देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

स्वास्थ्य

स्तनपान मां और शिशु के लिए अमृत समान। 

मां का दूध केवल पोषण ही नहीं, जीवन की धारा है। इससे मां और बच्चे के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। शिशु को पहले छह महीने तक केवल स्तनपान पर ही निर्भर रखना चाहिए।

लेख विभाग
July 26 2021 Updated: July 26 2021 15:24
0 38581
स्तनपान मां और शिशु के लिए अमृत समान।  प्रतीकात्मक

मां द्वारा अपने शिशु को अपने स्तनों से आने वाला प्राकृतिक दूध पिलाने की क्रिया को स्तनपान कहते हैं। यह सभी स्तनपाइयों में प्राकृतिक क्रिया होती है। स्तनपान शिशु के लिए संरक्षण और संवर्धन का काम करता है। नवजात शिशु में रोग प्रतिरोधात्मक शक्ति नहीं होती। मां के दूध से यह शक्ति शिशु को प्राप्त होती है। 

मां के दूध में लेक्टोफोर्मिन नामक तत्व होता है, जो बच्चे की आंत में लौह तत्त्व को बांध लेता है और लौह तत्त्व के अभाव में शिशु की आंत में रोगाणु पनप नहीं पाते। मां के दूध से आए उपयोगी जीवाणु बच्चे की आंत में पनपते हैं और रोगाणुओं से प्रतिस्पर्धा कर उन्हें पनपने नहीं देते। मां के दूध में रोगाणुनाशक तत्त्व होते हैं।  इस तरह बच्चा मां का दूध पीकर सदा स्वस्थ रहता है।

स्तनपान से बच्चे को लाभ
मां का दूध केवल पोषण ही नहीं, जीवन की धारा है। इससे मां और बच्चे के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। शिशु को पहले छह महीने तक केवल स्तनपान पर ही निर्भर रखना चाहिए। यह शिशु के जीवन के लिए जरूरी है, क्योंकि मां का दूध सुपाच्य होता है और इससे पेट की गड़बड़ियों की आशंका नहीं होती। मां का दूध शिशु की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में भी सहायक होता है। स्तनपान से दमा और कान की बीमारी पर नियंत्रण होता है, क्योंकि मां का दूध शिशु की नाक और गले में प्रतिरोधी त्वचा बना देता है। कुछ शिशु को गाय के दूध से एलर्जी हो सकती है। इसके विपरीत मां का दूध शत-प्रतिशत सुरक्षित है। शोध से प्रमाणित हुआ है कि स्तनपान करनेवाले बच्चे बाद में मोटे नहीं होते। यह शायद इस वजह से होता है कि उन्हें शुरू से ही जरूरत से अधिक खाने की आदत नहीं पड़ती। स्तनपान से जीवन के बाद के चरणों में रक्त कैंसर, मधुमेह और उच्च रक्तचाप का खतरा कम हो जाता है। स्तनपान से शिशु की बौद्धिक क्षमता भी बढ़ती है। इसका कारण यह है कि स्तनपान करानेवाली मां और उसके शिशु के बीच भावनात्मक रिश्ता बहुत मजबूत होता है। इसके अलावा मां के दूध में कई प्रकार के प्राकृतिक रसायन भी मौजूद होते हैं।

मां को स्तनपान के लाभ
नयी माताओं द्वारा स्तनपान कराने से उन्हें गर्भावस्था के बाद होनेवाली शिकायतों से मुक्ति मिल जाती है। इससे तनाव कम होता है और प्रसव के बाद होनेवाले रक्तस्राव पर नियंत्रण पाया जा सकता है। हृदय रोग और रूमेटिक गठिया का खतरा कम होता है। स्तनपान करानेवाली माताओं को स्तन या गर्भाशय के कैंसर का खतरा न्यूनतम होता है। स्तनपान एक प्राकृतिक गर्भनिरोधक है। स्तनपान सुविधाजनक, मुफ्त (शिशु को बाहर का दूध पिलाने के लिए दुग्ध मिश्रण, बोतल और अन्य खर्चीले सामान की जरूरत होती है) और सबसे बढ़ कर माँ तथा शिशु के बीच भावनात्मक संबंध मजबूत करने का सुलभ साधन है। मां के साथ शारीरिक रूप से जुड़े होने का एहसास शिशुओं को आरामदायक माहौल देता है। 

