











































सांकेतिक चित्र
सिरदर्द की समस्या बहुत आम है। ये किसी भी वक्त आपको परेशान कर सकती है। इसके पीछे कई अलग-अलग कारण हो सकते हैं। इनमें आंखों की कमजोर रोशनी, पानी की कमी, लंबे समय तक स्क्रीन पर आंखें गड़ाकर बैठना शामिल है। कुछ सिरदर्द माइग्रेन के कारण भी होते हैं। इस बीमारी के पीड़ित मरीजों को चक्कर आने से बेचैनी, रोशनी और आवाज से सेंसिटिविटी हो सकती है। ऐसे में ज्यादातर दवाइयों का सहारा लेना पड़ता है। लेकिन, ज्यादा दवाइयां लेने से इसका सीधा असर सेहत पर पड़ता है। ऐसे में इसे नेचुरल तरीके से ठीक करने के लिए आप आयुर्वेदिक उपायों की मदद ले सकते हैं।
जानिए सिरदर्द को कैसे करें दूर?
सूखा आंवला - Dry gooseberry
सिरदर्द (Headache) की परेशानी को दूर करने के लिए सूखा आंवला और सरसों तेल का मिश्रण भी हेल्दी हो सकता है। इसके लिए 1 जार लें. इसमें सरसों का तेल और कुछ सूखा आंवला डालकर करीब 10 दिनों के लिए छोड़ दें। इसके बाद इस तेल को सिर पर लगाएं। इससे सिरदर्द की परेशानी दूर होगी।
चंदन - Sandalwood
सिरदर्द दूर करने के लिए लंबे समय से चंदन का इस्तेमाल किया जाता रहा है। इसे घिसकर माथे पर लगाएं। इसके लिए आधे चम्मच चंदन के पाउडर में थोड़ा पानी मिलाकर पेस्ट बना लें। फिर माथे पर इसका लेप लगाकर इसे 20 मिनट तक छोड़ दें। ऐसा करने से आपको आराम मिल सकता है।
दालचीनी का लेप - Cinnamon paste
ठंड में सिरदर्द की परेशानी को दूर करने के लिए दालचीनी (Cinnamon) का लेप लगाएं। इससे सिरदर्द को कम किया जा सकता है। इसके लिए दालचीनी को पीसकर इसे माथे पर लगाकर कुछ समय के लिए छोड़ दें। इससे सिरदर्द कम हो सकता है।
बादाम की गिरी - Almond kernel
सिरदर्द को कम करने के लिए बादाम की गिरी आपके लिए हेल्दी (healthy) हो सकती है। इसके लिए रात में बादाम को भिगोकर छोड़ दें। अब इसे सुबह पीसकर इसमें थोड़ा सा गर्म घी मिक्स करके खाएं। इससे सिरदर्द की परेशानी दूर की जा सकती है।
लहसुन की कलियां - Garlic cloves
सर्दियों में अगर आपको सिरदर्द की परेशानी हो रही है तो लहसुन की कलियों का सेवन करें। रोजाना लहसुन की कलियों को चबाने से सिरदर्द की परेशानी दूर की जा सकती है।
धनिया और मिश्री का काढ़ा - Coriander and sugar candy decoction
सिरदर्द से राहत पाने के लिए धनिया (Coriander) और मिश्री से तैयार काढ़ा (decoction) आपके लिए हेल्दी हो सकता है। इस काढ़ा को तैयार करने के लिए 1 कप पानी लें। इसे अच्छे से उबाल लें। इसके बाद इसमें 1 चम्मच धनिया के बीज और 1 चम्मच मिश्री मिक्स कर लें। अब इस पानी को चाय की तरह पिएं। इससे काफी लाभ मिलेगा।
नोट- यह जानकारी आयुर्वेदिक नुस्खों के आधार पर लिखी गई है। हेल्थ जागरण न्यूज इनके सफल होने या इसकी सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। इनके इस्तेमाल से पहले चिकित्सक का परामर्श जरूर लें।







हुज़ैफ़ा अबरार August 25 2026 0 168
हुज़ैफ़ा अबरार August 25 2026 0 112
हुज़ैफ़ा अबरार August 24 2026 0 91
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 8141
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 1974
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1715
हुज़ैफ़ा अबरार August 08 2026 0 1596
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 8141
एस. के. राणा January 20 2026 0 5306
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5180
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 5082
एस. के. राणा February 01 2026 0 4921
एस. के. राणा January 13 2026 0 4788
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4753
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87204
सौंदर्या राय April 08 2022 0 35169
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38279
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35777
लेख विभाग March 19 2022 0 35406
सौंदर्या राय March 16 2022 0 73015
मनोरंजन के लिए लिया गया हेडफोन और इयरफोन आज भी युवाओं की पसंद हैं। खाली वक्त में युवा कान पर ईयरफोन
आहार-विहार में गड़बड़ी के कारण लोगों को एसिडिटी और पाचन से संबंधित दिक्कतें हो सकती हैं। कुछ लोगों क
वैश्विक महामारियों के लिए शुरुआती चेतावनी प्रणाली के सृजन में चुनौतियाँ व अवसर’ विषय पर विशेषज्ञों न
वर्क फ्रॉम होम और ऑनलाइन क्लासेज जैसी आदतों के ऐसे दुष्प्रभाव देखे जा रहे हैं जिसके कारण लोगों में क
प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना में बालिका शिशु को प्रोत्साहन देने के लिए अब दूसरे बच्चे के जन्म पर भी
याचिका में कहा गया है कि सरकारी स्कूलों में छात्राओं के लिए सैनिटरी नैपकिन की सुविधा की बहाली उनकी व
शहर के सभी सरकारी अस्पतालों में अभी आभा एप के जरिये मरीजों को ओपीडी पर्चे बन रहे हैं। वहीं अब आभा एप
फाइबर रिच अलसी में हेल्दी फैट पाए जाते हैं, जो शुगर को नियंत्रित करने में मदद करते हैं। अलसी में एंट
रविवार की आधी रात में आरजू ने अपने कमरे में पंखे से लटककर फांसी लगा ली।छात्रा की मौत से इलाके में सन
योगी आदित्यनाथ सोमवार को दोपहर निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार वहां पहुंचने के बाद स्वशासी राजकीय महाव

COMMENTS