











































प्रतीकात्मक चित्र
हाल के अध्ययनों के अनुसार, भारत में लिवर प्रत्यारोपण की वर्तमान आवश्यकता लगभग 25,000 लिवर प्रत्यारोपण प्रति वर्ष होने का अनुमान है। भारत में लिवर प्रत्यारोपण की वर्तमान दर लगभग 1.2 प्रति दस लाख है। भारत में क्रमशः 2013 और 2014 में लगभग 1200 और 1400 लिवर प्रत्यारोपण किए गए हैं। इस अंतर को भरने के लिए बहुत अधिक इनपुट की आवश्यकता है, लेकिन यह जानने योग्य है कि लिवर प्रत्यारोपण के बाद रोग का निदान नहीं हो जाता।
लिवर ट्रांसप्लांट के बाद एहतियात - Precautions after liver transplant
1. पोस्ट-ट्रांसप्लांट मेडिकेशन (Post-transplant Medication) – इम्यूनोसप्रेसेन्ट मेडिकेशन को समय पर लेना बहुत महत्वपूर्ण है ताकि आपका खुद का इम्यून सिस्टम ट्रांसप्लांट किए गए लिवर के विरुद्ध काम न करे। अस्पताल में नियमित रूप से आने से आप अपने दवा के शेड्यूल को बनाए रखते हैं।
2. जीवनशैली में बदलाव (Lifestyle changes) – प्रत्यारोपण के बाद भोजन में नियंत्रित वसा का सेवन अच्छे परिणाम के लिए आवश्यक है।
धूम्रपान से बचें (Avoid Smoking) - अच्छे परिणाम के लिए किसी तरह के धूम्रपान से बचें।
3. प्रत्यारोपणके बाद संक्रमण (Post-transplant infection) – संक्रमण से बचने के लिए भीड़–भाड़ वाले स्थान से बचें, नियमित रूप से हाथ धोने की आदत डालें।
लिवर प्रत्यारोपण के बाद की स्थिति - Status after liver transplant
लिवर प्रत्यारोपण के बाद बीमारी के वापस आने की संभावना - Disease likely to come back after liver transplant
यह अंतर्निहित कारण पर निर्भर करता है जिसके लिए लिवर प्रत्यारोपण किया गया था। हेपेटाइटिस सी जैसी कुछ बीमारियों की पुनरावृत्ति हो सकती है इसलिए अपने डॉक्टर से नियमित संपर्क में रहें।
लिवर प्रत्यारोपण में दर्द - Pain during and after liver transplant
यह एक बड़ी सर्जरी है इसलिए इसमें थोड़ा दर्द होगा लेकिन पेट की अन्य सर्जरी जितनी नहीं। सर्जरी के बाद पीठ दर्द भी हो सकता है। लेकिन उचित दर्द की दवा और आइसोमेट्रिक व्यायाम से आपको इसमें जल्द राहत मिल जायेगा।
लिवर प्रत्यारोपण में चीरे - Incisions in liver transplant
दो चीरे होते हैं, एक पसलियों (ribs) के नीचे और दूसरा उरोस्थि (sternum) के नीचे। जो दोनों कमर लाइन या पेट से काफी ऊपर हैं।
संभावित दुष्प्रभाव - Possible side effects
अधिकांश दुष्प्रभाव लिवर प्रत्यारोपण के बाद निर्धारित दवाओं के कारण होते हैं और दवाएं कम हो जाने पर कम हो जाएंगे।
यौन जीवन पर प्रभाव - Effects on sex life
डिस्चार्ज होते ही आप अपने यौन जीवन में वापस आ सकते हैं। आमतौर पर इस संबंध में लिवर प्रत्यारोपण से पहले इच्छा में जो कमी दिखती थी वो प्रक्रिया के बाद वापस आ जाता है। हालाँकि यौन संचारित रोग से सुरक्षा का ख्याल रखें।
परिवार नियोजन के लिए - For family planning
महिलाओं को गर्भ धारण करने के लिए एक साल तक इंतजार करने की सलाह दी जाती है। दवा में थोड़े बदलाव के साथ आप गर्भ धारण कर सकतीं हैं। पुरुष अस्पताल से छुट्टी के बाद से हीं पूर्णतः तैयार होते हैं।
कई भारतीय संस्थानों द्वारा किए गए विभिन्न अध्ययनों ने लिवर प्रत्यारोपण के बाद के 30 से अधिक वर्षों के डाटा के हवाले से बताया है कि 99% लिवर रोग का सफल निदान और जीवन की गुणवत्ता संतोषजनक रहा है। लिवर प्रत्यारोपण हमेशा के लिए रहता है और थोड़ी सी देखभाल के साथ आप असाधारण परिणाम पाते हैं।
लेखक - डॉ. संजय गोजा, प्रोग्राम डाइरेक्टर एंड क्लीनिकल लीड – लिवर ट्रांसप्लांट एच पी बी सर्जरी और रोबोटिक लिवर सर्जरी, मज़ूमदार शॉ मेडिकल सेंटर, बोम्मासैंड्रा और नारायणा सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल, गुरुग्राम







हुज़ैफ़ा अबरार June 07 2026 0 1533
हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 1211
हुज़ैफ़ा अबरार June 04 2026 0 994
हुज़ैफ़ा अबरार June 10 2026 0 833
हुज़ैफ़ा अबरार June 12 2026 0 791
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4438
एस. के. राणा January 20 2026 0 4312
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4291
एस. के. राणा January 13 2026 0 4193
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3962
एस. के. राणा February 01 2026 0 3619
एस. के. राणा February 04 2026 0 3521
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86623
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34441
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37649
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35217
लेख विभाग March 19 2022 0 34727
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72098
दही हमारे पाचन तंत्र को सेहतमंद बनाए रखने में बहुत ही कारगर सिद्ध होता है। दही में कैल्शियम, विटामिन
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने के मुताबिक उसमें जरूरी जानकारियां जैसे-नाम, आयु, पि
राजधानी में बलरामपुर अस्पताल स्थित पोषण पुनर्वास केंद्र कुपोषण के खिलाफ जंग में बड़ी भूमिका निभा रहा
दूध, पनीर, दही, हरी सब्जियां, साग, फल, चिकन, अंडा, मछली आदि का सेवन कर आप अपने शरीर में प्रोटीन, कैल
गिलोय के पत्ते स्वाद में कसैले, कड़वे और तीखे होते हैं। गिलोय का उपयोग कर वात-पित्त और कफ को ठीक किय
डा. शारदा सुमन आब्स एवं गाइनकोलाजी विभाग में डीएनबी जू. रेजिडेण्ट तृतीय वर्ष के रुप में कार्यरत है।
ज्यादातर केसेस में, डायरिया कुछ दिन में अपने आप ठीक हो जाता है लेकिन विशेष प्रकार के डायरिया के कारण
संपूर्ण जीवन में स्वस्थ आहार उपभोग अपने सभी रूपों में कुपोषण रोकने के साथ-साथ गैर-संचारी रोगों (एनसी
स्पर्म या एग बैंकिंग के सवाल का जवाब देते हुए डॉ पवन यादव ने कहा कि हमारे यहां मिक्सिंग या बदल जाने
देश में इस समय कोरोना के 2,24,187 एक्टिव केस हैं, जिसकी दर 0.52% है। कोविड इंफेक्शन से अब तक 5,11,90

COMMENTS