











































प्रतीकात्मक
लखनऊ। विश्व रक्तदान दिवस पर सोमवार को गोमतीनगर स्थित सहारा हास्पिटल में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत सीनियर मैनेजमेंट सहित समस्त ब्लड बैंक की टीम ने केक काटकर की।
डब्लू. एच. ओ. ने स्वैच्छिक रक्तदान को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2005 में ब्लड ग्रुप की खोज करने वाले वैज्ञानिक कार्ड लैंड स्टीनर के जन्मदिन को विश्व रक्तदान दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया था। प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी सहारा हॉस्पिटल ब्लड बैंक में शिविर का आयोजन किया गया।

सहारा हॉस्पिटल ब्लड बैंक के हेड ने डॉ अरविन्द सिंह ने रक्दान से जुडी भ्रांतियों के बारे में बताया और कहा कि रक्तदान एक सामान्य प्रक्रिया है, जिसमें एक स्वस्थ व्यक्ति से एक यूनिट ब्लड लिया जाता है। ब्लड लेने के पूर्व डोनर का पूरा मेडिकल परीक्षण किया जाता है और स्वस्थ होने पर ही उसका ब्लड लिया जा सकता है। एक स्वस्थ मनुष्य तीन माह में एक बार रक्तदान कर सकता है।
|
|
|
लोगों को ब्लड डोनेशन को लेकर बहुत सी भ्रांतियां हैं कि ब्लड देने से उसको कमजोरी हो जाएगी या कोई बीमारी हो जाएगी। ये बाते पूरी तरह से निराधार हैं। इसके विपरीत ब्लड डोनेशन देने से लोगों की कुछ महत्वपूर्ण जांचे मुफ्त हो जाती हैं। कुछ वैज्ञानिक अध्ययन में पाया गया कि नियमित रक्तदान करने वाले व्यक्ति में हार्ट अटैक का खतरा कम हो जाता है।
डॉ. अरविन्द सिंह ने बताया यह साल विशेष है, क्योंकि पिछले एक साल से अधिक समय से कोविड महामारी की वजह से स्वैच्छिक ब्लड डोनेशन थम-सा गया है। ऐसे में रक्तदान को बढ़ावा देने की जरूरत है। अगर एक प्रतिशत लोग भी साल में एक बार रक्तदान करें तो हमारी ब्लड की आवश्यकता पूरी हो जाएगी। सभी से अपील है कि साल में एक बार रक्तदान जरूर करें।
इस अवसर पर सहारा हॉस्पिटल की लैब मेडिसिन हेड डॉ.अजू शुक्ला,डॉक्टर सुरभि गुप्ता एवं अन्य स्टाफ ने बढ़ चढ़कर स्वयं रक्तदान करके अपना बहुमूल्य योगदान दिया और रक्तदान के प्रति लोगों को जागरूक भी किया। साथ ही उनकी भ्रांतियों को भी दूर किया।
इस अवसर पर सहारा हॉस्पिटल के डायरेक्टर (मेडिकल हेल्थ) डॉ. मजहर हुसैन एवं सी.ओ.ओ विशाल शर्मा ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ायी और लोगो को रक्तदान के लिए प्रोत्साहित किया
सहारा इंडिया परिवार के सीनियर एडवाइजर अनिल विक्रम सिंह ने कहा कि हमारे अभिभावक माननीय सहाराश्री जी का संदेश है कि मानवता सर्वोपरि है और कोरोना महामारी के समय में भी सभी वर्गों को स्वेच्छा से समर्पण भाव के साथ लोगों को रक्तदान देकर समाज में अपना योगदान देना चाहिए । उन्हीं के प्रोत्साहन से सहारा हास्पिटल में समय-समय पर शिविर का आयोजन कर जनमानस को निरंतर जागरूक किया जाता रहा है।







हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 770
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 287
हुज़ैफ़ा अबरार June 04 2026 0 119
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 0
हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 770
हुज़ैफ़ा अबरार June 04 2026 0 119
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4067
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3941
एस. के. राणा January 20 2026 0 3934
एस. के. राणा January 13 2026 0 3927
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3612
एस. के. राणा February 01 2026 0 3304
एस. के. राणा February 04 2026 0 3171
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86420
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34154
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37313
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35028
लेख विभाग March 19 2022 0 34503
सौंदर्या राय March 16 2022 0 71825
बूंदी में तैनात राजस्थान कैडर के आईएएस अधिकारी मानवीय पहल सामने आई है, जो कि चर्चा विषय बन चुकी है।
रविवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम जब हॉस्पिटल पर छापा मारने पहुंची तो वहा पर कई अनियमितताएं सामने आयी
जून माह में करीब एक करोड़ लोगों के टीकाकरण का लक्ष्य है और जिस रफ़्तार से टीकाकरण हो रहा है, उससे प्रत
बाल यौन शोषण के आघात से पैनिक अटैक आ सकता है और दिल के दौरे के वजह से जिंदगी खत्म हो सकती है। शिकार
एक पशु को बचाने के चक्कर में 28 वर्षीय युवक तारों की रेलिंग से रगड़ गया था। इससे युवक की खाने और सां
डॉ. पुरी ने कहा कि देश में टीबी के कुल मरीजों में से 25 प्रतिशत उत्तर प्रदेश के हैं, जो चिंताजनक है।
रेज़ूम थेरेपी उन पुरुषों के लिए गेम-चेंजर है जो बढ़े हुए प्रोस्टेट की वजह से पेशाब की समस्या झेल रहे
जांच के दौरान अस्पतालों पर अनियमितता स्वास्थ्य टीम को मिली। मानक के विपरीत चल रहे इन अस्पतालों का रज
पर्यावरण के प्रदूषण के कारण उत्पन्न होने वाले रोगों रोगों के उपचार में होम्योपैथिक दवाइयाँ पूरी तरह
वैसे तो यह एक आम समस्या है लेकिन सही वक्त पर इसका इलाज नहीं किया जाए तो इसकी एडवांस स्टेज में लंग्स,

COMMENTS