












































बिजनौर के विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल
बिजनौर। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा से आज जनपद बिजनौर भ्रमण के दौरान विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम में जिले के 51 आंगनबाड़ी केंद्रों को महात्मा ज्योतिबा फुले रूहेलखण्ड विश्वविद्यालय के कुलपति तथा विश्वविद्यालय से सम्बद्ध शिक्षण संस्थाओं, एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल विश्वविद्यालय के कुलपति तथा स्थानीय विवेक कॉलेज तथा कृष्णा कॉलेज के सहयोग से गोद लिया गया। इस अवसर पर आंगनवाड़ी केंद्रों को सुविधा सम्पन्न बनाने के लिये पठन पाठन तथा खेलकूद सामग्री भी वितरित की गई। गोद लेने वाली संस्थाओं को राज्यपाल जी ने प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अपने सम्बोधन में कहा कि समाज के कमजोर पीड़ित एवं निर्धन लोगों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए जन सहभागिता के साथ कार्य करने की जरूरत है ताकि वह लोग भी समाज के विकास की मुख्यधारा से जुड़ सकें। इसलिए अपने दायित्व को पूर्ण निष्पक्षता और निष्ठा के साथ निर्वहन करें ताकि देश की मातृशक्ति एवं बच्चों के रूप में भारत का भविष्य स्वस्थ एवं उज्जवल हो सके।

उन्होंने जिले को क्षय रोग मुक्त बनाने के लिए सभी ग्राम प्रधानों का आह्वान किया और कहा कि ग्राम प्रधान ग्रामों को टीबी व कुपोषण मुक्त करने का संकल्प लें। उन्होंने निर्देश दिए कि बालिकाओं एवं महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर से बचाने के लिए उनका टीकाकरण निश्चित रूप से कराएं ताकि भविष्य में मां बनने वाली मातृशक्ति भी इस घातक बीमारी से पूर्ण रूप से सुरक्षित रह सकें।
इस अवसर पर राज्यपाल ने मालन नदी के जीर्णाेद्धार करने तथा उसके मूल स्वरूप में स्थापित करने के लिये जिला अधिकारी उमेश मिश्रा की प्रशंसा की।
एक अन्य कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने बिजनौर में जिला संयुक्त चिकित्सालय स्थित महिला एवं बाल विकास मंत्रालय भारत सरकार द्वारा संचालित सखी वन स्टॉप सेंटर का लोकार्पण किया, जिसका निर्माण ग्रामीण अभियंत्रण विभाग द्वारा रुपए 24,34,686 की लागत से किया। राज्यपाल ने वन स्टाप सेंटर के तहत सभी प्रकार की हिंसा से पीड़ित महिलाओं व बालिकाओं को अधिकतम पांच दिन तक अस्थायी आश्रय, पुलिस-डेस्क, विधि सहायता, चिकित्सा एवं काउंसिलिंग की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष साकेन्द्र प्रताप सिंह, जनप्रतिनिधि, जिलाधिकारी उमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक डॉ धर्मवीर सिंह, आंगनबाड़ी कार्यकत्री, ग्राम प्रधान एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।







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