











































प्रतीकात्मक
गर्मी के मौसम में सूरज की तपती किरणे आपकी सेहत और शरीर पर हानिकारक असर डालतीं हैं, स्किन और बालों पर भी इसके दुष्प्रभाव दिखाई देते हैं। इस मौसम में अपनी सुंदरता बनाये रखने के लिए शरीर और हेल्थ पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। हम आपको 10 ऐसे उपाय बता रहें हैं जिनसे आपकी सेहत तो ठीक होगी ही साथ साथ आपकी ब्यूटी भी बनी रहेगी।
हल्की और हेल्दी डाइट लें - Take a light and healthy diet

गर्मी में सेहत और खूबसूरती दोनों के लिए ही ज़रूरी है कि आपका खानपान हल्का और हेल्दी हो । मसालेदार, तली हुई एवं भारी चीजों को खाने से बचें और तरल पदार्थ, फल, सब्जियां, सलाद, दही, छाछ आदि का प्रयोग करें, ताकि शरीर में हल्कापन बना रहे और त्वचा में नमी बनी रहे।
लिक्विड ज़्यादा लें - Take more liquid

लिक्विड पदार्थो का सेवन खूब करें, ताकि शरीर में तरलता बनी रहे और हानिकारक तत्व शरीर से बाहर निकल सकें। यह आपकी सेहत के साथ-साथ त्वचा को भी साफ और स्वस्थ्य रखने में कारगर है।
सनस्क्रीन क्रीम यूज़ करें - Use sunscreen cream

जब भी घर से बाहर निकलें, त्वचा पर सनस्क्रीन जरूर लगाएं, ताकि आपकी त्वचा टैनिंग और यूवी किरणों के दुष्प्रभाव से सुरक्षित रह सके। इस बात का ध्यान रखें कि सनस्क्रीन एपीएफ15 से अधिक हो।
सनग्लास चश्में का यूज़ करें - Use sunglasses

सूर्य की पराबैंगनी किरणों से आंखों को बचाने के लिए सनग्लास यानि धूप के चश्मे का इस्तेमाल बेहद आवश्यक है। इससे आपकी आंखों की रोशनी और खूबसूरती दोनों बरकरार रहेंगी।
सूती और हलके रंग वाले कपड़े पहनें - Wear cotton and light colored clothes

गर्मी में, खास तौर से बाहर निकलते वक्त हल्के रंगों वाले सूती कपड़ों का इस्तेमाल करें, साथ ही इस बात का ध्यान रखें की आपका पूरा शरीर ढंका हो। इससे आपकी सेहत व त्वचा की खूबसूरती पर विपरीत प्रभाव नहीं पड़ेगा।
शरीर को ढकें - Cover the body

पैरों में सूती मोजे पहनें और हो सके तो चेहरे को किसी सूती कपड़े से ढंककर ही बाहर निकलें। अगर आप ऐसा नहीं कर सकतीं , तो कम से कम धूप से बचने के लिए कोई टोपी जरूर लगाएं।
शरीर को साफ़ रखें - Keep body clean

बाहर से आने के बाद हो सके तो नहाएं या फिर चेहरे और हाथ पैरों को ठंडे पानी से धोएं। इससे आप ताजगी महसूस करेंगे और शरीर की गर्माहट के साथ-साथ पसीना, थकान एवं चिड़चिड़ाहट भी कम हो जाएगी।
बालों की देखभाल करें - Take care of hair

कोशिश करें की घर से बाहर निकलते वक्त बालों को बांध कर निकलें, ताकि धूप से बालों को बचाया जा सके। इस मौसम में बालों में पसीना आता है और बाद में चिपचिपाहट होती है, इसलिए हर एक दिन छोड़कर बाल धोएं।
त्वचा की देखभाल करें - Take care of skin

त्वचा को गर्मी के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए जरूरी है, कि त्वचा पर बर्फ की मसाज करें और ऐलोवेरा, दही-बेसन, नींबू जैसे घरेलू उपायों से त्वचा को पुर्नजीवित किया जा सकता है।
व्यायाम व ध्यान करें - Exercise and meditation

इस दिनों में भले ही पसीना अधिक आता हो, लेकिन शारीरिक व्यायाम या योगा के साथ-साथ ध्यान जरूर करें। इससे आप न केवल फिट और तरोताजा बने रहेंगे बल्कि मानसिक रूप से भी शांत रहेंगे।







एस. के. राणा January 13 2026 0 3556
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 3556
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3381
एस. के. राणा January 20 2026 0 3346
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3108
एस. के. राणा February 01 2026 0 2786
एस. के. राणा February 04 2026 0 2583
उत्तर प्रदेश
सौंदर्या राय May 06 2023 0 102418
सौंदर्या राय March 09 2023 0 106946
सौंदर्या राय March 03 2023 0 107199
admin January 04 2023 0 107054
सौंदर्या राय December 27 2022 0 97530
सौंदर्या राय December 08 2022 0 85932
आयशा खातून December 05 2022 0 140525
लेख विभाग November 15 2022 0 109596
श्वेता सिंह November 10 2022 0 158834
श्वेता सिंह November 07 2022 0 109788
लेख विभाग October 23 2022 0 94674
लेख विभाग October 24 2022 0 98055
लेख विभाग October 22 2022 0 103778
श्वेता सिंह October 15 2022 0 106718
मिली जानकारी के मुताबिक, संक्रमण दर 10 फीसदी से ज्यादा जरूर है लेकिन, जांच बहुत कम संख्या में हो रही
प्रदेश में कोरोना संक्रमण का पहला मामला 15 मार्च 2020 को मिला था। इसके बाद से प्रदेश में संक्रमण का
जो लोग भी पंजीकरण कराकर वैक्सीनेशन सेंटर पहुंचेगे, उन्हें सुबह 11 बजे तक प्राथमिकता के आधार पर टीका
इस बार कोरोना का वायरस काफी अलग है। साथ ही इसकी चपेट में आने वाले गंभीर मरीज पहले की तुलना में भी अल
आंकड़े बताते हैं कि कई महिलाएं शर्म और सामाजिक कारणों से पेड लीव नहीं लेती। एक सर्वेक्षण के अनुसार ज
यदि आपको कान में दर्द, कान का बजना, सीटी जैसी सनसनी, कान में झुनझुनी महसूस हो रही है, तो यह कोरोना व
विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर सीएमओ कार्यालय से चिकित्सकों ने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने जा
वायु प्रदूषण इस समय दुनिया का सबसे बड़ा पर्यावरणीय स्वास्थ्य खतरा है, जो दुनिया भर में प्रतिवर्ष 70 ल
दन्त चिकित्सा में गुणवत्ता बढ़ाने के उद्देश्य से डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया ने बड़ा कदम उठाया है। काउंसिल
कंपनी द्वारा स्थापित केन्द्रों में उपभोक्ताओं को डाबर की इम्युनिटी बूस्टिंग रेंज जैसे डाबर च्यवनप्रा

COMMENTS