











































प्रतीकात्मक चित्र
मोटापा आजकल की एक बड़ी समस्या है इसके लिए लोग तरह-तरह के उपाय करते है लेकिन आपकी एक गलती से इसके साइड इफेक्ट भी देखने को मिलते है। ऐसे ही एक चौकाने वाला मामला सामने आया है। जहां ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न की रहने वाली 24 साल की एक लड़की ने बताया है कि जब वह 18 साल की थी तब एनोरेक्सिया नर्वोसा नाम के ईटिंग डिसऑर्डर का शिकार हो गई थी। इस कारण वह रोजाना 2-3 घंटे रनिंग करती थी और सिर्फ 300-400 कैलौरी खाती थी इस कारण उसका वजन 30 किलो रह गया था।
सारा को शुरू से ही फैशन में काफी इंटरेस्ट था इसलिए वह मॉडल बनना चाहती थीं मॉडल बनने के लिए लड़की पर वजन कम करने का जुनून सवार हो गया और उन्होंने उसके लिए अपनी ईटिंग हैबिट्स (eating habits) को बदल लिया।
बता दें कि जब वह कॉलेज गई तो यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर को उनकी हालात देखकर शक हुआ और उसे डॉक्टर के पास भेज दिया जब डॉक्टरों ने उसका वजन किया तो वह देखकर हैरान हो गए कि उसका वजन सिर्फ 30 किलो रह गया था। इसके बाद डॉक्टरों ने सारा को इमरजेंसी डिपार्टमेंट (emergency department) में रेफर कर दिया।
सारा जब हॉस्पिटल से बाहर आईं तो उन्होंने दो महीने तक एक्सरसाइज (excercis) नहीं की और वह उन सारी चीजों को खाने लगीं जो काफी समय से नहीं खाती थीं कुछ समय बाद उन्होंने मसल्स गेन (muscle gain) के लिए जिम जाना शुरू कर दिया। अब सारा अपना 19 किलो वजन बढ़ा चुकी हैं।
बता दें कि आज के समय में कई सारे लोग वजन कम करने के लिए ऐसे तरीके अपनाते हैं जो कि पूरी तरह गलत है। यह डॉक्टर कौन हैं? इन्होंने वजन कम करने के लिए कौन सा तरीका अपनाया था? इस बारे में जानें और उनकी गलती को दोहराने से बचें।







हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2026 0 672
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 196
हुज़ैफ़ा अबरार May 31 2026 0 0
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4018
एस. के. राणा January 20 2026 0 3913
एस. के. राणा January 13 2026 0 3892
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3892
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3577
एस. के. राणा February 01 2026 0 3255
एस. के. राणा February 04 2026 0 3122
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86406
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34133
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37278
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35014
लेख विभाग March 19 2022 0 34496
सौंदर्या राय March 16 2022 0 71797
लखनऊ में गुरुवार को 310 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है। शहर व ग्रामीण क्षेत्र के ज्या
पिमावांसेरिन एक एटिपिकल एंटीसाइकोटिक है और जिसका उपयोग पार्किंसंस रोग से जुड़े मतिभ्रम और भ्रम के उप
गाजियाबाद में एक्यूआई 359, नोएडा में 397, ग्रेटर नोएडा में 364, कानपुर में 272 और आगरा में 245 दर्ज
कई नवजात शिशु लीवर से संबंधित बीमारियों से पीडि़त होते हैं। यह महत्वपूर्ण है कि अपने बच्चे का ब्लड ट
एनसीआरबी के आंकड़ों के मुताबिक, देश में नकली शराब के सेवन से साल 2016 में मौत के 1,054 मामले सामने आ
देश को भविष्य में कोरोना महामारी की किसी नई लहर का सामना नहीं करना पड़ेगा। चौथी लहर के आने की तब तक
कोरोना के मामलों में उतार चढ़ाव जारी है। शनिवार को 1614 लोग कोरोना की जद में आ गए हैं। अधिकारियों का
आईएचयू वेरिएंट पर अटकलें लगाना जल्दबाजी होगी क्योंकि अब तक कम संख्या में लोग इसकी चपेट में आए हैं ।
खबरों के मुताबिक यह शख्स गुजरात के सूरत में काम करता है। कुछ दिन पहले वह अपने कुछ साथियों के साथ पार
दुनिया को कोरेना देने वाला चीन अब पाकिस्तान के साथ मिलकर रावलपिंडी की रिसर्च लैब में कोरोना से भी ज्

COMMENTS