देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

लक्षण नजर आएं तो गर्भवती की टीबी की जांच जरूर कराएँ

सिम्टोमेटिक स्क्रीनिंग में जिन गर्भवती में टीबी के लक्षण नजर आयें उनको टीबी जांच केन्द्रों पर अवश्य रेफर किया जाए। जाँच में जिन गर्भवती में टीबी की पुष्टि होती है उनका समय से उपचार शुरू किया जाएगा ताकि जच्चा-बच्चा को सुरक्षित बनाया जा सके।

रंजीव ठाकुर
July 06 2022 Updated: July 07 2022 03:25
0 30949
लक्षण नजर आएं तो गर्भवती की टीबी की जांच जरूर कराएँ प्रतीकात्मक चित्र

लखनऊ। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत अब गर्भवती के टीबी प्रबन्धन की पूरी तैयारी है। इसके तहत गर्भवती के प्रसव पूर्व जाँच में दो सप्ताह से खांसी व बुखार रहना, लगातार वजन कम होना और रात में पसीना आना जैसे लक्षण नजर आते हैं तो उनकी टीबी की जाँच करायी जाएगी। 

 

यह निर्णय ऐसे वक्त में लिया गया है जब नेशनल लेवल वर्चुअल प्रशिक्षण (national level virtual training) में यह बात निकलकर आई है कि उत्तर प्रदेश में हर साल करीब 8000 गर्भवती में टीबी के लक्षण पाए जाते हैं (8000 pregnant women are found to have symptoms of TB)। इन गर्भवती की समय से टीबी की जाँच और इलाज से गर्भवती के साथ ही गर्भस्थ शिशु को भी सुरक्षित बनाया जा सकेगा। इससे मातृ एवं शिशु मृत्यु दर (maternal and child mortality rate) में भी कमी लायी जा सकेगी।

  
 
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन-उत्तर प्रदेश (NHM UP) की मिशन निदेशक अपर्णा उपाध्याय ने इस सम्बन्ध में प्रदेश के सभी जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को आवश्यक निर्देश भी जारी किये हैं। इसके तहत प्रजनन आयु वर्ग की महिलाओं (15 से 49 वर्ष) के लिए सामूहिक टीबी प्रबन्धन का फ्रेम वर्क (TB management) इसी साल फरवरी में तैयार किया गया था। इसी क्रम में सूबे के सभी आंगनबाड़ी केन्द्रों, स्वास्थ्य उप केन्द्रों, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर गर्भवती की सिम्टोमेटिक स्क्रीनिंग (symptomatic screening of pregnant) करायी जाए। 

 

सिम्टोमेटिक स्क्रीनिंग में जिन गर्भवती में टीबी के लक्षण (TB symptoms in pregnant) नजर आयें उनको टीबी जांच केन्द्रों पर अवश्य रेफर किया जाए। जाँच में जिन गर्भवती में टीबी की पुष्टि होती है उनका समय से उपचार शुरू किया जाएगा ताकि जच्चा-बच्चा को सुरक्षित बनाया जा सके। निर्देश के क्रम में जनपद स्तर पर किये जाने वाले प्रबन्धन के बारे में कहा गया है कि जनपद स्तरीय गर्भवती में टीबी प्रबन्धन के लिए सहयोगात्मक ढांचा तैयार किया जाए। 

 

इसके लिए जनपद के अधिकारियों और कर्मचारियों का क्षमता वर्धन किया जाए और मातृत्व शिशु सुरक्षा कार्ड (MCP Card) पर स्क्रीनिंग लक्षणों को दर्ज किया जाए । इस सारी प्रक्रिया की समीक्षा और अनुश्रवण के लिए जरूरी सूचकांक एचएमआईएस पोर्टल (HMIS) और निक्षय पोर्टल के आंकड़ों के आधार पर तय किये गए हैं। 

 

किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय की स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ सुजाता देव (Sujata Dev, gynecologist and obstetrician at KGMU) का कहना है कि गर्भवती की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है, ऐसे में उनके संक्रामक बीमारियों की चपेट में आने की गुंजाइश ज्यादा होती है। उच्च जोखिम गर्भावस्था (HRP) वाली महिलाओं को तो खासतौर पर टीबी के संक्रमण से सुरक्षित बनाने की जरूरत है।

 

इसलिए गर्भवती में अगर टीबी के लक्षण नजर आते हैं तो समय से जाँच और उपचार शुरू करने से जच्चा-बच्चा को सुरक्षित बनाया जा सकता है। इसके लिए आवश्यक है कि गर्भवती चार जरूरी प्रसव पूर्व जांच जरूर कराएँ और गर्भावस्था के दौरान अपने खानपान का भी पूरा ख्याल रखें। आयरन और कैल्शियम की जरूरी गोलियों  का भी सेवन जरूर करें। गर्भवती को छाती रोग विशेषज्ञ से जांच कराकर टीबी का इलाज जारी रखना चाहिए।

