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लखनऊ। कैंसर की स्क्रीनिंग, उपचार और देखभाल को और गुणवत्तापूर्ण व सुलभ बनाने के लिए किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय लखनऊ और एक्सेस हेल्थ इंटरनेशनल के बीच बुधवार को एक करार (MoU) पर हस्ताक्षर हुआ है।
एमओयू पर केजीएमयू (KGMU) के कुलपति ले. जनरल डॉ. बिपिन पुरी और एक्सेस हेल्थ इंटरनेशनल के एमडी डॉ. विलियम हेसलटाइन ने हस्ताक्षर किए।
कैंसर, हृदय रोग (heart disease) के बाद मृत्यु का दूसरा प्रमुख कारण है। वर्ष 2020 में विश्व में लगभग एक करोड़ लोगों की कैंसर से मृत्यु हुई। भारत में कैंसर (Cancer) के नए मामलों की संख्या वर्ष 2008 में करीब साढ़े नौ लाख थी और वर्ष 2035 में बढ़कर 17 लाख हो जाने का अनुमान है। भारत में पश्चिमी देशों की तुलना में कैंसर के मामले कम हैं लेकिन मृत्यु दर अधिक है।
इसके तहत प्रदेश में कैंसर के इलाज को सुदृढ़ बनाने के बारे में गुणवत्तापूर्ण अध्ययन किया जाएगा। अध्ययन के परिणाम कैंसर के बेहतर इलाज में प्रदेश सरकार के लिए बहुत उपयोगी साबित होंगे।
ज्ञात हो कि एक्सेस हेल्थ इंटरनेशनल (Access Health International), आयुष्मान भारत (Ayushman Bharat) प्रधानमंत्री जनआरोग्य योजना उत्तर प्रदेश के लिए राज्य स्वास्थ्य एजेंसी साजीज को तकनीकी सहयोग प्रदान कर रहा है। एक्सेस हेल्थ ने कैंसर देखभाल सुदृढ़ीकरण कार्यक्रम को प्रदेश में लागू करवाने के लिए रोश इंडिया हेल्थ इंस्टीट्यूट (RIHI) से हाथ मिलाया है। दोनों संस्थान साजीज के साथ मिलकर कैंसर केयर (cancer care) के लिए पूरे प्रदेश में अस्पताल नेटवर्क तैयार करने में मदद करेंगे।
इसके तहत प्रदेश में कैंसर देखभाल के प्रावधानों के विश्लेषण की योजना बनाई गई है। केजीएमयू और एक्सेस हेल्थ के बीच होने वाला यह अध्ययन राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (National Health Authority) द्वारा अनुशंसित मानकों पर किया जायेगा। गुणात्मक मूल्यांकन का समग्र उद्देश्य राज्य में कैंसर देखभाल प्रावधान की समीक्षा और अध्ययन करना है, जिसमें स्क्रीनिंग, निदान, उपचार, देखभाल और मांग व आपूर्ति में अंतराल शामिल हैं।
अध्ययन से कैंसर देखभाल प्राप्त करने के लिए रोगी की यात्रा या मार्ग और विभिन्न स्तरों पर आने वाली चुनौतियों को भी समझा जाएगा।
प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PM-JAY) उत्तर प्रदेश में लगभग 38% आबादी को अन्य बीमारियों सहित कैंसर का उपचार प्रदान करती है। इसमें चिकित्सा, विकिरण और सर्जिकल ऑन्कोलॉजी के तहत उपचार शामिल हैं, जिसके तहत सभी प्रकार के कैंसर उपचार को कवर करने वाली 481 प्रक्रियाएं हैं।
इस अवसर पर केजीएमयू के सेंटर फॉर एडवांस रिसर्च के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर ए के त्रिपाठी, न्यूरोलॉजी के विभागाध्यक्ष एवं केजीएमयू के एमओयू सेल के प्रभारी प्रोफेसर आर के गर्ग और एक्सेस हेल्थ इंटरनेशनल के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।







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