देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

स्वास्थ्य

गर्भावस्था के दौरान खान-पान के बारे में जानिए डॉ. परितोष त्रिवेदी से

फूड व न्यूट्रीशन बोर्ड के अनुसार सगर्भा महिला को आहार के माध्यम  से 300 कैलोरीज अतिरिक्त मिलनी ही चाहिए। यानि सामान्य महिला कि अपेक्षा गर्भवती महिला को 2400 कैलोरीज प्राप्त हो इतना आहार लेना चाहिए और विविध विटामिन, मिनिरल्स  अधिक मात्रा में प्राप्त करना चाहिए।

लेख विभाग
April 29 2022 Updated: April 29 2022 16:20
0 52531
गर्भावस्था के दौरान खान-पान के बारे में जानिए डॉ. परितोष त्रिवेदी से प्रतीकात्मक चित्र

हर महिला कि यह इच्छा होती है कि वह एक स्वस्थ बच्चे को जन्म दे। इस इच्छा को पूर्ण करने के लिए गर्भावस्था मे पौष्टिक आहार का सेवन पर्याप्त मात्रा मे करना बेहद जरुरी है। गर्भस्थ शिशु (fetus) का विकास माता के आहार पर निर्भर होता है। गर्भवती महिला (pregnant woman ) को ऐसा आहार करना चाहिए जो उसके गर्भस्थ शिशु के पोषण कि आवश्यकताओं को पूरा कर सके।

सामान्य महिला को प्रतिदिन 2100 कैलोरीज का आहार करना चाहिए। फूड व न्यूट्रीशन बोर्ड के अनुसार सगर्भा महिला को आहार के माध्यम  से 300 कैलोरीज अतिरिक्त मिलनी ही चाहिए। यानि सामान्य महिला कि अपेक्षा गर्भवती महिला को 2400 कैलोरीज प्राप्त हो इतना आहार लेना चाहिए और विविध विटामिन, मिनिरल्स  अधिक मात्रा में प्राप्त करना चाहिए।

गर्भावस्था में महिला को आहार में कौन से चीजें लेना चहिए ओर कितनी मात्रा में लेना चाहिए इसकि अधिक जानकारी नीचे दी गयी है-

प्रोटीन - Protein

  • गर्भवती महिला को आहार मे प्रतिदिन 60 से 70 ग्राम प्रोटीन  मिलना चाहिए।
  • गर्भवती महिला के गर्भाशय, स्तनों तथा गर्भ के विकास ओर वृद्धि के लिये प्रोटीन  एक महत्वपूर्ण तत्व है।
  • अंतिम 6 महीनो के दौरान करीब 1 किलोग्राम प्रोटीन  की आवश्यकता होती है।
  • प्रोटीन युक्त आहार मे दूध और दुध से बने व्यंजन, मूंगफली, पनीर, चिज़, काजू, बदाम, दलहन, मांस, मछली, अंडे आदि  का समावेश होता है।

कैल्शियम - Calcium

  • गर्भवती महिला को आहार मे प्रतिदिन 1500 -1600 मिलीग्राम कैल्सियम मिलना चाहिए।
  • गर्भवती महिला और गर्भस्थ शिशु की स्वस्थ और मजबूत हड्डियों के लिये इस तत्व कि आवश्यकता रहती है।
  • कैल्सियम युक्त आहार में दूध और दूध से बने व्यंजन, दलहन, मक्खन, चीज, मेथी, बीट, अंजीर, अंगूर, तरबूज, तिल, उड़द, बाजऱा, मांस आदि  का समावेश होता है।

फोलिक एसिड - Folic Acid

  • पहली तिमाही वाली महिलाओं को प्रतिदिन 4 एमजी फोलिक एसिड लेने  की आवश्यकता होती है। दूसरी और तीसरी तिमाही मे 6 एमजी फोलिक एसिड लेने  की आवश्यकता होती है।
  • पर्याप्त मात्रा में फोलिक एसिड लेने से जन्मदोष और गर्भपात होने का खतरा कम हो जाता है। इस तत्व के सेवन से उलटी पर रोक लग जाती है।
  • आपको फोलिक एसिड का सेवन तब से कर लेना चाहिए जब से आपने माँ बनने का मन बना लिया हो।
  • फोलिक एसिड युक्त आहार मे दाल, राजमा, पालक, मटर, मक्का, हरी सरसो, भिंड़ी, सोयाबीन, काबुली चना, स्ट्रॉबेरी, केला, अनानस, संतरा, दलीया, साबुत अनाज का आटा, आटे कि ब्रेड आदि  का समावेश होता है।

