देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

पीठ में लगातार दर्द का कारण स्पाइनल टीबी हो सकती है: डॉ राजेश वर्मा  

प्रोफेसर डॉ राजेश वर्मा के मुताबिक दो-तीन सप्ताह तक पीठ में दर्द रहने के बाद भी आराम न मिले तो तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए। आंकड़ों के मुताबिक डॉक्टर के पास पहुंचने वाले पीठ दर्द के केसों में से 10 फीसदी मरीजों में रीढ़ की हड्डी की टीबी का पता चलता है।

हुज़ैफ़ा अबरार
March 23 2022 Updated: March 23 2022 12:15
0 61211
पीठ में लगातार दर्द का कारण स्पाइनल टीबी हो सकती है: डॉ राजेश वर्मा   प्रतीकात्मक

लखनऊ। पीठ के दर्द को आम दर्द मानकर नजरअंदाज न करें। इसे मामूली समझना या फिर पेन किलर खाकर टाल देना गंभीर बीमारी दे सकता है। डॉक्टरों की मानें तो हाल के दिनों में ऐसे केसों की संख्या में इजाफा हुआ है जो पीठ दर्द को मामूली मानकर अनदेखा करते रहे। समस्या बढ़ने पर डॉक्टर के पास पहुंचे तो स्पाइनल टीबी निकलकर सामने आई।  

केजीएमयू के न्यूरोलाजी विभाग के प्रोफेसर डॉ राजेश वर्मा के मुताबिक दो--तीन सप्ताह तक पीठ में दर्द रहने के बाद भी आराम न मिले तो तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए। आंकड़ों के मुताबिक डॉक्टर के पास पहुंचने वाले पीठ दर्द के केसों में से 10 फीसदी मरीजों में रीढ़ की हड्डी की टीबी का पता चलता है। इसका सही समय पर इलाज न करवाने वाले लोगों में स्थायी रूप से अपाहिज होने का खतरा भी बना रहता है। इसकी पहचान भी जल्दी नहीं हो पाती है।

उन्होंने बताया कि सामान्य टीबी का इलाज 6 महीने में हो जाता है, लेकिन स्पानइल टीबी के दूर होने में 12 से 18 महीने का वक्त लग सकता है। गौरतलब है कि टीबी के कीटाणु फेफड़े से खून में पहुंचते हैं और कई बार रीढ़ की हड्डी तक इसका प्रसार हो जाता है। 

यूं होती है बीमारी की शुरुआत

डॉ राजेश का कहना है कि रीढ़ की हड्डी में होने वाली टीबी इंटर वर्टिबल डिस्क में शुरू होती है। फिर रीढ़ की हड्डी में फैलती है। समय पर इलाज न किया जाए तो लकवा होने की आशंका रहती है। यह युवाओं में ज्यादा पाया जाती है। इसके लक्षण भी साधारण हैं, जिसके कारण अक्सर लोग इसे नजरअंदाज कर देते हैं। रीढ़ की हड्डी में टीबी होने के शुरुआती लक्षण कमर में दर्द रहना, बुखार, वजन कम होना, कमजोरी या फिर उल्टी है। इन परेशानियों को लोग अन्य बीमारियों से जोड़ कर देखते हैं लेकिन रीढ़ की हड्डी में टीबी जैसी गंभीर बीमारी का संदेह बिल्कुल नहीं होता। पिछले कुछ साल में कुछ ऐसे मामले सामने आए है, जिसमें गर्भावस्था के दौरान महिलाओं में स्पाइनल टीबी देखी गई। 

इलाज है संभव

डॉ. राजेश का कहना है कि इस बीमारी का पता सीबीसी ब्लड काउंट, एलीवेटेड राइथ्रोसाइट सेडिमेटेशन, ट्यूबक्र्युलिन स्किन टेस्ट के जरिए लगाया जाता है। इसके अलावा रीढ़ की हड्डी का पहले एमआरआई, सीटी स्कैन और फिर बोन बायोप्सी जांच के जरिए भी टीबी के संक्रमण का पता लगाया जाता है। अगर शुरुआती दौर में ही बीमारी की पहचान कर ली जाए तो दवाईयों से इलाज संभव है। यदि संक्रमण ज्यादा फैला हो या पस की समस्या अधिक हो तो ऐसे में ऐसपिरेशन प्रक्रिया के जरिये पस को बाहर निकाल दिया जाता है। कई बार टीबी के कारण रीढ़ की हड्डी को ज्यादा नुकसान पहुंचने लगता है। ऐसी गंभीर स्थिति में सर्जरी ही इसका एकमात्र इलाज होता है। ऑपरेशन के बाद व्यक्ति पूर्ण रूप से स्वस्थ हो जाता है लेकिन इसके बाद भी उसे नियमित चेकअप और खानपान पर विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है।

बाल नाखून छोड़कर किसी भी हिस्से में हो सकती है टीबी 

डीटीओ डॉ. कैलाश बाबू के अनुसार बाल और नाखून छोड़कर टीबी शरीर के किसी भी हिस्से में हो सकती है। जो लोग सही समय पर इलाज नहीं कराते या इलाज बीच में छोड़ देते हैं, उनकी रीढ़ की हड्डी गल जाती है, जिससे स्थायी अपंगता आ जाती है। किसी भी आयु वर्ग के लोग रीढ़ की हड्डी के टीबी का शिकार हो सकते हैं। टीबी बैक्टीरिया शरीर के दूसरे हिस्सों जैसे दिमाग, पेट और अन्य हड्डियों को भी प्रभावित कर सकती है।