 

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

ओमिक्रोन वायरस का नया वेरिएंट अपने मूल स्वरूप से ज्यादा तेजी से फैलता है: शोध

ओमिक्रोन वायरस का नया वेरिएंट अपने मूल स्वरूप से ज्यादा तेजी से फैलता है: शोध

एस. के. राणा February 02 2022 29280

दुनिया अभी कोरोना वायरस के खिलाफ जंग लड़ रही है। इस वायरस के Omicron वेरिएंट को काफी संक्रामक बताया

सीएचसी में ज्यादा से ज्यादा मरीजों को भर्ती किया जाए: ब्रजेश पाठक

सीएचसी में ज्यादा से ज्यादा मरीजों को भर्ती किया जाए: ब्रजेश पाठक

आरती तिवारी January 13 2023 31360

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएचसी में गर्भवती महिलाओं को उपचार के अलावा बाकी बीमारी से पीड़ितों को भी

डायबिटीज के पेशेंट भी खा सकते है दिवाली पर ये मिठाई

डायबिटीज के पेशेंट भी खा सकते है दिवाली पर ये मिठाई

लेख विभाग October 22 2022 29841

दिवाली पर सबसे ज्यादा टेंशन डायबिटीज वालों की होती है। फेस्टिवल की डिशेज़ देखकर मुंह में पानी आना तो

लगातार एक ही पोजीशन में बैठने से हो सकता है ये खतरा

लगातार एक ही पोजीशन में बैठने से हो सकता है ये खतरा

श्वेता सिंह October 28 2022 36078

वैसे तो यह एक आम समस्या है लेकिन सही वक्त पर इसका इलाज नहीं किया जाए तो इसकी एडवांस स्टेज में लंग्स,

आइएमए गोरखपुर 37 पुलिसकर्मियों का 12 अप्रैल को करेगा सम्मान

आइएमए गोरखपुर 37 पुलिसकर्मियों का 12 अप्रैल को करेगा सम्मान

आनंद सिंह April 12 2022 31233

कल के इस सम्मान समारोह में कास मेहमानों में अपर पुलिस महानिदेशक गोरखपुर जोन अखिल कुमार,  पुलिस उपमहा

कोवैक्सीन की बूस्टर डोज ओमिक्रॉन समेत कोरोना वैरिएंट्स के खिलाफ काफी असरदार: ICMR

कोवैक्सीन की बूस्टर डोज ओमिक्रॉन समेत कोरोना वैरिएंट्स के खिलाफ काफी असरदार: ICMR

विशेष संवाददाता April 10 2022 37886

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) और कोवैक्सीन निर्माता भारत बायोटेक की ओर से जनवरी में यह अध्य

मैक्स हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने एचआईवी पॉजिटिव मरीज का किया जटिल किडनी ट्रांसप्लांट

मैक्स हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने एचआईवी पॉजिटिव मरीज का किया जटिल किडनी ट्रांसप्लांट

हुज़ैफ़ा अबरार April 29 2026 1820

एचआईवी जैसी दूसरी बीमारियों के साथ ट्रांसप्लांट करना कई विशेषज्ञों के बीच बेहतर तालमेल और बेहद सावधा

सर्वाइकल कैंसर को पूरी तरह रोका जा सकता है: विश्व स्वास्थ्य संगठन

सर्वाइकल कैंसर को पूरी तरह रोका जा सकता है: विश्व स्वास्थ्य संगठन

हे.जा.स. November 18 2021 29555

एक अनुमान के अनुसार, सरवाइकल कैंसर से होने वाली हर 10 में से 9 मौतें, निम्न व मध्य आय वाले देशों में

कोलकाता में एडिनो वायरस से 2 बच्चों की मौत

कोलकाता में एडिनो वायरस से 2 बच्चों की मौत

विशेष संवाददाता February 22 2023 29471

अमेरिका के रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र के मुताबिक, एडिनो वायरस आमतौर पर किसी संक्रमित व्यक्ति के स

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रक्षा मंत्रालय द्वारा आयोजित कार्यक्रम में किया योगाभ्यास 

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रक्षा मंत्रालय द्वारा आयोजित कार्यक्रम में किया योगाभ्यास 

एस. के. राणा May 20 2022 40240

योग मधुमेह, उच्च रक्तचाप, और अवसाद सहित विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं का निदान करने का मार्ग है। यह आंत

Login Panel