











































प्रतीकात्मक चित्र
हल्दी एक वनस्पति है। यह अदरक की प्रजाति का पौधा है जिसमें जड़ की गाँठ हल्दी है। प्राचीन काल से ही हल्दी को एक चमत्कारिक खाद्य और औषधीय पदार्थ के रूप में मान्यता प्राप्त है। भारतीय रसोई में इसका महत्वपूर्ण स्थान है और धार्मिक रूप से इसको बहुत शुभ समझा जाता है। प्रतिदिन हमारी रसोई में मसालों के तौर पर प्रयोग किया जाता है।
हल्दी (Turmeric) में 68.4% कार्बोहायड्रेट, 6.3% प्रोटीन, 5.8% उड़नशील तेल, 5.1% द्रव्य और 3.5% खनिज द्रव्य पाया जाता है। इसमें कुर्कुमिन नामक पीला द्रव्य और विटमिन A भी पाए जाते हैं। इसमें एंटीऑक्सीडेंट और प्रतिरोधक (immunity) क्षमता बढ़ाने वाले तत्व पाए जातें हैं। हल्दी ऐंटिसेप्किट (antiseptic) और ऐंटी-बैक्टीरियल (anti-bacterial) गुणों से भरपूर्ण है।
हल्दी पाचन तन्त्र की समस्याओं, गठिया, रक्त-प्रवाह की समस्याओं, कैंसर, जीवाणुओं (बेक्टीरिया) के संक्रमण, उच्च रक्तचाप और एलडीएल कोलेस्ट्रॉल की समस्या और शरीर की कोशिकाओं की टूट-फूट की मरम्मत में लाभकारी है। प्राचीन काल से ही इसका प्रयोग सुंदरता को निखारने के लिए किया जाता है।
इस लेख के माध्यम से डाइटिशन आयशा आपको हल्दी के औषधीय (medicinal) और सौंदर्य प्रसाधन (cosmetic) के गुण बता रहीं है।
हल्दी के औषधीय गुण - Medicinal properties of turmeric

हल्दी के सौंदर्य निखारने के गुण - Beauty enhancing properties of turmeric








हुज़ैफ़ा अबरार July 07 2026 0 413
हुज़ैफ़ा अबरार July 07 2026 0 364
हुज़ैफ़ा अबरार July 09 2026 0 203
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 4753
एस. के. राणा January 20 2026 0 4648
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 4592
एस. के. राणा January 13 2026 0 4403
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 4333
एस. के. राणा February 01 2026 0 3962
एस. के. राणा February 04 2026 0 3766
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86826
सौंदर्या राय April 08 2022 0 34721
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37936
सौंदर्या राय April 05 2022 0 35413
लेख विभाग March 19 2022 0 35007
सौंदर्या राय March 16 2022 0 72476
मनसुख मांडविया ने स्वास्थ्य मंत्रालय और भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारियो
भारत दुनिया का एकमात्र ऐसा बड़ा देश है जहां शिशु लड़कों की तुलना में शिशु लड़कियों की मृत्यु अधिक हो
कोरोना की वैक्सीन के आठ माह के भीतर चार सैंपल फेल हो चुके हैं। एक सैंपल वर्ष 2021 में फेल हो चुका है
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक योजना के चौथे चरण के तहत अगले पांच वर्षों (2027 तक) में जिला अस्पत
इमोशनल स्ट्रेस, कमजोर नजर के कारण हुआ आई स्ट्रेन, गलत पोश्चर के कारण पैदा हुआ पीठ दर्द भी माइग्रेन क
भोजन से पहले नींबू पानी पीने से डाइजेशन को बढ़ाने और भूख को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है। ऐसा इसलि
इस रथ को चलाने का मुख्य उद्देश्य लोगों के व्यवयहार में परिवर्तन करना, लोगों को मास्क लगाने, सामाजिक
यूपी एनएचएम भर्ती 2021 अभियान के माध्यम से 2900 से ज्यादा खाली पद भरे जाएंगे। इच्छुक और योग्य उम्मीद
शहर के बड़े सरकारी अस्पतालों में बुखार समेत मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीज तेजी से बढ़े है। हालत ये
इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी बच्चा पोलियो टीके के सुरक्षाचक्र से वंचित न रह जाये। देश पिछल

COMMENTS