मुख्य लक्षण
• पीठ में अकड़न
• रीढ़ की हड्डी में असहनीय दर्द
• रीढ़ की हड्डी में झुकाव
• पैरों और हाथों में हद से ज्यादा कमजोरी और सुन्नपन
• हाथों और पैरों की मांसपेशियों में खिंचाव
• यूरिन पास करने में परेशानी
• रीढ़ की हड्डी में सूजन
• सांस लेने में दिक्कत

ऐसे होगा बचाव

• टीबी के संक्रमण से बचाव के लिए स्वच्छता जरूरी है। भोजन से पहले हाथों को ठीक से धोना जरूरी है
• शरीर की इम्यूनिटी बेहतर बनाए रखें
• हेल्दी डायट लें
• खांसी आने से पहले मुंह को ढककर रखें
• खांसी के मरीज के साथ भोजन करने से परहेज करें

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

बीआरडी मेडिकल कॉलेज का स्वर्ण जयंती समारोह आज, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ होंगे शामिल

बीआरडी मेडिकल कॉलेज का स्वर्ण जयंती समारोह आज, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ होंगे शामिल

अनिल सिंह November 05 2022 32040

बीआरडी मेडिकल कॉलेज की स्थापना के 50 वर्ष पूरे होने पर शनिवार को स्वर्ण जयंती समारोह का आयोजन किया

चीन में पढ़ाई कर रहे मेडिकल छात्रों की याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई, केंद्र सरकार से मांगा जवाब

चीन में पढ़ाई कर रहे मेडिकल छात्रों की याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई, केंद्र सरकार से मांगा जवाब

हे.जा.स. February 10 2022 31106

चीन के निंगबो विश्वविद्यालय में मेडिकल की पढ़ाई करने वाले 147 याचिकाकर्ता छात्रों ने अदालत को बताया

J.E.E. की तर्ज़ पर NEET-UG की परीक्षा को वर्ष में एक बार से अधिक आयोजित करने की संभावनाओं पर विचार। 

J.E.E. की तर्ज़ पर NEET-UG की परीक्षा को वर्ष में एक बार से अधिक आयोजित करने की संभावनाओं पर विचार। 

अखण्ड प्रताप सिंह January 24 2021 16004

क छात्र विभिन्न कारणों से साल में एक बार मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG के दिन गैर हाज़िर हो सकता है।

घटिया दवाओं के पकडे जाने पर दवा निर्माण कंपनी के निदेशकों पर मुकदमा नहीं चलाया जा सकता: उच्च न्यायालय

घटिया दवाओं के पकडे जाने पर दवा निर्माण कंपनी के निदेशकों पर मुकदमा नहीं चलाया जा सकता: उच्च न्यायालय

हे.जा.स. May 23 2022 42959

न्यायमूर्ति नागप्रसन्ना ने कहा कि याचिकाकर्ता, जब तक दवाओं की तैयारी और निर्माण में सक्रिय भूमिका नह

सीएम धामी के निर्देश पर आयुर्वेद विवि के वित्त नियंत्रक पर गिरी गाज

सीएम धामी के निर्देश पर आयुर्वेद विवि के वित्त नियंत्रक पर गिरी गाज

विशेष संवाददाता July 09 2023 32668

लगातार शिकायत मिलने के बाद सीएम धामी एक्शन मोड़ में नजर आए। वहीं अब सीएम धामी के आदेश के बाद आयुर्वे

आईसीएमआर-एनआईआईएच ने खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए बनाया रैपिड डायग्नोस्टिक किट

आईसीएमआर-एनआईआईएच ने खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए बनाया रैपिड डायग्नोस्टिक किट

एस. के. राणा April 26 2022 28726

आईसीएमआर-एनआईआईएच ने हीमोफीलिया और खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए रैपिड डायग्नोस्टिक किट

सुपरस्टार विजय देवरकोंडा और अभिनेत्री अनन्या पांडे से जानिए फिटनेस के राज़

रंजीव ठाकुर August 24 2022 32048

सुपरस्टार विजय देवरकोंडा और अभिनेत्री अनन्या पांडे अपनी आने वाली फिल्म लाइगर के प्रमोशन के लिए राजधा

जिन्दगी की दौड़ में पिछड़ जाते हैं ए.डी.एच.डी. विकार से पीड़ित बच्चे: डॉ आदर्श त्रिपाठी

जिन्दगी की दौड़ में पिछड़ जाते हैं ए.डी.एच.डी. विकार से पीड़ित बच्चे: डॉ आदर्श त्रिपाठी

हुज़ैफ़ा अबरार December 04 2022 19311

केजीएमयू के मनोचिकित्सक डॉ आदर्श त्रिपाठी बतातें हैं कि अटेंशन डिफिशिएंट हाइपरऐक्टिव डिसआर्डर में दो

शहर को जाम से निजात दिलाने में डॉक्टर भी करेंगे प्रशासन का भरपूर सहयोग : डा. शाही

शहर को जाम से निजात दिलाने में डॉक्टर भी करेंगे प्रशासन का भरपूर सहयोग : डा. शाही

आनंद सिंह April 13 2022 26312

आईएमए की तरफ से 37 पुलिस वालों को सम्मानित किया गया। आज तमकुही राज से नवनिर्वाचित विधायक डा. असीम कु

देहरादून में मृतकों को भी लग रही है कोरोना वैक्सीन, प्रमाण भी हुआ जारी

देहरादून में मृतकों को भी लग रही है कोरोना वैक्सीन, प्रमाण भी हुआ जारी

एस. के. राणा March 07 2022 34032

यहाँ मृतकों को कोरोना वैक्सीन लगाने जाने का मामला सामने आया है। हैरत की बात यह है कि यह पहला मामला न

Login Panel