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

सरकारी अस्पतालों में पैदा होने वाले बच्चों को बहरेपन से बचाने के लिए बीएमसी की मुहिम

सरकारी अस्पतालों में पैदा होने वाले बच्चों को बहरेपन से बचाने के लिए बीएमसी की मुहिम

विशेष संवाददाता August 26 2022 28455

बीएमसी के एक अधिकारी का कहना है कि कारपोरेशन बच्चे के पैदा होने के 24 से 48 घंटे में इन बच्चों की जा

सिविल हॉस्पिटल में लगाई गई सोनोग्राफी मशीन

सिविल हॉस्पिटल में लगाई गई सोनोग्राफी मशीन

विशेष संवाददाता February 07 2023 36263

एमपी के बीना जिले में सोमवार को नगरीय विकास और आवास मंत्री भूपेन्द्र सिंह के विशेष प्रयासों से खुरई

कोरोना वैक्सीन लगवाने में उदासीनता बरत रहे उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्यकर्मी।

कोरोना वैक्सीन लगवाने में उदासीनता बरत रहे उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्यकर्मी।

हे.जा.स. January 24 2021 25134

दूसरे चरण में कुल 65 फीसद स्वास्थ्यकर्मियों ने वैक्सीन लगवाई। जो प्रथम चरण से छह फीसद कम था।  अब 28

लोहिया अस्पताल में शुरू हुआ 9 दिवसीय योग प्रशिक्षण शिविर

लोहिया अस्पताल में शुरू हुआ 9 दिवसीय योग प्रशिक्षण शिविर

रंजीव ठाकुर June 13 2022 41485

डॉ राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के एकेडमिक ब्लॉक भवन के दसवें तल के हॉल में दस दिवसीय योग प

आज से केजीएमयू में यूपी टीबीसीकॉन-22 का आयोजन

आज से केजीएमयू में यूपी टीबीसीकॉन-22 का आयोजन

हुज़ैफ़ा अबरार October 07 2022 26071

पल्मोनरी क्रिटिकल केयर मेडिसिन केजीएमयू लखनऊ एवं एराज़ लखनऊ मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल एराज़ यूनीवर्सि

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने टीकाकरण अभियान में सक्रिय भागीदारी के लिए किशोरों को दी बधाई

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने टीकाकरण अभियान में सक्रिय भागीदारी के लिए किशोरों को दी बधाई

एस. के. राणा March 07 2022 37129

देश में अब तक 15 से 18 वर्ष आयुवर्ग के तीन करोड़ से ज्यादा किशोरों का पूर्ण टीकाकरण हो गया है यानी उ

फिर बढ़े कोरोना के मरीज, केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने की राज्यों के साथ बैठक

फिर बढ़े कोरोना के मरीज, केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने की राज्यों के साथ बैठक

एस. के. राणा March 28 2023 20961

कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण आज शाम को COVID-19 की तैयारियो

चिकनगुनिया कारण, लक्षण और इलाज।

चिकनगुनिया कारण, लक्षण और इलाज।

लेख विभाग December 12 2021 36205

वर्तमान में, चिकनगुनिया बुख़ार का कोई भी इलाज़ नहीं है और इस रोग से बचने का एकमात्र उपाय है- मच्छरों

रूखे, बेजान बालों में जान डाल देगा गुड़हल का फूल

रूखे, बेजान बालों में जान डाल देगा गुड़हल का फूल

श्वेता सिंह September 13 2022 39939

गुड़हल का फूल लगभग हर घर में आसानी से उपलब्ध हो जाता है। अगर आपके बाल कम उम्र में ही सफेद हो गए हैं,

लंपी वायरस का कहर, 5 मवेशियों को मौत

लंपी वायरस का कहर, 5 मवेशियों को मौत

विशेष संवाददाता November 12 2022 25315

उत्तर भारत के कई राज्यों में इन दिनों लंपी वायरस से गायों की मौत हो रही है। स्थिति को देखते हुए पशुप

Login Panel