











































प्रतीकात्मक चित्र
लखनऊ। बच्चे असंख्य कीटाणुओं के संपर्क में आते हैं, जिनमें से कुछ गंभीर बीमारियों का कारण बन सकते हैं। बच्चे की प्रतिरक्षा प्रणाली अभी भी विकसित हो रही होती है, ऐसे में वह, सभी घातक बीमारियों से नहीं लड़ सकता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, सभी आयु समूहों में डिप्थीरिया, पर्टसिस (काली खांसी) और टेटनस जैसे संक्रमणों से होने वाली मौतों को रोकने के लिए टीकाकरण सबसे सफल सार्वजनिक स्वास्थ्य उपायों में से एक है। 6 इन 1 कॉम्बिनेशन वैक्सीनेशन (टीकाकरण) बच्चों को 6 गंभीर बीमारियों जैसे डिप्थीरिया (Diphtheria), पर्टुसिस (Pertussis), टेटनस (Tetanus), हीमोफिलस इन्फ्लुएंजा टाइप बी (Haemophilus Influenza Type B), हेपेटाइटिस बी (Hepatitis B) और पोलियोमाइलाइटिस (Poliomyelitis) से बचाता है।
इस बारे में, डॉ संजय निरंजन, सीनियर कंसल्टेशन पीडियाट्रिशियन, लखनऊ और प्रेसीडेंट इलैक्ट उत्तर प्रदेश स्टेट ब्रांच, इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिशियल ने कहा, ''कंबीनेशन वैक्सीनेशन बच्चों के लिए बहुत फायदेमंद है क्योंकि इससे बच्चों को बार-बार सुईं चुभोने की जरूरत नहीं होती, और उन्हें उन सभी रोगों से सुरक्षा मिलती है। इसके साइड इफेक्ट्स भी अपेक्षाकृत कम होते हैं। यह पेरेंट्स के लिए वरदान है क्योंकि यह उन्हें अपने बच्चों को बार-बार क्लीनिक ले जाने की तकलीफ से बचाता है। पेरेंट्स को अब बच्चों के कंबीनेशन वैक्सीनेशन (combination vaccination) के फायदों के बारे में काफी जानकारी है।''
इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स (Indian Academy of Pediatrics) के टीकाकरण कार्यक्रम के अनुसार, बच्चों को 6, 10 और 14 सप्ताह की उम्र में DTP-IPV-Hib-HepBके टीके लगवाने होते हैं। 6-इन-1 टीकाकरण इन 6 रोगों से सुरक्षा प्रदान करता है। 6-इन-1 टीकाकरण का मतलब है कि बच्चे इनमें से प्रत्येक समय पर केवल 2 इंजेक्शन (यानी 6-इन-1 टीकाकरण और न्यूमोकोकल टीकाकरण) तथा 1 ओरल वैक्सीन (रोटावायरस टीकाकरण) लेते हैं। कॉम्बिनेशन शॉट नहीं लेने वाले बच्चों को और भी कई इंजेक्शन लेने पड़ते।
हाल के वर्षों में, भारत ने देश में टीकाकरण कवरेज बढ़ाने के अपने प्रयासों को तेज कर दिया है, जिसके परिणामस्वरूप राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (National Family Health Survey) - एनएफएचएस -5 से उल्लेखनीय सुधार का पता चला है। भारत में पूर्ण टीकाकरण वाले 12 से 23 महीने के आयु वर्ग के बच्चों का प्रतिशत 62% (एनएफएचएस-4; 2015-16) से बढ़कर 76.4% (एनएफएचएस-5; 2019-21) हो गया है और उत्तरप्रदेशमें यह 51.1% to 69.6% हो गया है। हाल के एक अध्ययन से यह भी पता चला है कि ग्रामीण क्षेत्रों में टीकाकरण कवरेज में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, लेकिन शहरी क्षेत्रों में सीमित सुधार हुआ है।
माता-पिता को टीकाकरण के लाभों और टीकों की उपलब्धता के बारे में जागरूक करने, पूर्ण टीकाकरण कवरेज को 90% और उससे अधिक बढ़ाने के लिए और अधिक प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कॉम्बिनेशन वैक्सीनेशन से बच्चों को कम इंजेक्शन लगाने पड़ते हैं लेकिन उन्हें उतनी ही सुरक्षा मिलती है जितनी अलग टीकों के साथ होती है।







हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 3577
एस. के. राणा January 13 2026 0 3563
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3388
एस. के. राणा January 20 2026 0 3360
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3122
एस. के. राणा February 01 2026 0 2793
एस. के. राणा February 04 2026 0 2604
उत्तर प्रदेश
सौंदर्या राय May 06 2023 0 102432
सौंदर्या राय March 09 2023 0 106967
सौंदर्या राय March 03 2023 0 107220
admin January 04 2023 0 107061
सौंदर्या राय December 27 2022 0 97551
सौंदर्या राय December 08 2022 0 85953
आयशा खातून December 05 2022 0 140553
लेख विभाग November 15 2022 0 109617
श्वेता सिंह November 10 2022 0 158855
श्वेता सिंह November 07 2022 0 109823
लेख विभाग October 23 2022 0 94702
लेख विभाग October 24 2022 0 98076
लेख विभाग October 22 2022 0 103792
श्वेता सिंह October 15 2022 0 106739
देश में 930 और लोगों की संक्रमण से मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,04,211 हो गई। उपचाराधीन मरीजों की
आवेदन करने वाले जनरल, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस कैटेगरी के उम्मीदवारों को एप्लीकेशन फीस के रूप में 500 रुप
रोगियों को शिक्षित करने के हमारे सफल प्रयासों का यह परिणाम है। उन्होंने कहा कि अपोलो अस्पताल समूह बह
उत्तर प्रदेश में विश्व के फार्मा उद्योग को आकर्षित करने और उनके लिए बेहतर माहौल बनाने पर शनिवार को ड
मरीज "मीडियन एरोकवयूट लिगामेन्ट सिन्डरोम" से पीड़ित था। डॉ अजय यादव ने दूरबीन विधि द्वारा सफलतापूर्वक
चीन के लांझू शहर में बढ़ते संक्रमण को देखते हुए लॉकडाउन लगा दिया गया है। इस आदेश के साथ ही करीब 4 ला
इंडक्शन मीट के दौरान केजीएमयू के डीन प्रो. आरएन श्रीवास्तव ने कहा कि संस्थान में अनुशासन के लिए ड्रे
इस तेल में सूरज की हानिकारक किरणों से सुरक्षा प्रदान करने वाला विटामिन डी भी मौजूद होता है। नारियल क
विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रमुख डॉ. अदहानोम गेब्रेयेसस ने कहा है कि दुनिया भर में वायरस के प्रसार की
स्वास्थ्य विभाग ने पहले 154 अस्पताल संचालकों को नोटिस जारी किया था। इनमें से कुछ अस्पताल संचालकों ने

COMMENTS