देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

राष्ट्रीय

एड्स खत्म करने के अभियान पर कोविड महामारी का ग्रहण।  

संयुक्त राष्ट्र ने आगाह किया कि संसाधनों में बड़े पैमाने पर वृद्धि किए बगैर और संवेदनशील तथा संक्रमित लोगों तक पहुंचे बगैर हम ‘‘2030 तक एड्स महामारी को खत्म नहीं कर पाएंगे।’’ इसमें कहा गया कि एड्स के खिलाफ लड़ाई को कोरोना वायरस महामारी के कारण झटका लगा है।

हे.जा.स.
June 09 2021 Updated: June 09 2021 21:27
0 30191
एड्स खत्म करने के अभियान पर कोविड महामारी का ग्रहण।   प्रतीकात्मक

संयुक्त राष्ट्र (एपी)। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 2030 तक एड्स को खत्म करने के लिए तत्काल कार्रवाई का आह्वान करने वाले प्रस्ताव को मंगलवार को मंजूरी दे दी और चिंता जताते हुए कहा कि कोविड-19 महामारी से असमानताएं बढ़ गईं हैं तथा एड्स की दवाओं, उपचार तथा निदान तक पहुंच की व्यवस्था और भी चरमरा गई है।

इस 18 पन्नों के प्रस्ताव को महासभा के सभी 193 सदस्य देशों को लागू करना होगा। इसमें 2025 तक एचआईवी के हर वर्ष संक्रमण के नए मामलों को 3,70,000 से कम करने, एड्स के कारण मौत के प्रतिवर्ष सामने आने वाले मामलों को 2,50,000 से कम करने का संकल्प लिया गया है। इसमें एचआईवी से जुड़े कलंक तथा भेदभाव को पूरी तरह से खत्म करने की दिशा में प्रगति का आह्वान किया गया है तथा एचआईवी रोधी टीके और इस रोग से बचाव के लिए तत्काल काम करने की भी बात कही गई है।

महासभा ने आगाह किया कि संसाधनों में बड़े पैमाने पर वृद्धि किए बगैर और संवेदनशील तथा संक्रमित लोगों तक पहुंचे बगैर हम ‘‘2030 तक एड्स महामारी को खत्म नहीं कर पाएंगे।’’ इसमें कहा गया कि एड्स के खिलाफ लड़ाई को कोरोना वायरस महामारी के कारण झटका लगा है।

एड्स पर तीन दिन की उच्चस्तरीय बैठक के आरंभिक सत्र में ही सभा ने इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया। रूस, बेलारूस, सीरिया तथा निकारागुआ ने इसके विरोध में मत दिया जबकि 165 राष्ट्रों ने प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया। मतदान से पहले, इस प्रस्ताव में रूस द्वारा सुझाए गए तीन संशोधनों को भी अस्वीकार कर दिया गया।

एड्स की रोकथाम के वैश्विक प्रयासों का नेतृत्व कर रही संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी यूएनएड्स की कार्यकारी निदेशक विनी ब्यानीमा ने प्रस्ताव को स्वीकार किए जाने का स्वागत किया और सभा में कहा कि यह इस महामारी को समाप्त करने की दिशा में हमारे कार्यों का आधार बनेगा जिसने 40 साल से समुदायों को त्रस्त कर रखा है।

एड्स को आधुनिक समय की सबसे घातक महामारियों में से एक बताते हुए उन्होंने कहा कि 1981 में एड्स का पहला मामला सामने आने के बाद से अब तक 7.75 करोड़ लोग इससे पीड़ित हो चुके हैं और करीब साढ़े तीन करोड़ लोगों की एड्स से मौत हो चुकी है।

ब्यानीमा ने कहा कि कोविड-19 ने हमें दिखाया कि विज्ञान राजनीतिक इच्छाशक्ति की गति से आगे बढ़ता है। उन्होंने एड्स के उपचार, रोकथाम, देखभाल और टीकों के लिए नवोन्मेषी कार्यों पर व्यय को तेज करने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा, ‘‘हम एक देश या एक महाद्वीप में एड्स को समाप्त नहीं कर सकते। हम एड्स को एक साथ मिलकर हर जगह पर समाप्त कर सकते हैं।’’

