












































प्रतीकात्मक चित्र
चिकनगुनिया रोग संक्रमित मादा एडीज एजिप्टी मच्छर के काटने से फैलता है। एडीज मच्छर साफ़ इकठ्ठा पानी में प्रजनन करती है। यह मच्छर पानी के कंटेनर्स, टंकियों और बेकार खाली पड़े टायरों जैसे कि बाल्टियों, बर्तनों, टायर्स और फूलदान में प्रजनन करती हैं। आमतौर पर एडीज एजिप्टी मच्छर के काटने का मुख्य समय सुबह अथवा देर शाम होता है। चिकनगुनिया बुख़ार टोगाविरिडी परिवार के जीनस अल्फावायरस वायरस के कारण होता है। इस बीमारी का उपचार लक्षणों और शरीर पर दिखने वाले लक्षणों (जोड़ों की सूजन), प्रयोगशाला परीक्षण और संक्रमित मच्छरों के जोखिम के संपर्क में आने के आधार पर किया जाता है। चिकनगुनिया बुखार का कोई विशेष उपचार उपलब्ध नहीं है। इस रोग का उपचार मुख्य रूप से लक्षणों को कम करने में सहायता करता है।
चिकनगुनिया बुख़ार के लक्षण - Symptoms of Chikungunya Fever
चिकनगुनिया किस कारण होता है - What causes Chikungunya?
चिकनगुनिया वायरस संक्रमित मच्छर के काटने से फैलता है। मच्छर चिकनगुनिया वायरस से पीड़ित व्यक्ति को काटने पर स्वयं संक्रमित हो जाता है। इनकी ऊष्मायन अवधि (बीमारी के संक्रमण का समय) का समय दो से बारह दिनों का होता है, लेकिन आमतौर पर यह तीन से सात दिनों का भी हो सकता है। चिकनगुनिया के वायरस को "साइलेंट" संक्रमण (बीमारी के बिना संक्रमण) के रूप में पाया जाता है, तथापि ऐसा बहुत कम स्थितियों में होता है।
चिकनगुनिया में होने वाली जांचे - Tests for chikungunya
चिकनगुनिया और डेंगू दोनों की नैदानिक स्थितियां एक समान होती है, इसलिए, विशेषत: डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में प्रयोगशाला पुष्टि अति महत्वपूर्ण होती है। चिकनगुनिया- एंजाइम लिंक्ड इम्यूनो- सोरबेंट अर्से (एलिसा) में आईजीएम और आईजीजी– एंटीजन/एंटीबॉडी की उपस्थिति की पुष्टि हो सकती है।
विभिन्न रिवर्स ट्रांसक्रिपटेस-पोलीमरेज़ चेन रिएक्शन (आरटी पीसीआर) उपाय भी उपलब्ध है, लेकिन उनमें परिवर्तनीय संवेदनशीलता होती हैं। नैदानिक नमूनों से प्राप्त आरटी-पीसीआर उत्पादों का उपयोग वायरस की जीनोटाइपिंग के लिए भी किया जा सकता है, जो कि विभिन्न भौगोलिक स्रोतों से लिये गए वायरस के नमूने के साथ तुलना की अनुमति देते है।
चिकनगुनिया का उपचार - Treatment of Chikungunya
चिकनगुनिया का कोई विशेष उपचार उपलब्ध नहीं है। सहायक उपचार केवल लक्षणों को कम करने के लिए दिया जाता है।
चिकनगुनिया से कैसे बचाव करें - How to prevent Chikungunya
चिकनगुनिया संक्रमण का उपचार करने के लिए चिकनगुनिया वायरस का टीका उपलब्ध नहीं है तथा चिकनगुनिया की दवाएं भी उपलब्ध नहीं हैं। मच्छर के काटने से बचना ही चिकनगुनिया की रोकथाम ही कुँजी है। मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करना रोकथाम की अन्य महत्वपूर्ण कुँजी है। चिकनगुनिया की रोकथाम मच्छरों द्वारा प्रसारित होने वाली अन्य वायरल संक्रामक बीमारियों जैसे कि डेगू के समान होती है।







हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 770
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 287
हुज़ैफ़ा अबरार June 04 2026 0 119
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 0
हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 770
हुज़ैफ़ा अबरार June 04 2026 0 119
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4067
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3941
एस. के. राणा January 20 2026 0 3934
एस. के. राणा January 13 2026 0 3927
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3612
एस. के. राणा February 01 2026 0 3304
एस. के. राणा February 04 2026 0 3171
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86420
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34154
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37313
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35028
लेख विभाग March 19 2022 0 34503
सौंदर्या राय March 16 2022 0 71825
सीरम इंस्टीट्यूट ने भारत के औषधि नियामक से 12 से 17 साल आयु वालों के समूह के लिए अपनी कोरोनारोधी वैक
एम्स में अब कोरोना सैंपल की जीनोम सिक्वेंसिंग की सुविधा मिल पाएगी। जीनोम सिक्वेंसिंग मशीन मिलने के ब
हास्पिटल के पैथोलॉजी विभाग की हेड डा. अंजू शुक्ला ने बताया कि 2012 पैथालॉजी को एनएबीएल की मान्यता मि
राकेश कुमार के भतीजे जो एम्स ट्रॉमा सेंटर में आपातकालीन चिकित्सा विभाग में जूनियर रेजिडेंट हैं, उन्ह
मालती कहती हैं कि फाइलेरिया रोगी नेटवर्क से जुड़कर बहुत खुश हूँ | इसके द्वारा गाँव में अन्य लोगों को
बीआरडी प्रशासन ने इसकी तैयारियां लगभग पूरी कर हैं। समारोह में बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री योगी आदित
इस मेले के माध्यम से गर्भावस्था एवं प्रसवकालीन परामर्श और जरूरी सेवाएं, परिवार नियोजन के स्थायी व अस
वर्तमान में पोस्ट कोविड मरीजों को कई जगह भटकना पड़ रहा है। मरीजों को उचित इलाज मिल सके, इसका संयुक्त
एडीएम सिटी अतुल कुमार और उनकी पत्नी को भी डेंगू ने अपनी चपेट में ले लिया है। हालत बिगड़ने पर रीजेंसी
ग्राम प्रधानों की क्षय रोग उन्मूलन अभियान में अहम भूमिका है | वह पंचायत के माध्यम से गाँव-गाँव में क

COMMENTS