











































कार्यक्रम का आयोजन
हरियाणा। जागरूकता बढ़ाने, रोकथाम और उपचार को बढ़ावा देने और बीमारी से निपटने की कार्रवाई करने के लिए हर साल 12 नवंबर को दुनिया भर में विश्व निमोनिया दिवस मनाया जाता है। विश्व निमोनिया दिवस मनाने का उद्देश्य लोगों में इस बीमारी के प्रति जागरुकता पैदा करना है।
इस वर्ष राष्ट्रीय निमोनिया दिवस की थीम “निमोनिया अफ्फेक्ट्स एवरीवन” रही यानी निमोनिया सभी को प्रभावित करता है, ताकि वैश्विक रूप से इस पर जागरूकता (awareness) बढ़ाई जा सके। यह दिन पहली बार 12 नवंबर 2009 को ग्लोबल कोएलिशन अगेंस्ट चाइल्ड न्यूमोनिया (Pneumonia) द्वारा मनाया गया था। तब से हर साल यह दिन एक नई थीम के साथ सेलिब्रेट (celebrate) किया जा रहा है। इस दिन तरह-तरह के कार्यक्रमों का आयोजन कर लोगों को इस बीमारी के बारे में जागरूक करने का प्रयास किया जाता है।
हरियाणा के नागरिक अस्पताल नारनौल में सिविल सर्जन (surgeon) डॉक्टर धर्मेश कुमार सैनी की अध्यक्षता में विश्व निमोनिया दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। डॉक्टर धर्मेश कुमार सैनी ने बताया कि निमोनिया फेफड़ों में रोगाणुओं के संक्रमण से होता है। यह एक गम्भीर बीमारी (disease) है। उन्होंने बताया कि देश में 5 साल से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु का निमोनिया एक बड़ा कारण है।
इस मौके पर उप सिविल सर्जन (प्रतिरक्षण) डा. नरेन्द्र कुमार ने बताया कि जिले में यह कार्यक्रम 12 नवम्बर 2022 से 28 फरवरी 2023 तक चलाया जाएगा। इस कार्यक्रम के दौरान आशा वर्कर/एएनएम घर-घर जाकर 0 से 5 साल तक के बच्चों का सर्वे (survey) करेगी और निमोनिया बारे में बच्चों के अविभावकों को जागरूक (aware) किया जाएगा।
क्या है निमोनिया - What is Pneumonia
निमोनिया (Pneumonia) सांस से जुड़ी एक गंभीर समस्या है, जिसमें फेफड़ों में इंफेक्शन हो जाता है। निमोनिया होने पर लंग्स में सूजन (swelling) आ जाती है और कई बार पानी भी भर जाता है। निमोनिया वायरस, बैक्टीरिया (bacteria) और कवक सहित कई संक्रामक एजेंट्स की वजह से होता है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार गले में खराश, खांसी, हल्का बुखार, कफ जमना, दस्त, भूख कम लगना और थकान महसूस होना इसके लक्षणों में शामिल हैं। बच्चों में बैक्टिीरियल निमोनिया के लक्षणों को भी समझना मुश्किल होता है। इसके लक्षण (symptoms) हैं तेज बुखार, पसीना आना या ठंड लगना, नाखूनों या होठों का नीला पड़ना, सीने में घरघराहट महसूस होना और सांस लेने में दिक्कत महसूस आदि है। निमोनिया दो प्रकार का होता है। बैक्टिीरियल निमोनिया के इलाज में एंटीबायोटिक (antibiotic) की जरूरत होती है जबकि वायरल निमोनिया बिना किसी इलाज (treatment) के कुछ दिनों के अंदर अपने आप ठीक हो जाता है ।
Edited by Shweta Singh







एस. के. राणा January 13 2026 0 3556
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 3556
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3381
एस. के. राणा January 20 2026 0 3346
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3101
एस. के. राणा February 01 2026 0 2786
एस. के. राणा February 04 2026 0 2583
उत्तर प्रदेश
सौंदर्या राय May 06 2023 0 102418
सौंदर्या राय March 09 2023 0 106946
सौंदर्या राय March 03 2023 0 107199
admin January 04 2023 0 107054
सौंदर्या राय December 27 2022 0 97530
सौंदर्या राय December 08 2022 0 85925
आयशा खातून December 05 2022 0 140525
लेख विभाग November 15 2022 0 109596
श्वेता सिंह November 10 2022 0 158834
श्वेता सिंह November 07 2022 0 109788
लेख विभाग October 23 2022 0 94674
लेख विभाग October 24 2022 0 98055
लेख विभाग October 22 2022 0 103778
श्वेता सिंह October 15 2022 0 106718
भारत बायोटेक कंपनी ने अपने बयान में कहा है कि इस खास वैक्सीन का तीसरे चरण का क्लीनिकल ट्रायल भी किय
एक छोटी सी लापरवाही यानी ब्लड प्रेशर को नजरअंदाज करते रहने की आदत एक दिन बड़ा हृदय रोग का कारण बन सकत
एमपी में लगातार मामलों में गिरावट देखने को मिल रही है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बड़ी राहत की खबर दी है
इस वैरिएंट का डेल्टा वैरिएंट के समान जेनेटिक बैकग्राउंड है। साथ ही ओमिक्रोन से कुछ म्यूटेशन भी हैं।
भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (बार्क) ने आंख के ट्यूमर के उपचार के लिए पहली स्वदेशी रूथेनियमियम 106 पट
डिप्टी सीएम ने कहा कि जिलाधिकारी और सीएमओ तत्काल मामले की जांच करें। दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की
गोरखनाथ विश्वविद्यालय के पहले स्थापना दिवस समारोह में मुख्यमंत्री योगी ने स्वास्थ्य और चिकित्सा को ल
डा सूर्यकान्त केजीएमयू के रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग में 17 वर्ष से प्रोफेसर के पद पर कार्यरत है ए
इस केंद्र को आयुष मंत्रालय के अंतर्गत स्थापित किया जाएगा। इसके जरिये परंपरागत चिकित्सा पद्धति को वैश
भारत सरकार के निर्देश पर प्रदेश सरकार ने इस वर्ष राष्ट्रीय योग ओलम्पियाड को 18 जून से 20 जून 2022 तक

COMMENTS