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

चीन, अमेरिका और भारत को मिले 60 प्रतिशत कोविड-19 रोधी टीके: डब्ल्यूएचओ

चीन, अमेरिका और भारत को मिले 60 प्रतिशत कोविड-19 रोधी टीके: डब्ल्यूएचओ

एस. के. राणा June 05 2021 25391

दो अरब टीकों में से चीन, भारत और अमेरिका को मिली 60 प्रतिशत खुराकों को ‘‘घरेलू रूप से खरीदा और इस्ते

वेंटिलेटर नहीं मिलने पर. एक और मरीज की मौत

वेंटिलेटर नहीं मिलने पर. एक और मरीज की मौत

आरती तिवारी July 23 2023 48010

बलरामपुर अस्पताल वेंटिलेटर के लिए एक और मरीज फैसल उर्फ गूड्डू ने दम दिया। वहीं परिवारीजनों ने इलाज म

मोतियाबिन्द आपरेशन हर मौसम में आसान व कारगर।

मोतियाबिन्द आपरेशन हर मौसम में आसान व कारगर।

लेख विभाग January 18 2021 27296

आंखों के प्राकृतिक लेंस के धुंधले पडऩे को ही कैटरेक्ट या आम बोलचाल की भाषा में मोतियाबिंद कहा जाता ह

बीजिंग भी कोरोना संक्रमण के दायरे में, 10 स्टूडेंट्स कोरोना संक्रमित मिले

बीजिंग भी कोरोना संक्रमण के दायरे में, 10 स्टूडेंट्स कोरोना संक्रमित मिले

हे.जा.स. April 23 2022 24995

चीन की राजधानी बीजिंग में मिडिल स्कूल के 10 स्टूडेंट्स कोरोना वायरस से संक्रमित मिले हैं। इसे लेकर च

आईसीएमआर उत्तर प्रदेश में मलेरिया के मच्छरों पर रिसर्च करके विकसित करेगा नई दवाएं

आईसीएमआर उत्तर प्रदेश में मलेरिया के मच्छरों पर रिसर्च करके विकसित करेगा नई दवाएं

विशेष संवाददाता August 03 2022 32517

बीते सालों में प्रदेश में मलेरिया केसों की संख्या बढ़ी है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि ऐसा जांच और

जानिए अस्थमा अटैक के कारण, लक्षण और बचाव।

जानिए अस्थमा अटैक के कारण, लक्षण और बचाव।

लेख विभाग November 12 2021 35069

अस्थमा (दमा) श्वसन मार्ग का एक जीर्ण सूजन वाला रोग है, जो कि ज्यादातर आनुवांशिक और पर्यावरणीय कारकों

डिप्रेशन के हर दिन मिल रहे 60 मरीज

डिप्रेशन के हर दिन मिल रहे 60 मरीज

admin May 30 2023 40969

जिला अस्पताल में मानसिक रोग चिकित्सक डॉ. विनीत अग्रवाल ने कहा कि ओपीडी में इस साल की शुरुआत से लेकर

चेहरे पर आती है सूजन तो करें ये उपाय

चेहरे पर आती है सूजन तो करें ये उपाय

आरती तिवारी September 22 2022 68841

चेहरे पर सूजन आना आम समस्या है। सूजन की ये समस्या समय के साथ खुद ही ठीक हो जाती है और अगर ये समस्या

खुशी फॉउण्डेशन व मैक्स हॉस्पिटल ने आयोजित किया निःशुल्क ह्रदय जांच शिविर

खुशी फॉउण्डेशन व मैक्स हॉस्पिटल ने आयोजित किया निःशुल्क ह्रदय जांच शिविर

रंजीव ठाकुर May 15 2022 24021

आजकल की भागदौड़ एवं तनाव भरी ज़िन्दगी में अधिकतर लोग अपने स्वास्थ्य खासतौर से हृदय की तरफ ध्यान नहीं द

देश भर में बच्चों में फैल रहा है खसरा का संक्रमण

देश भर में बच्चों में फैल रहा है खसरा का संक्रमण

विशेष संवाददाता December 21 2022 32440

देश में महाराष्ट्र, गुजरात और झारखंड सहित कई राज्यों में लंबे समय से खसरे का कहर जारी है। इसके चलते

Login Panel