












































प्रतीकात्मक चित्र
आंखों की रोशनी कम होने पर चश्मा लगाना बेहद जरूरी हो जाता है। यदि डॉक्टर द्वारा बताए गए लेंसेज के चश्मे को ना पहनें, तो आंखें और खराब होती चली जाएंगी, फिर आपको बिना चश्मा के कुछ भी नजर नहीं आएगा। अक्सर लोगों की आंखें लगातार लैपटॉप, मोबाइल, टीवी पर देर तक नजरें गड़ाए रखने, खानपान में पौष्टिक तत्वों की कमी, आंखों की एक्सरसाइज, देखभाल ना करना, आंखों को आराम ना देना जैसी आदतों से कमजोर होने लगती हैं।
वहीं अब तो बच्चों को भी छोटी सी उम्र में चश्मा चढ़ जाता है। कई बार लगातार चश्मा पहनने से आंखों के पास काला निशान (black mark ) पड़ जाता है, जो देखने में भद्दा लगता है। इस निशान को आप कुछ घरेलू इलाज (home remedies) से कम कर सकते हैं।
चश्मे के निशान हटाने के घरेलू उपाय - Home remedies to remove traces of glasses
बादाम का तेल - Badam oil
बादाम के तेल में मौजूद कई पौष्टिक तत्व त्वचा को पोषण देने के साथ उसे मॉश्चराइज (moisturize) भी रखते हैं। नाक से चश्मे का निशान हटाने के लिए आप रोजाना बादाम के तेल को सोने से पहले नाक पर मलें। बादाम के तेल से चेहरे के धब्बे भी कम होते हैं और चेहरा बेदाग (face spotless) बनता है।
संतरे का छिलका - Orange peel
संतरे का छिलका आपके चेहरे के दाग-धब्बे और निशान आसानी से दूर करने में आपकी मदद कर सकता है। इसके लिए संतरों के छिलकों को धूप में सुखाने के बाद पीस लें। अब एक चम्मच संतरे के सूखे छिलके का पाउडर लेकर उसमें आधा चम्मच दूध मिलाकर पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को नाक पर निशान वाली जगह पर लगाएं। ऐसा तीन-चार दिन लगातार करने से नाक के निशान हट जाते हैं।
खीरा - Cucumber
खीरे से भी चेहरे के दाग-धब्बों (stains) को आसानी से मिटाया जा सकता है। इसके लिए बस एक खीरे के छोटे-छोटे गोल स्लाइस काटिए और इसे निशान वाली जगह पर 10 से 15 मिनट तक रगड़िए। थोड़ी देर बाद ठंडे पानी से मुंह धो लें।
नींबू - Lemon
नींबू का रस प्राकृतिक क्लींजर माना जाता है। ये चेहरे के डार्क स्पॉट्स (dark spots ) को मिटाकर नए स्किन सेल्स (skin cells ) बनने में मदद करता है। ऐसे में अगर आपको अपनी नाक से चश्मे का निशान मिटाना है तो एक चम्मच नींबू के रस में आधा चम्मच पानी मिलाकर थोड़ा डायल्यूट करने के बाद रूई की मदद से इस रस को चेहरे पर निशान वाली जगह पर 15 से 20 मिनट तक लगा रहने दें। इसके बाद चेहरे को ठंडे पानी से धो लें। इसे लगाने से निशान धीरे-धीरे खत्म हो जाते हैं।
गुलाब जल - Rose water
इसके अलावा आप गुलाब जल, शहद, टमाटर का रस, बादाम का तेल, संतरे के छिलके से तैयार पाउडर, एप्पल साइडर वेनेगर आदि भी चश्मे के निशान को दूर कर सकते हैं।
क्यों पड़ता है चश्मे का निशान
दरअसल, चश्मे पर लगा नोज स्टैंड आपके नाक पर ही टिका रहता है। नोज स्टैंड से लगातार त्वचा पर दबाव पड़ता है, जिससे ब्लड सर्कुलेशन (blood circulation ) भी रुकता है. इससे वहां की स्किन मृत (Dead skin) हो जाती है। जब आप लगातार चश्मा पहने रहते हैं, तो नाक के उस भाग में दोनों तरफ काला निशान पड़ने लगता है। यह देखने में भद्दा लगता है और उपचार ना करें, तो जल्दी निशान जाता भी नहीं हैं।







हुज़ैफ़ा अबरार October 22 2026 0 1302
विशेष संवाददाता October 21 2026 0 1197
हुज़ैफ़ा अबरार October 18 2026 0 1190
हुज़ैफ़ा अबरार October 22 2026 0 784
हुज़ैफ़ा अबरार October 22 2026 0 700
हुज़ैफ़ा अबरार October 09 2026 0 6671
हुज़ैफ़ा अबरार October 08 2026 0 1554
हुज़ैफ़ा अबरार October 13 2026 0 1547
हुज़ैफ़ा अबरार October 14 2026 0 1456
हुज़ैफ़ा अबरार October 06 2026 0 1407
हुज़ैफ़ा अबरार October 22 2026 0 1302
हुज़ैफ़ा अबरार October 09 2026 0 1281
विशेष संवाददाता October 21 2026 0 1197
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 10297
हुज़ैफ़ा अबरार October 09 2026 0 6671
एस. के. राणा February 01 2026 0 6559
एस. के. राणा January 20 2026 0 6321
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 5915
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5782
एस. के. राणा January 13 2026 0 5334
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87666
सौंदर्या राय April 08 2022 0 35932
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38839
सौंदर्या राय April 05 2022 0 36337
लेख विभाग March 19 2022 0 35917
सौंदर्या राय March 16 2022 0 73904
आप भी ड्राई स्कैल्प और डैंड्रफ से परेशान हैं तो हम आपको कुछ उपाय बता रहे हैं जिसका इस्तेमाल कर हेयर
ओमिक्रॉन के सबसे ज्यादा मामलों में भी महाराष्ट्र और दिल्ली सबसे आगे हैं। दोनों ही जगह ओमिक्रॉन वैरिए
होटल समूह ताज ने गुरूवार को 24 टीबी मरीजों को गोद लेकर पोषक सामग्री प्रदान करने के साथ ही भावनात्मक
डेंगू बुखार मादा एडीज मच्छर के काटने से होता है। ये रुके हुए साफ पानी में पैदा होता है तथा दिन में
मनसुख मांडविया ने स्वास्थ्य मंत्रालय और भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारियो
हर्षवर्धन ने कहा कि एडवांस डिप्लोमा इन हॉस्पिटल लिनन एंड लांड्री सर्विस मैनेजमेंट, एडवांस डिप्लोमा
माइग्रेन एक प्रकार का ऐसा सिरदर्द है जो काफी कष्टदायक होता है। इससे सिर के एक हिस्से में तेज दर्द उठ
इन्साकॉग के मुताबिक, भारत में कोविड के ओमिक्रॉन का 'XBB' सब-वेरिएंट सबसे ज्यादा सक्रिय है।
प्रमुख सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने धूम्रपान नियंत्रण के लिए भारत सरकार द्वारा किए जा रहे प्रया
समुदाय उपार्जित निमोनिया के मुख्य कारक बैक्टीरिया है, जिसमें से स्ट्रेप्टोकॉकस निमोनिया लगभग 50% माम

COMMENTS