











































लखनऊ। अपोलो हॉस्पिटल्स लखनऊ ने “उमंग- सेलिब्रेशन ऑफ़ लाइफ़” कार्यक्रम का सफल आयोजन किया। यह भावनात्मक कार्यक्रम कैंसर से जूझकर जीत हासिल करने वाले लोगों और उनके देखभाल करने वालों के साहस, हिम्मत और प्रेरणादायक सफर को समर्पित था। कानपुर रोड स्थित होटल हॉलिडे इन में हुए इस आयोजन में एक सौ पचास से अधिक कैंसर सर्वाइवर, उनके परिवार के सदस्य, डॉक्टर, केयरगिवर और खास मेहमान शामिल हुए। पूरा माहौल उम्मीद, धन्यवाद और साहस से भरा रहा।
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रसिद्ध शिक्षक और मोटिवेशनल स्पीकर व पूर्व आईएएस और दृष्टि पब्लिकेशंस के संस्थापक, एमडी और सीईओ विकास दिव्यकीर्ति मौजूद रहे। अपने संबोधन में उन्होंने कैंसर योद्धाओं की अदम्य इच्छाशक्ति की सराहना की और उन्हें साहस, अनुशासन और अंदरूनी ताकत का जीवंत उदाहरण बताया, जो पूरे समाज को प्रेरणा देते हैं।
कार्यक्रम में अपोलो हॉस्पिटल्स लखनऊ के एमडी और सीईओ डॉ. मयंक सोमानी, वरिष्ठ कैंसर विशेषज्ञ डॉ. हरित चतुर्वेदी, अपोलो हॉस्पिटल्स की रेडिएशन स्पेशलिस्ट ऑन्कोलॉजी डॉ. सपना नांगिया और सीआरपीएफ के पूर्व महानिदेशक ए. पी. महेश्वरी भी मौजूद रहे। उनकी उपस्थिति ने यह दिखाया कि कैंसर के इलाज और सर्वाइवरों के बेहतर जीवन के लिए सब मिलकर काम कर रहे हैं।
‘उमंग’ ने यह मजबूत संदेश दिया कि कैंसर के बाद भी ज़िंदगी न सिर्फ़ संभव है, बल्कि बहुत मायने रखती है। कार्यक्रम में पाँच कैंसर सर्वाइवरों ने अपने इलाज और ठीक होने के सफर को सबके साथ साझा किया। उनकी बातें सुनकर लोगों को हिम्मत और उम्मीद मिली। इसके साथ ही कैंसर सर्वाइवरों द्वारा नृत्य और गायन की प्रस्तुतियाँ भी दी गईं, जो आत्मविश्वास, खुशी और बीमारी पर इंसानी जीत का प्रतीक रहीं।
शाम को और भी भावनात्मक गहराई तब मिली जब अपोलो हॉस्पिटल्स के स्टाफ द्वारा प्रस्तुत एक नाटक प्रस्तुत किया गया, जिसमें कैंसर के इलाज के दौरान संवेदना, भावनात्मक सहारे और टीमवर्क की अहम भूमिका को दिखाया गया।
पूर्व डीजी सीआरपीएफ ए. पी. माहेश्वरी ने कहा, “कैंसर वॉरियर्स और उनके परिवार समाज के लिए प्रेरणा हैं। ऐसे कार्यक्रम लोगों को संवेदनशील बनाते हैं और यह समझने में मदद करते हैं कि एक-दूसरे का साथ कितना जरूरी होता है।”
इस मौके पर ‘उमंग’ के संरक्षक डॉ. मयंक सोमानी ने कहा, “उमंग उन लोगों को हमारा सलाम है जो यह साबित करते हैं कि हिम्मत डर से बड़ी होती है और उम्मीद हर मुश्किल पर भारी पड़ती है। अपोलो हॉस्पिटल्स लखनऊ में हम मानते हैं कि इलाज सिर्फ दवाओं और तकनीक तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें संवेदना, हौसला और साथ भी उतना ही ज़रूरी है। आज का यह आयोजन इसी सोच का प्रतिबिंब है कि हम अपने मरीजों और उनके परिवारों के साथ हर कदम पर खड़े हैं।”
कार्यक्रम के अंत में कैंसर योद्धाओं को सम्मानित किया गया और इसके बाद आपसी बातचीत का दौर चला, जिसमें लोगों ने एक-दूसरे से अनुभव साझा किए और नई ऊर्जा व उम्मीद के साथ आगे बढ़ने का संकल्प लिया।
‘उमंग’ के माध्यम से अपोलो हॉस्पिटल्स लखनऊ ने एक बार फिर यह दोहराया कि यहां कैंसर के इलाज में बेहतरीन चिकित्सा के साथ-साथ संवेदना और इंसानियत को भी बराबर महत्व दिया जाता है और ऐसे मंच बनाए जाते हैं, जो जीवन, हिम्मत और बीमारी से भिड़ने वाली ऊर्जा का जश्न मनाते हैं।







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