पानी - Water

गर्भवती महिला हो या कोई भी व्यक्ति, पानी हमारे शरीर के लिये बहुत महत्वपूर्ण है। गर्भवती महिलाओं  को अपने शरीर कि बढ़ती हुईं आवश्यकताओं को पूरा करने के लिये प्रतिदिन कम से कम 3 लीटर (10 से 12 ग्लास) पानी जरुर पीना चाहिए। गर्मी के मौसम में 2 ग्लास अतिरिक्त पानी पीना चाहिए।

  • हमेशा ध्यान रखे कि आप साफ़ और सुरक्षित  पानी पी रहे है। बाहर जाते समय अपना साफ़ पानी साथ रखे या अच्छा बोतलबंद पानी का उपयोग करे।
  • पानी की हर बूंद आपकी गर्भावस्था को स्वस्थ और सुरक्षित बनाने मे सहायक है।

विटामिन - Vitamina

  • सगर्भावस्था के दौरान विटामिन की जरुरत बढ़ जाती है।
  • आहार ऐसा होना चाहिए कि जो अधिकधिक मात्रा मे कैलोरीज तथा उचित मात्रा में प्रोटीन  के साथ विटामिन कि जरुरत कि पूर्ति कर सके।
  • हरी सब्जियां, दलहन, दूध आदि  से विटामिन उपलब्ध हो जाते है।

आयोडीन - Iodine

  • गर्भवती महिलाओं के लिये प्रतिदिन 200-220 माइक्रोग्राम आयोडीन  की आवश्यकता होती है।
  • आयोडीन  आपके शिशु के दिमाग के विकास  के लिये आवश्यक है। इस तत्व की कमी से बच्चे मे मानसिक रोग, वजन बढ़ना और महिलाओं  मे गर्भपात जैसी  अन्य खामिया उत्पन्न होती है।
  • गर्भवती महिलाओं  को अपने डॉक्टर कि सलाह अनुसार थाइरोइड प्रोफाइल जॉंच कराना चाहिए।
  • आयोडीन  के प्राकृतिक स्त्रोत्र है अनाज, दालें, ढूध, अंड़े, मांस। आयोडीन  युक्त नमक अपने आहार मे आयोडीन  शामिल करने का सबसे आसान और सरल उपाय है।

जिंक - Zinc

  • गर्भवती महिलाओं   के लिये प्रतिदिन 15 से 20 मिलीग्राम जिंक की  आवश्यकता होती है।
  • इस तत्व कि कमी से भूख नहीं लगती, शारीरिक विकास अवरुद्ध हो जात्ता है, त्वचा रोग होते है।
  • पर्याप्त मात्रा में शरीर को जिंक की  पूर्ति करने के लिए हरी सब्जिया और मल्टी-विटामिन सप्प्लिमेंट  ले सकते है।

आवश्यक मार्गदर्शन - Necessary uidelines

गर्भवती महिलाओं को आहार संबंधी निम्नलिखित बातों का ख्याल रखना चाहिए -

  • गर्भवती महिला को हर 4 घंटे में कुछ खाने की कोशिश करनी चाहिए। हो सकता है आपको भूख न लगी हो, परन्तु हो सकता है कि आपका गर्भस्थ शिशु भूखा  हो।
  • वजन बढ़ने कि चिंता करने के बजाय अच्छी तरह से खाने कि ओर ध्यान देना चाहिए।
  • कच्चा दूध न पिए।
  • मदिरापान अथवा  धूम्रपान न करे।
  • कैफीन की मात्रा कम करे। प्रतिदिन 200 मिलीग्राम  से अधिक कैफीन लेने पर गर्भपात और कम वजन वाले शिशु के जन्म लेने का खतरा बढ़ जाता है।
  • गर्भवती महिलाओं  को गर्म मसालेदार चींजे नहीं खाना चाहिए।
  • सम्पूर्ण गर्भावस्था के दौरान गर्भवती महिला का वजन 10 से 12 किलो बढ़ना चाहिए।
  • गर्भवती महिला को उपवास नहीं करना चाहिए।
  • गर्भवती महिला को मीठा खाने की इच्छा हो तो उन्हें अंजीर खाना चाहिए। इसमें प्रचुर मात्रा में कैल्सियम है और इससे कब्ज भी दूर होता हैं।
  • सब्जियों का  सूप और जूस लेना चाहिए। भोजन के दौरान इनका सेवन करे। बाजार में मिलने वाले रेडीमेड सूप व् जूस का उपयोग न करे।
  • गर्भवती महिला को फास्टफूड, ज्यादा तला हुआ खाना, ज्यादा तिखा और मसालेदार खाने से परहेज करना चाहिए।
  • अपने डॉक्टर की  सलाह अनुसार विटामिन और आयरन की  गोलिया नियमित समय पर लेना चाहिए।
  • एनेमिया से बचने के लिए अखण्ड अनाज से बने पदार्थ, अंकुरित दलहन, हरे पत्तेवाली साग भाज़ी, ग़ुड़, तिल आदि  लोहतत्व से भरपूर खाद्यपदार्थों का सेवन करना चाहिए।

