देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

स्वास्थ्य

गंजेपन का कारण और इलाज

गंजापन एक ऐसी स्थिति है, जिसमें आपके सिर पर से बहुत ज्यादा बाल गिरते हैं, और आपका स्कैल्प स्पष्ट रूप से दिखने लगता है। जब स्कैल्प पर से सारे बाल झड़ जाते हैं, तो इसे 100 फीसद गंजापन कहते हैं।

लेख विभाग
January 31 2022 Updated: February 01 2022 03:05
0 50678
गंजेपन का कारण और इलाज प्रतीकात्मक

गंजापन क्या है? - (What Is Baldness?)
गंजापन एक ऐसी स्थिति है, जिसमें आपके सिर पर से बहुत ज्यादा बाल गिरते हैं, और आपका स्कैल्प स्पष्ट रूप से दिखने लगता है। जब स्कैल्प पर से सारे बाल झड़ जाते हैं, तो इसे 100 फीसद गंजापन कहते हैं। देखा जाए तो हर व्यक्ति के सिर पर से रोजाना 50 से 100 बाल गिरते हैं, जो आम बात है। लेकिन जब आप इससे ज्यादा बाल रोजाना खोते हैं और गिरने की तुलना में नए बाल कम उगते हैं, तो यह जरूर चिंता का विषय है। इसे ही गंजापन कहा जाता है। जब पैटर्न में बाल गिरें, चाहे वह स्त्री हो या पुरुष, उसे भी गंजापन कहा जाता है।

गंजेपन का इलाज - (Symptoms Of Baldness)
अमूमन गंजापन सिर के सामने और किनारे से शुरू होता है। हेयर लाइन धीरे- धीरे पीछे की ओर जाने लगती है। पुरुषों में अंग्रेजी अल्फाबेट का एम बनने लगता है और महिलाएं जहां मांग निकालती हैं, वहां से बाल सबसे पहले कम होने लगते हैं। धीरे- धीरे यह बढ़ता है और बाल बारीक, छोटे और पतले होने लगते हैं। कई दफा सर्कुलर या पैची स्पॉट्स भी दिखने लगते हैं।

गंजापन के लक्षण - (Causes Of Baldness)
गंजापन के कई कारण हैं, लेकिन इनमें से कुछ मुख्य कारण निम्न हैं –

1. एण्ड्रोजेनिक एलोपिसिया (androgenic alopecia)
एण्ड्रोजेनिक एलोपिसिया गंजेपन का एक पैटर्न है। फ्रेंकलिन स्थित अमेरिकन हेयर लॉस काउन्सिल के अनुसार, एण्ड्रोजेनिक एलोपिसिया 95% गंजेपन का कारण है। यह स्त्री और पुरुष दोनों में पाया जाता है। यह एक बायोलॉजिकल स्थिति है, जिसे उम्र बढ़ने की प्रक्रिया से जोड़ा गया है।

ये टेस्टोस्टेरोन को डाइहाइड्रोटेस्टोस्टेरोन (डीएचटी) में तब्दील कर देते हैं। डीएचटी के बढ़े हुए स्तर से बालों के रोम कूप अधिक संवेदनशील हो जाते हैं। वे कम होने लगते हैं, और यही गंजेपन का कारण बनता है। धूम्रपान करने, सप्लीमेंट या स्टेरॉयड लेने, वेट ट्रेनिंग एक्सरसाइज करने, तनाव में रहने या टेस्टोस्टेरोन हार्मोन रीप्लेसमेंट थेरेपी करवाने से डीएचटी के बढ़ने की आशंका बढ़ जाती है।

2. एलोपिसिया एरीटा (alopecia areata)
यह एक ऑटो इम्यून डिजीज [3] है, जिसमें हमारा शरीर ही अपने बालों के रोम कूपों पर हमला करता है और जड़ों को नुकसान पहुंचाता है। इसमें बाल वापस आ भी सकते हैं और नहीं भी। यह स्त्री और पुरुष सहित बच्चों को भी अपना शिकार बना सकता है।

