











































रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय, जबलपुर
जबलपुर। आजकल लोग वैसे को अपनी सेहत के प्रति बहुत जागरुक हैं, लेकिन अनजाने में सही कुछ लोग ऐसी चीजों का सेवन करते हैं, जो उनकी सेहत को खराब कर सकती हैं और उनकी इम्यूनिटी को कमजोर करती हैं। वहीं रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय रिसर्च एंड बायोलॉजिकल साइंस डिपार्टमेंट ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। 12 साल की कड़ी मेहनत के बाद टिश्यू कल्चर पर आधारित बायक्लीन विधि पर विश्वविद्यालय ने पेटेंट हासिल किया है। दावा है कि यह समाज के लिए एक बड़ा वरदान साबित हो सकता है।
औषधीय पौधों में मौजूद रोग प्रतिरोधक क्षमता (immunity) यानी प्लांट डिफेंस मैकेनिज्म से अब कैंसर (cancer), कोरोनावायरस समेत अन्य जटिल बीमारियों (complex diseases) का इलाज किया जा सकेगा। और लोगों को औषधीय उपचार मिल सकेगा, जिससे प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सके।
बता दें कि संस्थान के डायरेक्टर प्रोफेसर सरदूल सिंह संधू ने बताया की कैंसर की बीमारी समेत कोरोना जैसे घातक वायरस (virus) को खत्म करने औषधीय पेड़ों में मौजूद प्लांट डिफेंस मेकैनिज्म यानि रोग प्रतिरोधक संरचना (immune system ) संजीवनी का काम करेगी। उन्होंने बताया कि इस तकनीक को विश्वविद्यालय के स्टडीज ऑफ रिसर्च इन बायो लॉजिकल साइंस डिपार्टमेंट के तीन प्रोफेसर्स ने मिलकर ईजाद किया है। यह तकनीक पूरे भारत देश समेत दुनिया के लिए बायो साइंस की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।
Edited by Aarti Tewari







हुज़ैफ़ा अबरार September 02 2026 0 3472
हुज़ैफ़ा अबरार September 10 2026 0 1274
हुज़ैफ़ा अबरार September 04 2026 0 742
हुज़ैफ़ा अबरार September 08 2026 0 518
हुज़ैफ़ा अबरार September 01 2026 0 490
हुज़ैफ़ा अबरार September 02 2026 0 434
हुज़ैफ़ा अबरार September 10 2026 0 427
हुज़ैफ़ा अबरार August 14 2026 0 9177
एस. के. राणा January 20 2026 0 5656
एस. के. राणा February 01 2026 0 5425
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 5418
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 5320
एस. के. राणा January 13 2026 0 4949
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4886
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87316
सौंदर्या राय April 08 2022 0 35400
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38440
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35945
लेख विभाग March 19 2022 0 35581
सौंदर्या राय March 16 2022 0 73267
डायरेक्टर डॉ मजहर हुसैन ने नर्सों का योगदान को महत्वपूर्ण योगदान बताते हुए कहा कि चिकित्सक दवा लिखते
अस्पताल छोड़ने से पहले मरीज़ और उनके परिजनों को डॉक्टर से, आहार-विहार, क्या करें क्या ना करें, स्वास्
आर्थराइटिस के शिकार लोगों के लिए चलना, दौड़ना और सीढ़ियां चढ़ना काफी कष्टकारक होता है। वैसे तो आर्थर
बच्चों का गला और ऊपरी श्वसन तंत्र वयस्कों की तुलना में काफी छोटा होता है। ओमिक्रोन इसी हिस्से को सबस
साधारण शब्दों में बीमारी के बल या तीक्ष्णता को रोकने और बीमारी की उत्पत्ति को रोकने वाली क्षमता को र
अगर आप अपने चेहरे को कम मोटा दिखाना चाहते हैं, तो आपको अपने पूरे शरीर की चर्बी को कम करने की जरूरत प
ये आवेदन 125 रिक्तियों को भरने के लिए मंगाए गए हैं, जिनमें से 46 रिक्तियां क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट के
मसूड़ों में रोग होने, दाँत टूटने और मौखिक कैंसर ऐसी बीमारियाँ हैं, जिनकी रोकथाम सम्भव है। वहीं दाँतो
देश में कोरोना का कहर जारी है। हालांकि मामलों में लगातार कमी देखने को मिल रही है, लेकिन मामले अभी भी
आस्टियोपोरोसिस की बीमारी हड्डियों को कमजोर बना देती है जिससे मामूली झटका व चोट लगने पर कूल्हे, कलाई

COMMENTS