देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

राष्ट्रीय

आईसीएमआर-एनआईआईएच ने खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए बनाया रैपिड डायग्नोस्टिक किट

आईसीएमआर-एनआईआईएच ने हीमोफीलिया और खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए रैपिड डायग्नोस्टिक किट तैयार किया है। यह जानकारी आईएमआर ने ट्वीट के माध्यम से दिया। इस किट को DCGI से अनुमोदन मिल चुका है।

0 28341
आईसीएमआर-एनआईआईएच ने खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए बनाया रैपिड डायग्नोस्टिक किट प्रतीकात्मक

नयी दिल्ली। आईसीएमआर-एनआईआईएच ने हीमोफीलिया और खून से जुड़ी बीमारियों का पता लगाने के लिए रैपिड डायग्नोस्टिक किट तैयार किया है। यह जानकारी आईएमआर ने ट्वीट के माध्यम से दिया। इस किट को DCGI से अनुमोदन मिल चुका है।

रैपिड डायग्नोस्टिक किट (Rapid Diagnostic Kits) का उपयोग प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में किया जा सकता है। यह किट उन क्षेत्रों में रक्तस्राव विकारों के लिए बेहतर है जहां डायग्नोस्टिक सुविधाएं सीमित हैं। इस रैपिड किट की उपलब्धता बढ़ाने के लिए बड़े पैमाने पर इसका निर्माण प्रौद्योगिकी संस्थानो द्वारा किया जाएगा।

 हीमोफीलिया 
यह एक ऐसी बीमारी है, जिसमें खून का थक्का नहीं बनता या यूं कहें खून जमता नही। इस बीमारी से पीड़ित मरीज की ब्लीडिंग (Bleeding) रुकती ही नहीं है। वैसे तो  शरीर के किसी हिस्से में कटने पर कुछ देर में ब्लड का थक्का बन जाता है, जिससे ब्लीडिंग रुक जाती है, लेकिन हीमोफीलिया पीड़ित मामलों में ऐसा नहीं होता। इसलिए इस बीमारी का पता चलना जरूरी है। कई बार लोगों को पता ही नहीं होता है और वे इसके शिकार हो जाते हैं। ऐसे में ये किट लोगों के लिए लाभदायक होगी।

हीमोफीलिया के लक्षण
हीमोफीलिया (Hemophilia) से पीड़ित लोगों के शरीर में नीले-नीले निशानों का बन जाते हैं।इसके अन्य लक्षणों में नाक से खून का बहना, आंख के अंदर खून का निकलना और जोड़ों की सूजन आदि हैं। 

वॉन विलेब्रांड रोग (Von Willebrand Disease) 
वॉन विलेब्रांड रोग एक आजीवन रक्तस्राव विकार है जिसमें आपका रक्त ठीक से नहीं जमता है। इस रोग से ग्रसित लोगों में वॉन विलेब्रांड कारक का स्तर कम होता है, एक प्रोटीन जो रक्त का थक्का बनाने में मदद करता है, या प्रोटीन वैसा प्रदर्शन नहीं करता जैसा उसे करना चाहिए।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

गॉल ब्लैडर की समस्या से बचने के लिए बिना रसायन वाली साग-सब्जियां खायें: डॉ डीएस सिंह

गॉल ब्लैडर की समस्या से बचने के लिए बिना रसायन वाली साग-सब्जियां खायें: डॉ डीएस सिंह

admin March 18 2022 44593

लोगों को प्रकृति की तरफ लौटना चाहिए। चावल, दाल, रोटी, हरी सब्जी आदि का सेवन ज्यादा अहम होता है। पानी

गर्मियों में ठंडा पानी पीना हो सकता है खतरनाक !

गर्मियों में ठंडा पानी पीना हो सकता है खतरनाक !

लेख विभाग April 18 2023 29338

कुछ लोग तो बाहर से आने के बाद फ्रिज खोलते हैं, और चिल्ड वाटर पीकर खुश हो जाते हैं लेकिन ऐसा करना सेह

झोलाछाप डॉक्टर की लापरवाही के चलते नवजात की मौत, अस्पताल सील

झोलाछाप डॉक्टर की लापरवाही के चलते नवजात की मौत, अस्पताल सील

विशेष संवाददाता March 15 2023 35757

बांके बिहारी अस्पताल में आई महिला के शिशु की डिलीवरी के दौरान मौत हो गयी। जिससे अस्पताल का पूरा स्टा

20 जुलाई को प्रदेश भर में 9.41 करोड़ बच्चे खाएंगे, पेट से कीड़े निकालने की दवा

20 जुलाई को प्रदेश भर में 9.41 करोड़ बच्चे खाएंगे, पेट से कीड़े निकालने की दवा

हुज़ैफ़ा अबरार July 19 2022 26493

वर्ष तक के बच्चों व किशोर-किशोरियों को 20 जुलाई को एल्बेन्डाजोल की गोली खिलाई जाएगी। यह जानकारी दी र

एक्शन में डीएम डॉ. चंद्रशेखर, अस्पतालों का किया जा रहा निरीक्षण

एक्शन में डीएम डॉ. चंद्रशेखर, अस्पतालों का किया जा रहा निरीक्षण

हे.जा.स. May 29 2023 43356

डीएम डॉक्टर चंद्रशेखर के निर्देश पर सोमवार को पटना जिला अंतर्गत अनेक अल्ट्रासाउंड सेंटर क्लीनिक का

अब मादक पदार्थ कारोबारियों पर चलेगा सीएम योगी का बुलडोजर, बनी एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स

रंजीव ठाकुर August 25 2022 22189

मुख्यमंत्री योगी ने नशीली दवाओं के व्यापार पर अपनी नज़रे टेढ़ी कर ली है और मादक पदार्थों के व्यवसाय को

अपोलोमेडिक्स ने मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम जैसी घातक बीमारी से बचाई बच्चे की जान।

अपोलोमेडिक्स ने मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम जैसी घातक बीमारी से बचाई बच्चे की जान।

हुज़ैफ़ा अबरार July 28 2021 28145

अपोलोमेडिक्स की बाल रोग विशेषज्ञ डॉ प्रांजलि सक्सेना के मुताबिक़ यह कोविड होने के बाद बच्चों में होने

चीन में फिर कोरोना की दस्तक

चीन में फिर कोरोना की दस्तक

हे.जा.स. August 30 2022 31451

चीन में एक बार फिर से कोरोना ने कोहराम मचा दिया है। यहां पर संक्रमण की दरों में काफी इजाफा देखा गया

कोविड से रिकॉर्ड  मौतें, संक्रमण के नये मामले चार लाख से ऊपर। 

कोविड से रिकॉर्ड  मौतें, संक्रमण के नये मामले चार लाख से ऊपर। 

एस. के. राणा May 08 2021 24276

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि 70 प्रतिशत से अधिक मरीजों की मौत अन्य गंभीर बीमारियों के कारण हुई है।

कोरोना संक्रमण का अंतिम दौर, बीते 24 घंटे में 1,260 नए मरीज़ मिले

कोरोना संक्रमण का अंतिम दौर, बीते 24 घंटे में 1,260 नए मरीज़ मिले

विशेष संवाददाता April 02 2022 19837

कोरोना केसों में गिरावट के साथ ही एक्टिव केसों की संख्या में भी कमी आई है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनु

Login Panel