











































प्रतीकात्मक चित्र
कानपुर। एक दुर्लभ सर्जरी में रीजेंसी सुपरस्पेशलिटी अस्पताल कानपुर के डॉक्टरों ने दो गंभीर रोगियों के मस्तिष्क में एक धमनी विस्फार को बंद करने के लिए सफलतापूर्वक सर्जिकल क्लिपिंग करके उनकी जान बचाई है। मस्तिष्क या मस्तिष्क धमनीविस्फार (brain arteriography) का अर्थ है मस्तिष्क में रक्त वाहिका का गुब्बारा। यह एक गंभीर स्थिति है, अगर यह फट जाए तो मस्तिष्क में रक्तस्राव (bleeding in brain) हो सकता है, जो जानलेवा हो सकता है। जब एक धमनीविस्फार फट जाता है, तो रोगी को बहुत तेज सिरदर्द (headache) का अनुभव हो सकता है, इसलिए उसे तुरंत चिकित्सा सहायता लेने की सलाह दी जाती है।
डॉ. जयंत वर्मा एमसीएच निदेशक न्यूरोसर्जरी विभाग (Neurosurgery Department) और डॉ. अभिजीत सिंह सचान, एम.सी.एच., न्यूरोसर्जन ने अपनी टीम के साथ इसका संचालन किया। रमेश और एक महिला रोगी अस्पताल में अचानक गंभीर सिरदर्द और बेहोशी में आये थे। उनके सीटी स्कैन (CT scan) में ब्रेन हेमरेज (Brain hemorrhage) और दिमाग के एंजियोग्राम मस्तिष्क की धमनियों की जांच में मस्तिष्क के इस्तेमाल में ब्लिस्टर एन्यूरिज्म ( blister anurism) दिखा।
डॉ जयंत वर्मा ने बताया इस तरह के धमनीविस्फार में बार-बार रक्तस्राव होने की संभावना अधिक होती है जिससे रोगी की मृत्यु हो सकती है। पुन: रक्तस्राव को रोकने के लिए टाइटेनियम क्लिप का उपयोग कर दोनों रोगियों के मस्तिष्क में धमनीविस्फार या उभार को काट दिया गया। सफल परिणाम के साथ सामान्य संज्ञाहरण (general anesthesia) के तहत सर्जरी की गई।
डॉ. अभिजीत सिंह सचान ने कहा कि कानपुर या आसपास के ऐसे मरीजों को पहले अन्य बड़े शहरों जैसे दिल्ली या चंडीगढ़ रेफर किया जा रहा था। उन्होंने कहा कि अब रीजेंसी अस्पताल कानपुर (Regency Hospital Kanpur) में ऐसे दुर्लभ मामलों के इलाज के लिए अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाएं (medical facilities) उपलब्ध हैं, इसलिए मरीजों को दूर-दराज के स्थानों की यात्रा करने और कीमती समय की हानि के कारण अपने जीवन को जोखिम में डालने की आवश्यकता नहीं है।
डॉ. अतुल कपूर, प्रबंधक निर्देशक, रीजेंसी हेल्थ ने कहा, “आने वाले समय में हम संवहनी रोगों के लिए एंडोवस्कुलर उपचार भी शुरू करेंगे। यह एक नवीन, कम आक्रामक प्रक्रिया है जिसका उपयोग रक्त वाहिकाओं (blood vessel) को प्रभावित करने वाली समस्याओं के इलाज के लिए किया जाता है, जैसे कि धमनीविस्फार, जो रक्त वाहिका की सूजन या गुब्बारा है।
एंडोवस्कुलर सर्जरी (Endovacular surgery) में रक्त वाहिकाओं तक पहुंचने के लिए प्रत्येक कूल्हे के पास एक छोटा चीरा लगाना शामिल है।एक सर्जिकल क्लिपिंग प्रक्रिया में, न्यूरोसर्जन धमनीविस्फार तक पहुंचने के लिए खोपड़ी के एक हिस्से को हटा देता है और धमनीविस्फार को खिलाने वाली रक्त वाहिका का पता लगाता है। इसके बाद न्यूरोसर्जन धमनीविस्फार की गर्दन में रक्त प्रवाह को रोकने के लिए एक छोटी धातु की क्लिप रखता है।







हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 231
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 161
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 161
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 147
हुज़ैफ़ा अबरार August 04 2026 0 119
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 1176
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 385
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 245
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 231
हुज़ैफ़ा अबरार August 01 2026 0 203
हुज़ैफ़ा अबरार August 02 2026 0 161
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4998
एस. के. राणा January 20 2026 0 4949
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4851
एस. के. राणा January 13 2026 0 4627
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4529
एस. के. राणा February 01 2026 0 4305
एस. के. राणा February 04 2026 0 3976
सौंदर्या राय April 11 2022 0 87043
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34931
सौंदर्या राय April 07 2022 0 38104
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35602
लेख विभाग March 19 2022 0 35217
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72777
हांगकांग में कोरोना की पांचवीं लहर दस्तक दे चुकी है। यहां पर शुक्रवार को 24 घंटे के अंदर 20,079 नए
ग्लोइंग स्किन पाने के लिए कुछ अलग से करने की ज़रूरत नहीं है, बस अपने रोजमर्रा की जिंदगी में कुछ ब्यूट
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि आज सुबह सात बजे तक कुल 89 करोड़ 74 लाख 81 हजार 554 कोविड टीके द
अपनी प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ावा देने के लिए फलों या पूरकों से पर्याप्त मात्रा में विटामिन सी का से
देश में कोरोना के 1223 नए केस सामने आए थे जबकि 3 लोगों की मौत हुई थी। साथ ही देश में कुल कोरोना संक्
लखनऊ में डेंगू का प्रकोप जारी है। बीते दिन 41 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। स्वास्थ्य विभाग के
बीते सालों में प्रदेश में मलेरिया केसों की संख्या बढ़ी है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि ऐसा जांच और
मुजफ्फरनगर के 43 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री आरोग्य मेलों में सबसे अधिक मरीज बुखार और
अनार के छिलकों को देखकर तो कल्पना ही नहीं की जा सकती कि उन्हें कभी चेहरे पर लगाया जाए। आपको ताज्जुब
राजधानी लखनऊ के डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में अब क्रिटिकल केयर का नया हॉस्पिटल बनेगा

COMMENTS