लेखक: डॉ. परितोष त्रिवेदी

 

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

लोहिया अस्पताल को सेवा और करुणा से विश्व स्तरीय बना दीजिए - ब्रजेश पाठक

लोहिया अस्पताल को सेवा और करुणा से विश्व स्तरीय बना दीजिए - ब्रजेश पाठक

रंजीव ठाकुर April 14 2022 30908

ब्रजेश पाठक, उप-मुख्यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा के कर कमलों द्वारा संस्थान के पुनर्निमित आर्थोपेडिक्स इ

पित्त की थैली में पथरी का डॉक्टरों ने किया सफल ऑपरेशन

पित्त की थैली में पथरी का डॉक्टरों ने किया सफल ऑपरेशन

विशेष संवाददाता February 03 2023 121898

जिला अस्पताल में एक मरीज पेट में दर्द के लिए भर्ती हुआ था, सोनोग्राफी में जांच करने पर उसके पित्त की

लैक्टोज इंटॉलरेंस: लक्षण, कारण, निदान, प्रबंधन और जटिलताएं

लैक्टोज इंटॉलरेंस: लक्षण, कारण, निदान, प्रबंधन और जटिलताएं

लेख विभाग July 12 2022 38761

लैक्टोज इंटॉलरेंस के पाचन संबंधी लक्षण लैक्टोज मालएब्सॉर्प्शन के कारण होते हैं। लैक्टोज मालएब्सॉर्प्

उत्तर प्रदेश में फार्मा उद्योग को आकर्षित करने पर हुआ मंथन

उत्तर प्रदेश में फार्मा उद्योग को आकर्षित करने पर हुआ मंथन

रंजीव ठाकुर May 01 2022 37633

उत्तर प्रदेश में विश्व के फार्मा उद्योग को आकर्षित करने और उनके लिए बेहतर माहौल बनाने पर शनिवार को ड

कोरोना की दूसरी लहर के दौरान आक्सीजन बांटने वालों को राहत।

कोरोना की दूसरी लहर के दौरान आक्सीजन बांटने वालों को राहत।

एस. के. राणा August 07 2021 23573

नई दिल्ली ड्रग कंट्रोलर ने कहा है कि कोरोना की दूसरी लहर के दौरान जरूरतमंदों को आक्सीजन बांटने वालों

रेलवे चिकित्सालय में लगायी गयी एक्सरे मशीन

रेलवे चिकित्सालय में लगायी गयी एक्सरे मशीन

अनिल सिंह November 01 2022 31516

सोमवार को एक्सरे मशीन को लगा दिया गया है। रेल कर्मचारियों व उनके परिजनों के लिए ये अच्छी खबर है।

सहारा हॉस्पिटल में रक्तदान शिविर आयोजित

सहारा हॉस्पिटल में रक्तदान शिविर आयोजित

हुज़ैफ़ा अबरार June 18 2022 34474

रक्त दाताओं ने अपने अनुभव को साझा करते हुए अनिल विक्रम सिंह ने कहा कि उन्हें रक्तदान करने से किसी भी

सर्दियों में रोज रात को पिएं हल्दी वाला दूध, कई बीमारियों से रहेंगे कोसों दूर

सर्दियों में रोज रात को पिएं हल्दी वाला दूध, कई बीमारियों से रहेंगे कोसों दूर

श्वेता सिंह November 15 2022 30562

सर्दियों के मौसम में सर्दी-जुकाम की समस्या हो जाती है, लेकिन सर्दी-जुकाम की समस्या होने पर अगर आप हल

हकीम अजमल खान की जयंती पर मनाया गया राष्ट्रीय यूनानी दिवस।

हकीम अजमल खान की जयंती पर मनाया गया राष्ट्रीय यूनानी दिवस।

हुज़ैफ़ा अबरार February 12 2021 30215

एक मुफ्त यूनानी चिकित्सा कैंप का आयोजन अल हुदा मॉडल इंटर कालेज त्रिवेणी नगर, सीतापुर रोड, लखनऊ में क

पीलिया रोग के कारण और बचाव के तरीके।

पीलिया रोग के कारण और बचाव के तरीके।

लेख विभाग September 24 2021 48746

किसी संक्रमण या चोट के कारण लीवर को क्षति पहुँचती है तब वह बिलीरुबिन को रक्त से अलग नहीं कर पाता है

Login Panel