारा विज्ञान गौरव अवार्ड (Vigyan Gaurav Award) (विज्ञान के क्षेत्र में उप्र का सर्वोच्च पुरस्कार) और केन्द्रीय हिन्दी संस्थान, आगरा एवं उप्र हिन्दी संस्थान से भी सम्मानित किया जा चुका है।
डा सूर्यकान्त आईएमए लखनऊ के अध्यक्ष (President of IMA Lucknow) एवं उप्र आईएमए एकेडमी ऑफ मेडिकल स्पेेशलिटीज के चेयरमैन रह चुके है एवं वर्तमान में आईएमए -एएमएस के राष्ट्रीय वायस चेेयरमेन हैं तथा आईएमए उप्र के प्रदेश उपाध्यक्ष है। ज्ञात रहे कि डा सूर्यकान्त कोविड टीकाकरण के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के ब्रांड एंबेसडर (National Health Mission for covid vaccination) भी हैं। इसके साथ ही चेस्ट रोगों के विशेषज्ञों की राष्ट्रीय संस्थाओं इण्डियन चेस्ट सोसाइटी, इण्डियन कॉलेज ऑफ एलर्जी, अस्थमा एण्ड एप्लाइड इम्यूनोलॉजी (Indian Chest Society, Indian College of Allergy, Asthma and Applied Immunology) एवं नेशनल कालेज ऑफ चेस्ट फिजिशियन (एनसीसीपी) के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुके हैं तथा इण्डियन साइंस कांग्रेस एसोसिएशन के मेडिकल साइंस प्रभाग के भी राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुके है।







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