देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

आयुष्मान के तहत कैंसर के इलाज को बेहतर बनाने हेतु आगे आयें विशेषज्ञ: संगीता  

कार्यशाला में साचीज की सीईओ संगीता सिंह ने कहा कि आयुष्मान भारत योजना के तहत देश में पहली बार इतने बड़े पैमाने कैंसर विशेषज्ञों की कार्यशाला आयोजित की जा रही है। इससे कैंसर के इलाज को गुणवत्तापूर्ण बनाने में मदद मिलेगी।

हुज़ैफ़ा अबरार
December 10 2022 Updated: December 10 2022 01:35
0 39470
आयुष्मान के तहत कैंसर के इलाज को बेहतर बनाने हेतु आगे आयें विशेषज्ञ: संगीता   आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत स्तन कैंसर पर आयोजित कार्यशाला

लखनऊ। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत स्तन कैंसर की जाँच, इलाज और देखभाल से जुड़े अस्पतालों के क्षमतावर्धन और मानक को मजबूत बनाने पर शुक्रवार को केजीएमयू के शताब्दी फेज-2 सभागार में प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित हुई। स्टेट एजेंसी फॉर कम्प्रेहेंसिव हेल्थ एंड इंटिग्रेटेड सर्विसेज साचीज के तत्वावधान में आयोजित प्रशिक्षण कार्यशाला को टेक्निकल पार्टनर एक्सेस हेल्थ केजीएमयू और रोश इण्डिया हेल्थकेयर इंस्टीटयूट ने सहयोग  किया।


कार्यशाला में साचीज (Saachis) की सीईओ संगीता सिंह ने कहा कि आयुष्मान भारत योजना (Ayushman Bharat scheme) के तहत देश में पहली बार इतने बड़े पैमाने कैंसर विशेषज्ञों की कार्यशाला आयोजित की जा रही है। इससे कैंसर के इलाज (cancer treatment) को गुणवत्तापूर्ण बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने कार्यशाला में उपस्थित कैंसर विशेषज्ञों ( cancer experts) से आह्वान किया कि वह अपने सुझाव देकर योजना को और प्रभावी बनाने में सहयोग करें। 


योजना के तहत प्रदेश में गत ४ वर्षो में 16 लाख से अधिक लोगों ने चिकित्सा (medical treatment) का लाभ उठाया है। उन्होंने कैंसर की स्क्रीनिंग बढ़ाने पर जोर देते हुए कहा कि योजना के शुरू होने से पहले महिलाओं को स्तन कैंसर (breast cancer) का समुचित इलाज नहीं मिल पाता था क्योंकि सर्जरी कराने की उनकी क्षमता नहीं होती थी। अब आयुष्मान योजना (Ayushman Yojana) के तहत बिना किसी खर्च के सर्जरी (surgery) की सुविधा उपलब्ध है। 


कार्यशाला (workshop) के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए केजीएमयू (KGMU) के कुलपति ले जन डॉ बिपिन पुरी ने कहा कि पश्चिमी देशों की तुलना में भारत में स्तन कैंसर के मामले कम हैं लेकिन देश में मृत्यु दर (mortality rate) अधिक है। इसका प्रमुख कारण समय से कैंसर की स्क्रीनिंग (cancer screening) का न हो पाना है। उन्होंने कहा कि कैंसर स्क्रीनिंग को जमीनी स्तर पर अभी और बढ़ाने की जरूरत है। 


यदि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ( primary health center) स्तर पर कैंसर के शुरूआती लक्षणों की पहचान हो जाए तो देश-प्रदेश में कैंसर पर काबू पाने में सफल हो सकेंगे। उन्होंने कहा कि कैंसर का मरीज शारीरिक कष्ट के साथ ही मानसिक और आर्थिक कष्ट का भी सामना कर रहा होता है, ऐसे में मरीज को यदि घर पर ही परामर्श व देखभाल की व्यवस्था उपलब्ध करायी जाए तो उनकी बड़ी मदद हो सकेगी।


केजीएमयू टेली रेडियोलाजी (tele-radiology) के जरिये ऐसे मरीजों तक पहुँचने की कोशिश में है, ताकि फालोअप के लिए मरीज दौड़भाग से बच सकें। उन्होंने बताया कि केजीएमयू में हर साल स्तन कैंसर (breast cancer) के करीब 600 मरीजों को इलाज मुहैया कराया जाता है। कार्यशाला में योजना से जुड़े अस्पतालों के कैंसर विशेषज्ञों ने स्तन कैंसर की जाँच इलाज व देखभाल से जुड़े मुददों पर विस्तृत चर्चा की।


रोश इण्डिया (Roche India) के चीफ  मेडिकल आफिसर डॉ विराज सुवर्णा ने कहा कि उनका संस्थान कैंसर की जांच, इलाज और देखभाल को और बेहतर बनाने को लेकर बराबर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि स्त्री रोग विशेषज्ञों और फेफड़ों के इलाज से जुड़े चिकित्सकों के साथ भी कार्यशाला करने की उनकी योजना है, यह तो अभी शुरुआत है। कार्यशाला में केजीएमयू के एंडोक्राइन एंड ब्रेस्ट डिजीज (Endocrine and Breast Disease) के प्रो. और हेड डॉ आनंद मिश्रा ने स्तन कैंसर की शीघ्र जांच और सर्जरी की जरूरत के बारे में चिकित्सकों को महत्वपूर्ण जानकारी दी। 


