











































सेहरी प्रतीकात्मक चित्र
हर साल रमजान के दिनों में लाखों मुसलमान (Muslims) सूर्योदय से सूर्यास्त तक 30 दिनों के लिए रोज़ा रखते हैं। रोज़ा के दौरान शरीर ऊर्जा के लिए पहले लीवर में जमा ब्लड शुगर का इस्तेमाल करता है। उपवास के दौरान या बाद में, ग्लूकोज के भंडार ख़त्म होने के बाद, शरीर के लिए ऊर्जा का अगला स्रोत वसा बन जाता है। इस अवधि के तुरंत बाद, हमारा शरीर लीवर में जमा ग्लूकोज और मांसपेशियों से ऊर्जा पाने लगता है।
रोज़ा के शुरुआती कुछ दिन मुश्किल होते हैं। -The first few days of fasting are difficult
रोज़ा के शुरुआती कुछ दिन मुश्किल होते हैं, जब शरीर लंबी अवधि के लिए भूखे रहने का अभ्यास करता है, जब शरीर से वसा कम होना शुरू होता है, तो इससे वज़न घटता है, कोलेस्ट्रोल (cholesterol) की मात्रा घटती है और यह डायबिटीज़ के जोखिम को भी कम करता है। हालांकि, ब्लड शुगर का स्तर कम होना कमज़ोरी और सुस्ती का कारण बन सकती है। आपको सिर में दर्द, चक्कर आना, उल्टी और सांस की कमी जैसा भी अनुभव हो सकता है। यह तब होता है जब आपकी भूख अपने सबसे तीव्र स्तर पर होती है।
तकनीकी रूप से अंतिम बार भोजन करने के आठ घंटे या उसके भी कुछ समय बाद तक आपका शरीर उपवास की दशा में नहीं आता है. यह आपकी आंत के भोजन से पोषक तत्वों को अवशोषित करने का समय है। उपवास के बीच में शरीर में पानी की कमी नहीं होने देनी चाहिए। आपके खाने में पर्याप्त मात्रा में कार्बोहाइड्रेड और कुछ वसा जैसे एनर्जी फूड होने चाहिए। इस दौरान कुछ प्रोटीन, नमक और पानी युक्त संतुलित आहार का लेना ज़रूरी है।
कैम्ब्रिज में एडेनब्रूक के एक अस्पताल (Addenbrooke's Hospital) के एनेस्थेसिया और इंटेंसिव केयर मेडिसीन में सलाहकार रज़ीन महरूफ़ कहते हैं कि इसके अन्य फ़ायदे भी हैं। डॉ. महरूफ़ कहते हैं, "रोज़ाना हम अपने दैनिक जीवन में बहुत अधिक कैलोरी खाते हैं और यह आपके शरीर को अन्य कार्यों को करने से रोक सकता है, जैसे कि खुद की मरम्मत करना।रोज़ा के दौरान इसे सही किया जाता है, जिससे कि शरीर अन्य कार्यों पर ध्यान दे सके।"
तो रोज़ा (Roza) स्वस्थ बनाने, संक्रमण रोकने और इससे लड़ने के लिए शरीर को फायदा पहुंच सकता है।
16 से 30 दिन डीटॉक्सिंग। - 16 to 30 days of detox
रमजान (Ramadan) के आखिरी आधे हिस्से के दौरान, शरीर उपवास प्रक्रिया के अनुरूप ढल जाता है. इस दौरान आपके मलाशय, लीवर, किडनी और त्वचा डीटॉक्सिफिकेशन के दौर से गुजरते हैं।
डॉ. रज़ीन महरूफ़ (Dr. Razeen Maharoo) कहते हैं कि लगातार और लंबी अवधि का उपवास वज़न घटाने का अच्छा तरीका नहीं है। डॉ. महरूफ़ कहते हैं, "स्वास्थ्य के मामले में इस चरण में शरीर के अंगों को कार्य करने की अधिकतम क्षमता पर लौट आना चाहिए। आपकी याददाश्त और एकाग्रता बढ़ सकती है और आपमें और अधिक एनर्जी आ सकती है।"
"ऊर्जा के लिए आपके शरीर को प्रोटीन (protein) का रुख नहीं करना चाहिए। ये वो वक्त है जब वह भुखमरी के मोड़ में आने लगता है और ऊर्जा के लिए आपकी मांसपेशियों का इस्तेमाल करने लगता है। यह तब होता है जब आपका उपवास कई दिनों या हफ़्तों तक चलता रहता है।"
"चूंकि रमजान में रोज़ा केवल सुबह से शाम तक चलता है, इसलिए हमारे पास ऊर्जा देने वाले खाद्य पदार्थों और तरल पदार्थों से खुद को भरने का पर्याप्त अवसर होता है। यह मांसपेशियों को बरकरार रखता है लेकिन साथ ही वज़न घटाने (weight loss) में भी मदद करता है।"







हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 693
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 217
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 0
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4025
एस. के. राणा January 20 2026 0 3920
एस. के. राणा January 13 2026 0 3899
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3899
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3584
एस. के. राणा February 01 2026 0 3262
एस. के. राणा February 04 2026 0 3129
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86413
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34140
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37278
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35014
लेख विभाग March 19 2022 0 34496
सौंदर्या राय March 16 2022 0 71797
ऑयली स्किन चेहरे पर अनावश्यक चमकदार लुक देती है और ये स्किन के पोर्स बंद कर सकती है।
डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में अब एक छत के नीचे किडनी,लिवर और बोन मैरो का प्रत्यारोप
किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में कुलपति डॉ बिपिन पुरी ने पिछले लगभग 20 वर्षों से 37 छात्र एमबीब
एंटीबायोटिक्स, सर्दी-खांसी की दवाएं, एंटी-इंफ्लेमेटरी ड्रग्स, कान-नाक और गले की दवाएं, एंटीसेप्टिक्स
सब लोगों ने बिना किसी भय के ईमानदारीपूर्वक अपनी जिम्मेदारी निभायी। सबने बहुत अच्छा काम किया और आज भी
सीएमओ डॉ. आशुतोष कुमार दूबे ने बताया कि डेंगू की रोकथाम के लिए मलेरिया व फाइलेरिया विभाग को लगाया गय
एम्स के निदेशक रणदीप गुलेरिया ने शनिवार को कहा है कि अगले 6 से 8 हफ्ते में कोरोना की तीसरी लहर आ सकत
इन पाठ्यक्रमों को कौशल विकास कार्यक्रम के तहत संचालित किया जाएगा।जिनकी अवधि पूरी होने पर छात्र हेल्थ
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने लापरवाह डॉक्टर्स पर कड़ी कार्रवाई करते हुए चार चिकित्सकों को बर्खास्त कर
गाइडलाइन के मुताबिक अगर बच्चे को तीन दिन से ज्यादा बुखार आ रहा है या परिवार में किसी को कोरोना हुआ ह

COMMENTS