3. एलोपिसिया टोटलिस (alopecia totalis)
इसमें स्कैल्प के सारे बाल गिर जाते हैं। शुरुआत में हेयर लॉस के छोटे पैच दिखते हैं लेकिन धीरे धीरे यह बढ़ता जाता है। यह अचानक शुरू होता है और इसके साथ नाखून भी टूटने शुरू हो जाते हैं।

4. ट्रैक्शन एलोपिसिया (traction alopecia)
यह लाइफस्टाइल में आए कुछ बदलावों की वजह से हो जाता है। जैसे हेयर एक्सटेंशन का इस्तेमाल करना, बहुत टाइट बाल बनाना आदि। बालों में आए तनाव की वजह से बाल गिरने लगते हैं। यदि शुरुआत में इस पर नियंत्रण पा लिया गया तो यह ठीक हो सकता है।

5. एनेजेन एफ्लुवियम (anagen effluvium)
यह कीमोथेरेपी, रेडिएशन थेरेपी या कुछ दवाइयों के सेवन की वजह से होता है। इन थेरेपीज से जुड़े टॉक्सिन बालों के रोम कूप को खराब कर देते हैं। यह भी ठीक हो सकता है।

6. टेलोजेन एफ्लुवियम (telogen effluvium)
यह किसी ट्रॉमा या तनाव की वजह से होता है। सर्जरी, वायरल बुखार, अचानक से वजन का कम होना या किसी दुर्घटना की वजह से ऐसा हो सकता है। यह ठीक हो सकता है।

7. टीनिया कैप्टिस (tinea captis)
इसे स्कैल्प का रिंगवर्म भी कहा जाता है। इस स्थिति में स्कैल्प पर फंगस की वजह से पैच बन जाते हैं और यदि तुरंत इलाज न किया गया तो स्थायी गंजापन हो सकता है।

गंजापन क्यों होता है? - (Baldness Treatment In Hindi)
गंजेपन को ठीक करने के लिए कई इलाज होते हैं और उनमें से कई अपने देश में भी उपलब्ध हैं। इनमें से कुछ कॉस्मेटिक तो कुछ टेक्नोलॉजी आधारित हैं। कुछ दवाइयां भी हैं, जो गंजेपन की प्रक्रिया को धीमा करती हैं और बालों को दोबारा उगाने का काम करती हैं।

1. दवाएं - (Medicines)
कई ऐसी दवाइयां होती हैं, जो बालों को दोबारा उगा सकती हैं और गंजेपन की प्रक्रिया को धीमा करती हैं। लेकिन इन्हें बिना डॉक्टर की पर्ची के नहीं लेना चाहिए।

2. बालों का प्रत्यारोपण - (Hair Transplant)
यह एक ऐसी सर्जरी है, जिसमें सर्जन आपके सारे बाल हटाकर उसे वापस आपके स्कैल्प पर लगाता है। ऐसा वह अमूमन सिर के पिछले हिस्से से करता है।

3. सप्लीमेंट्स (आहार पूरक) - Supplements (dietary supplements)
कई शोध और अध्ययन बताते हैं कि जिन लोगों के सिर पर से सामान्य से ज्यादा बाल गिरते हैं, उन्हें एंटी- ऑक्सीडेंट के साथ ओमेगा 3 और ओमेगा 6 फैटी एसिड्स युक्त चीजें अपनी डाइट में शामिल करनी चाहिए। जैसे- मछली (सालमन), अंडे, हरी पत्तेदार सब्जियां, मीठा आलू, फल, नट्स, सीड्स आदि।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

कोविड प्रभावित फेफड़ों की कार्य क्षमता बढ़ाने के लिए योग और एलोपैथी की संयुक्त मुहिम

कोविड प्रभावित फेफड़ों की कार्य क्षमता बढ़ाने के लिए योग और एलोपैथी की संयुक्त मुहिम

हुज़ैफ़ा अबरार February 03 2022 28850

जिन रोगियों को कोविड से उबरने के बाद फेफड़े से संबंधित दिक्कतें आ रही हैं, वह प्रत्येक मंगलवार को केज