कार्यशाला को राम मनोहर लोहिया इंस्टीट्युट ऑफ़  मेडिकल साइंसेज (Ram Manohar Lohia Institute of Medical Sciences) के डॉ मधुप रस्तोगी एसजीपीजीआई (SGPGI) के डॉ गौरव अग्रवाल और केजीएमयू की डॉ ईशा जफ ा ने भी संबोधित किया। कार्यशाला में केजीएमयू के हेमेटोलाजी विभाग (Department of Hematology) के अध्यक्ष डॉ एके त्रिपाठी और विभिन्न जिलों के कैंसर चिकित्सक उपस्थित रहे। कार्यशाला के अंत में सवाल-जवाब के लिए खुला सत्र आयोजित किया गया। कार्यशाला से बड़ी संख्या में लोग ऑन लाइन भी जुड़े। कार्यक्रम का संचालन एक्सेस हेल्थ इंटरनेशनल (Access Health International) की स्टेट डायरेक्टर मनीषा त्रिपाठी ने किया।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

हिंदी के बाद अब मराठी में एमबीबीएस

हिंदी के बाद अब मराठी में एमबीबीएस

विशेष संवाददाता October 31 2022 29870

राज्य सरकार ने कहा कि वह अगले साल से मराठी में मेडिकल एजुकेशन की शुरुआत करेगी। राज्य के मेडिकल एजुके

बिहार में कोविड-19 के 4 मरीज मिले

बिहार में कोविड-19 के 4 मरीज मिले

विशेष संवाददाता December 27 2022 30601

गया पहुंचे 33 विदेशियों को सर्दी-जुकाम शिकायत होने के बाद आरटी पीसीआर जांच कराई गई जिसमें चार की रिप

स्वास्थ्य शिविर में मुफ्त इलाज और दवाओं का वितरण हुआ

स्वास्थ्य शिविर में मुफ्त इलाज और दवाओं का वितरण हुआ

रंजीव ठाकुर September 27 2022 27253

राजधानी के गोमतीनगर स्थित पूर्वांचल किंग्स कोर्ट अपार्टमेंट में मुफ्त चिकित्सा स्वास्थ्य शिविर आयोजि

सर्दियों में हार्ट अटैक की संभावना बढ़ जाती है, बचाव के तरीके जानने के लिए पढ़ें।

सर्दियों में हार्ट अटैक की संभावना बढ़ जाती है, बचाव के तरीके जानने के लिए पढ़ें।

लेख विभाग November 18 2021 28321

दिल के मरीजों के लिए सर्दियों का मौसम खतरनाक माना जाता है। स्टडीज के मुताबिक इस मौसम में हार्ट अटैक,

कोविड़ अपडेट: ओमिक्रोन के भय के बीच राहत देने वाले है संक्रमण के आंकड़े

कोविड़ अपडेट: ओमिक्रोन के भय के बीच राहत देने वाले है संक्रमण के आंकड़े

एस. के. राणा December 07 2021 26531

बीते 24 घंटे में कोरोना संक्रमण के 6,822 मामले सामने आए हैं जो कि 558 दिनों में सबसे कम है। इस दौरान

कोविड नियमों का पालन नहीं हो रहा हैलेट अस्पताल में,  पान-गुटखा खा रहे लोग ओपीडी में

कोविड नियमों का पालन नहीं हो रहा हैलेट अस्पताल में, पान-गुटखा खा रहे लोग ओपीडी में

सनी माथुर April 01 2022 56921

नियम यह कहता है कि अगर आप अस्पताल परिसर में पान-गुटका खाते हुए पकड़े गए तो 200 रुपये का जुर्माना लगे

अमृता हॉस्पिटल के मेडिकल कॉलेज का सीएम खट्टर ने किया शुभारंभ

अमृता हॉस्पिटल के मेडिकल कॉलेज का सीएम खट्टर ने किया शुभारंभ

हे.जा.स. April 08 2023 30609

मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने अमृता हॉस्पिटल के मेडिकल कॉलेज का शुभारंभ किया। दो दिवसीय C 20 शिखर

हेल्‍थकेयर इंडस्ट्री में नए करियर का बहुत है स्कोप, जानने के लिए पढ़ें

हेल्‍थकेयर इंडस्ट्री में नए करियर का बहुत है स्कोप, जानने के लिए पढ़ें

अखण्ड प्रताप सिंह July 09 2022 34803

हेल्‍थकेयर में कुछ नयी शिक्षा और करियर तेजी से पाँव पसार रहें हैं। आज हम इन नयी शिक्षा और करियर में

खोई हुई मांसपेशियों को वापस पाने के लिए प्रोटीन का सेवन बढ़ाएँ।

खोई हुई मांसपेशियों को वापस पाने के लिए प्रोटीन का सेवन बढ़ाएँ।

हुज़ैफ़ा अबरार August 19 2021 33293

आप अगर रोजाना मुट्ठी भर बादाम खाते हैं तो आप बीमारी से बचे रह सकते हैं। खोई हुई मांसपेशियों को वापस

कोरोना संक्रमण की चौथी लहर के आने की कोई संभावना नहीं: वायरोलाजिस्ट जैकब

कोरोना संक्रमण की चौथी लहर के आने की कोई संभावना नहीं: वायरोलाजिस्ट जैकब

एस. के. राणा March 09 2022 30261

देश को भविष्य में कोरोना महामारी की किसी नई लहर का सामना नहीं करना पड़ेगा। चौथी लहर के आने की तब तक

Login Panel