देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

टीबी मुक्त भारत अभियान में उत्तर प्रदेश ने उल्लेखनीय और प्रगति हासिल की: अमित कुमार घोष

जाँच सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के तहत प्रदेश में अब तक 10,17,992 एक्स-रे किए जा चुके हैं, जिनमें से 34,550 एक्स-रे केवल 04 मई को किए गए। प्रदेश में उपलब्ध 989 एक्स-रे मशीनों का व्यापक उपयोग सुनिश्चित किया जा रहा है और निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले लगभग 46 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की जा चुकी है। साथ ही मॉलिक्यूलर जाँच के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है।

हुज़ैफ़ा अबरार
May 07 2026 Updated: May 08 2026 09:04
0 3255
  टीबी मुक्त भारत अभियान में उत्तर प्रदेश ने उल्लेखनीय और प्रगति हासिल की: अमित कुमार घोष अमित कुमार घोष

लखनऊ।  उत्तर प्रदेश में संचालित 100 दिवसीय टीबी मुक्त भारत अभियान ने अपने 42 दिनों में उल्लेखनीय और प्रभावशाली प्रगति दर्ज करते हुए टीबी उन्मूलन की दिशा में एक मजबूत आधार तैयार किया है। प्रदेश में बड़े पैमाने पर स्क्रीनिंग जाँच उपचार और जन-जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से यह अभियान निरंतर गति पकड़ रहा है और जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को व्यापक बना रहा है।अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा अमित कुमार घोष ने अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश प्रधानमंत्री के टीबी मुक्त भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है और अब तक के परिणाम अत्यंत उत्साहजनक हैं। उन्होंने बताया कि 24 मार्च 26 को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा द्वारा शुभारंभ किए गए इस अभियान के अंतर्गत प्रदेश के उच्च जोखिम वाले गांवों शहरी वार्डों झुग्गी-बस्तियों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में आयुष्मान आरोग्य शिविरों के माध्यम से सघन स्क्रीनिंग और जाँच अभियान चलाया जा रहा है। इन 42 दिनों में अब तक 15,03,112 लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है, जिसमें केवल 04 मई को ही 45,810 लोगों की स्क्रीनिंग शामिल है जो फील्ड स्तर पर अभियान की सक्रियता और प्रभावी क्रियान्वयन को दर्शाता है।


जाँच सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के तहत प्रदेश में अब तक 10,17,992 एक्स-रे किए जा चुके हैं, जिनमें से 34,550 एक्स-रे केवल 04 मई को किए गए। प्रदेश में उपलब्ध 989 एक्स-रे मशीनों का व्यापक उपयोग सुनिश्चित किया जा रहा है और निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले लगभग 46 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की जा चुकी है। साथ ही मॉलिक्यूलर जाँच के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है, जहां 2,578 NAAT मशीनों के माध्यम से अब तक 2,76,446 जाँच की गई हैं, जिनमें से 2,21,698 जाँच प्रभावी रूप से दर्ज की गई हैं, जो लगभग 86.6 प्रतिशत उपयोगिता को दर्शाती है।
 टीबी मरीजों की पहचान और उपचार के क्षेत्र में भी तेजी देखने को मिली है। अब तक 68,273 टीबी मरीजों की नोटिफिकेशन की गई है, जबकि 28,763 मरीजों का ड्रग-रेसिस्टेंट टीबी के लिए आकलन किया गया है, जो लगभग 42 प्रतिशत कवरेज को दर्शाता है। रोकथाम के तहत पात्र परिवार संपर्कों में से 1,24,633 की पहचान की गई, जिनमें से 72,285 को टीबी प्रिवेंटिव ट्रीटमेंट प्रदान किया गया है, जो लगभग 58 प्रतिशत उपलब्धि है।

अभियान के अंतर्गत आयोजित आयुष्मान आरोग्य शिविर केवल टीबी जाँच तक सीमित नहीं है, बल्कि इनमें हीमोग्लोबिन जाँच रक्तचाप मधुमेह स्क्रीनिंग सहित अन्य आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं भी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे आमजन को समग्र स्वास्थ्य लाभ मिल रहा है। प्रदेश में अब तक 26,722 उच्च जोखिम वाले गांवों और क्षेत्रों की पहचान की जा चुकी है और 7,359 आयुष्मान आरोग्य शिविरों का आयोजन किया गया है, जिनमें शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में व्यापक कवरेज सुनिश्चित किया गया है। जनभागीदारी को इस अभियान की सबसे बड़ी ताकत बनाते हुए विभिन्न स्तरों पर व्यापक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। सार्वजनिक उपक्रमों और कॉरपोरेट संस्थाओं के सहयोग से सैकड़ों कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं, वहीं माई भारत स्वयंसेवकों और निजी क्षेत्र की सक्रिय भागीदारी से हजारों लोगों तक जागरूकता का संदेश पहुंचाया गया है। प्रिंट मीडिया, सोशल मीडिया माइकिंग और टीबी चैंपियंस के माध्यम से भी बड़े स्तर पर जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, जिससे समाज के हर वर्ग की सहभागिता सुनिश्चित हो रही है। समीक्षा के दौरान अपर मुख्य सचिव ने यह निर्देश दिए कि सभी जाँच और स्क्रीनिंग से संबंधित डेटा को रियल-टाइम में निक्षय पोर्टल पर अपलोड किया जाए, ताकि पारदर्शिता और प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की जा सके। जिन क्षेत्रों में अपेक्षित प्रगति नहीं हो रही है, उन्हें चिन्हित कर माइक्रोप्लान को और सुदृढ़ करने तथा घर-घर संपर्क और जन-जागरूकता गतिविधियों को बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए हैं।