चीनी विश्वविद्यालयों से एमबीबीएस कर रहे छात्रों ने फिजिकल ट्रेनिंग को मान्यता देने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया

चीनी विश्वविद्यालयों से एमबीबीएस कर रहे छात्रों ने फिजिकल ट्रेनिंग को मान्यता देने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया

हे.जा.स. March 20 2022 26541

कोरोना महामारी फैलने के बाद भारत लौटने को मजबूर मेडिकल छात्र तब से देश और राज्य के सरकारी और निजी अस

आने वाली है कोविड से भी ज्यादा खतरनाक महामारी, होंगी लाखों मौतें: डब्ल्यूएचओ

आने वाली है कोविड से भी ज्यादा खतरनाक महामारी, होंगी लाखों मौतें: डब्ल्यूएचओ

एस. के. राणा May 26 2023 75222

कोरोना वायरस महामारी से देश और दुनिया के लोग अभी उबर ही रहे थे कि इस बीच एक और चिंता बढ़ाने वाली खबर

पोस्ट कोविड लंग फाइब्रोसिस मरीज का हुआ डबल लंग ट्रांसप्लांट।

पोस्ट कोविड लंग फाइब्रोसिस मरीज का हुआ डबल लंग ट्रांसप्लांट।

हुज़ैफ़ा अबरार December 13 2020 22836

मरीज को सफलतापूर्वक हार्ट और लंग ट्रांसप्लांट इंस्टीट्यूट, केआईएमएस, हैदराबाद में स्थानांतरित कर दिय

स्वास्थ्य विभाग में तबादले: जिम्मेदार अफसरों पर होगी कार्रवाई

स्वास्थ्य विभाग में तबादले: जिम्मेदार अफसरों पर होगी कार्रवाई

हुज़ैफ़ा अबरार August 08 2022 42403

सचिव प्रांजल यादव  ने स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. लिली सिंह से स्थानांतरण के जिम्मेदार अधिकारियों की जान

मेरठ में मिले डेंगू के 9 नए मरीज़

मेरठ में मिले डेंगू के 9 नए मरीज़

एस. के. राणा November 23 2022 26903

इस समय जिले में डेंगू के सक्रिय मरीजों की संख्या 19 पर पहुंच गई है। इन मरीजों में नौ अस्पताल में भर्

हृदय रोग विश्व स्तर पर मृत्यु का प्रमुख कारण, परिचर्चा से मिली बहुमूल्य जानकारियां।

हृदय रोग विश्व स्तर पर मृत्यु का प्रमुख कारण, परिचर्चा से मिली बहुमूल्य जानकारियां।

रंजीव ठाकुर August 19 2021 21321

आज के दौर में हृदय रोग (सीवीडी) विश्व स्तर पर मृत्यु का प्रमुख कारण हैं। बदलती जीवनशैली के कारण आज

बच्चों में जल्दी किशोरावस्था तक पहुंचने की इच्छा पनप रही है: सर्वे

बच्चों में जल्दी किशोरावस्था तक पहुंचने की इच्छा पनप रही है: सर्वे

हे.जा.स. November 24 2022 35057

पहली बार इस तरह का सर्वे किया गया है, सर्वे में सामने आया कि बच्चों में जल्दी किशोरावस्था तक पहुंचने

हिमाचल में कोरोना के बीते दिन 318 नए मरीज मिले

हिमाचल में कोरोना के बीते दिन 318 नए मरीज मिले

हे.जा.स. April 03 2023 25422

हिमाचल में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते ही जा रहे हैं। प्रदेश में बीते 24 घंटे के अंदर कोरोना के 318

एकल बूस्टर खुराक के लिए कोविड-19 वैक्सीन स्पुतनिक लाइट को तीसरे चरण के ट्रायल की अनुमति

एकल बूस्टर खुराक के लिए कोविड-19 वैक्सीन स्पुतनिक लाइट को तीसरे चरण के ट्रायल की अनुमति

admin March 07 2022 26316

भारत के केंद्रीय औषधि प्राधिकरण के एक विशेषज्ञ पैनल ने बूस्टर खुराक के रूप में एकल-खुराक कोविड-19 वै

Login Panel