












































प्रतीकात्मक
नई दिल्ली। पूरा भारत इस समय तेज धूप, गर्मी और आर्द्रता से जूझ रहा है। ऐसे मौसम में डॉक्टरों ने लोगों को कोरोना वायरस के प्रति अतिरिक्त सावधानी बरतने को कहा है।
डॉक्टरों का कहना है कि मौसम की वर्तमान परिस्थिति और कोरोना के प्रति लापरवाही कोरोना के लक्षणों में वृद्धि का कारण बन सकती है। डॉक्टरों का कहना है कि सामान्य एयर कंडीशनिंग और खराब वेंटिलेशन वाले स्थान करोना के तेजी से फैलने का कारण न बन जाएं इसलिए लोगों को और अधिक सतर्क रहने की जरूरत है।
वहीं, इंद्रप्रस्थ अपोलो हॉस्पिटल्स के सीनियर कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, सुरनजीत चटर्जी ने कहा कि मौजूदा मौसम ने हीट स्ट्रोक / थकावट, टाइफाइड, पीलिया और मलेरिया जैसी समस्याओं और बीमारियों को जन्म दिया है।
वहीं, मूलचंद अस्पताल में सलाहकार, पल्मोनोलॉजी भगवान मंत्री ने कहा कि कम सापेक्ष आर्द्रता पानी की बूंदों और एरोसोल के हवा में फैलाने में मदद करती है। उन्होंने कहा कि जब हम खांसते, छींकते, बातें करते हैं या गाना गाते हैं तो हमारे मुंह से पानी की बहुत छोटी बूंदें (एरोसोल) निकलती हैं और कम सापेक्ष आर्द्रता में इन बूंदों को माध्यम से कोरोना ज्यादा दूरी तय कर सकता है। वायरस युक्त एरोसोल, विशेष रूप से, ट्रांसमिशन की संभावना को बढ़ाने के लिए फेफड़ों में अधिक गहराई तक प्रवेश कर सकते हैं।
हालांकि उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि कोरोना वायरस के दिशा-निर्देशों का पालन कर किसी भी मौसम में कोरोना से बचा जा सकता है। डॉक्टरों ने कहा कि टीका लगवाने, मास्क पहनने, हाथों को साफ रखने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने कोरोना से बचा जा सकता है, चाहे मौसम की परिस्थितियां कैसी भी हों।







हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 231
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 168
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 168
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 161
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 126
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 21
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1211
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 385
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 252
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 231
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 203
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 168
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4998
एस. के. राणा January 20 2026 0 4949
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4851
एस. के. राणा January 13 2026 0 4627
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4529
एस. के. राणा February 01 2026 0 4305
एस. के. राणा February 04 2026 0 3983
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87043
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34938
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38104
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35609
लेख विभाग March 19 2022 0 35217
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72777
भारत बायोटेक द्वारा देश में ही विकसित पहले इंट्रानेसल कोविड-19 टीके ‘इनकोवैक’ को 26 जनवरी से लोगों क
मिली जानकारी के मुताबिक एडिनोवायरस इस तरह का वायरस है जो आपके शरीर को धीरे-धीरे बीमार करता है और बाद
भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (बार्क) ने आंख के ट्यूमर के उपचार के लिए पहली स्वदेशी रूथेनियमियम 106 पट
टीकेआर (घुटने का सम्पूर्ण प्रतिस्थापन) के बाद, व्यक्ति दो महीने के भीतर ही अपने सामान्य क्रियाकलाप प
चेहरे पर ढीली स्किन की वजह से पड़ने वाली झुर्रियां आपकी सुंदरता को बिगाड़ देती हैं। यदि आप भी चेहरे पर
औसतन, महिलाएं हर रात पुरुषों के मुकाबले करीब 11 से 13 मिनट ज्यादा सोती हैं। कुछ अध्ययनों के अनुसार,
उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में गड़बड़ियां और लापरवाही के नित नए मामले सामने आ रहे हैं। मृतक डॉक
अपने रूटीन का पूरी तरह ध्यान रखने वाले माइंडसेट के साथ मीरा अच्छी सेहत को बढ़ावा देने वाली दिनचर्या
इस समझौते के तहत वैज्ञानिक तौर पर मानक स्थापित किए जाएंगे। पीसीआईएमएच के निदेशक और प्रभारी प्रोफेसर
एक ही टीम में काम कर रहे आयुष चिकित्सकों का मानदेय 66000 कर दिया गया लेकिन फार्मासिस्ट को पुराने मान

COMMENTS