अपर मुख्य सचिव ने मण्डलायुक्तों जिलाधिकारियों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से आह्वान किया कि वे इस अभियान को जनआंदोलन का रूप दें और जनप्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संगठनों तथा आम नागरिकों की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार और समाज के संयुक्त प्रयासों से उत्तर प्रदेश न केवल टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को समय से पहले प्राप्त करेगा, बल्कि देश के लिए एक आदर्श मॉडल के रूप में उभरेगा। यह 100 दिवसीय अभियान प्रत्येक संभावित टीबी रोगी तक समय पर पहुँचकर जाँच, उपचार और रोकथाम सुनिश्चित करने की दिशा में एक निर्णायक पहल सिद्ध हो रहा है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

Effectiveness of an intervention for reducing sitting time and improving health in office workers: three arm cluster randomised controlled trial

Effectiveness of an intervention for reducing sitting time and improving health in office workers: three arm cluster randomised controlled trial

British Medical Journal January 16 2023 25726

Both SWAL and SWAL plus desk were associated with a reduction in sitting time, although the addition

सर्दियों में मुलायम त्वचा के लिए इस्तेमाल करें आर्गन ऑयल

सर्दियों में मुलायम त्वचा के लिए इस्तेमाल करें आर्गन ऑयल

admin January 04 2023 107698

आर्गन ऑयल आयुर्वेद का दिया हुआ ऐसा तोहफा है जो न सिर्फ हमारी स्किन बल्कि बालों के लिए भी किसी वरदान

मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला, हज़ारों लोग ले रहे सेवाओं का लाभ

मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला, हज़ारों लोग ले रहे सेवाओं का लाभ

रंजीव ठाकुर May 02 2022 32435

जनपद के सभी नगरीय व ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर रविवार को मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य म

अस्पतालों में मास्क लगाना अनिवार्य: ब्रजेश पाठक

अस्पतालों में मास्क लगाना अनिवार्य: ब्रजेश पाठक

आरती तिवारी December 24 2022 35042

कोविड-19 को लेकर यूपी में अलर्ट में जारी कर दिया गया है। इसके तहत स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा विभाग

पिछले 30 वर्षों में मौखिक रोग मामलों की संख्या एक अरब से अधिक बढ़ी है , रिपोर्ट

पिछले 30 वर्षों में मौखिक रोग मामलों की संख्या एक अरब से अधिक बढ़ी है , रिपोर्ट

हे.जा.स. November 21 2022 28531

मसूड़ों में रोग होने, दाँत टूटने और मौखिक कैंसर ऐसी बीमारियाँ हैं, जिनकी रोकथाम सम्भव है। वहीं दाँतो

गंगोत्री देवी स्कूल ऑफ नर्सिंग की जीएनएम की छात्राओं ने ली कर्तव्यनिष्ठा की शपथ

गंगोत्री देवी स्कूल ऑफ नर्सिंग की जीएनएम की छात्राओं ने ली कर्तव्यनिष्ठा की शपथ

आनंद सिंह April 15 2022 71652

नर्सिंग को प्रोफेशन बनाने का निर्णय सराहनीय है। नर्सिंग स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ है। जिस चिकित्सा सं

दिल के मरीजों के लिए खतरनाक हो सकती है सुबह की सैर। 

दिल के मरीजों के लिए खतरनाक हो सकती है सुबह की सैर। 

लेख विभाग December 11 2021 29741

डॉ. अभिनीतगुप्ता ने सावधानी बरतने के मामले मेंबतातें हैं कि ठंड के मौसम में कई परतों में कपड़े पहने।

एक्यूपंचर चिकित्सा पद्धति को प्रदेश में मान्यता दी जाए: एक्यूपंचर स्पेशलिस्ट एसोसिएशन ऑफ इंडिया

एक्यूपंचर चिकित्सा पद्धति को प्रदेश में मान्यता दी जाए: एक्यूपंचर स्पेशलिस्ट एसोसिएशन ऑफ इंडिया

हुज़ैफ़ा अबरार July 06 2021 36287

प्रस्ताव के अनुसार एक्यूपंचर चिकित्सा पद्धति को केंद्र सरकार केे अनुरूप प्रदेश में भी मान्यता दी जाए

प्रेगनेंसी के दौरान योग दिला सकता है समस्याओं से निजात।

प्रेगनेंसी के दौरान योग दिला सकता है समस्याओं से निजात।

लेख विभाग September 12 2021 33421

गर्भावस्था के दौरान आप जितना एक्टिव रहेंगी, आपके लिए समस्याएं भी उतनी ही कम होंगी। योग करने वाली महि

नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के संभावित खतरे पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं: केंद्र सरकार

नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के संभावित खतरे पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं: केंद्र सरकार

हे.जा.स. December 25 2021 31618

इस समय देश के 17 राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों में 358 ओमिक्रॉन के मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें से

Login Panel