देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

बीआरडी मेडिकल कालेज गोरखपुर में पांच साल व 12 साल के बच्चे कोरोना से मरे

कोरोना की तीसरी लहर बच्चों के लिए घातक बनती जा रहा है। 24 घंटे में बीआरडी मेडिकल कालेज में दो बच्चों की संक्रमण से इलाज के दौरान मौत हो गई।

हुज़ैफ़ा अबरार
January 28 2022 Updated: January 29 2022 00:47
0 35074
बीआरडी मेडिकल कालेज गोरखपुर में पांच साल व 12 साल के बच्चे कोरोना से मरे प्रतीकात्मक

गोरखपुर। कोरोना की तीसरी लहर बच्चों के लिए घातक बनती जा रहा है। जैसे-जैसे संक्रमण का प्रसार हो रहा है बच्चे इसके शिकार हो रहे हैं। बीते 24 घंटे में बीआरडी मेडिकल कालेज में दो बच्चों की संक्रमण से इलाज के दौरान मौत हो गई। एक की उम्र पांच साल व दूसरे की 12 साल है। मृतकों में बच्ची गोपालगंज, बिहार की है।

बस्ती के रहने वाले पांच साल के बच्चे की तबीयत शनिवार को खराब हुई थी। बस्ती के जिला अस्पताल से उसे बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। परिजन उसे लेकर पहुंचे तो मेडिकल कॉलेज के पीडियाट्रिक वार्ड में भर्ती के दौरान उसकी कोविड जांच की गई। रिपोर्ट पॉजिटिव मिली इसके बाद उसे कोविड वार्ड में भर्ती किया गया। वहीं बिहार के गोपालगंज निवासी 12 वर्षीय बच्ची को सांस लेने में तकलीफ हो रही थी।

बीते मंगलवार को परिजन उसे लेकर गोरखपुर पहुंचे। एक निजी अस्पताल में जांच के दौरान कोरोना के संकेत मिले। परिजन उसे लेकर बीआरडी मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां पर आरटीपीसीआर से जांच में कोविड की तस्दीक हुई। इसके बाद उसे पीडियाट्रिक वार्ड के बजाए बच्चों के लिए संचालित हो रहे कोविड वार्ड में भर्ती किया गया। यहां दोनों की तबीयत बिगड़ने लगी। मंगलवार से ही उनकी सांसें उखड़ने लगीं। बस्ती निवासी मासूम की मंगलवार की रात को मौत हो गई। वहीं गोपालगंज, बिहार निवासी बालिका ने बुधवार को दम तोड़ दिया। दो बच्चों की मौत के बाद हड़कंप मच गया। कोविड प्रोटोकाल और इलाज की समीक्षा की गई। दोनों बच्चों की मौत के बाद डेथ ऑडिट का फैसला किया गया है।

जांच की आईडी बढ़ा रही जिले में मौतों का ग्राफ
कोरोना मरीजों की जांच के डाटा फीडिंग में चूक का खामियाजा स्वास्थ्य महकमे को भुगतना पड़ रहा है। बुधवार को जिले में तीन संक्रमितों के मौत की सूचना मिली। तीनों ही मौतें गोरखपुर के खाते में दर्ज हैं जबकि तीनों संक्रमित दूसरे जिलों के रहने वाले हैं। इनमें एक बिहार का संक्रमित था। तीनों ने गोरखपुर में जांच कराई। इस वजह से उनकी मौतों का डाटा गोरखपुर के खाते में शामिल हो गया। कोविड जांच के नोडल अधिकारी डॉ. एके सिंह ने बताया कि यह डाटा फीडिंग में चूक की वजह से हो रहा है। इसके लिए बीआरडी को सूचित किया गया है।

बीआरडी मेडिकल कालेज गोरखपुर में पांच साल व 12 साल के बच्चों की कोरोना से मृत्यु
गोरखपुर। कोरोना की तीसरी लहर बच्चों के लिए घातक बनती जा रहा है। जैसे-जैसे संक्रमण का प्रसार हो रहा है बच्चे इसके शिकार हो रहे हैं। बीते 24 घंटे में बीआरडी मेडिकल कालेज में दो बच्चों की संक्रमण से इलाज के दौरान मौत हो गई। एक की उम्र पांच साल व दूसरे की 12 साल है। मृतकों में बच्ची गोपालगंज, बिहार की है।

बस्ती के रहने वाले पांच साल के बच्चे की तबीयत शनिवार को खराब हुई थी। बस्ती के जिला अस्पताल से उसे बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। परिजन उसे लेकर पहुंचे तो मेडिकल कॉलेज के पीडियाट्रिक वार्ड में भर्ती के दौरान उसकी कोविड जांच की गई। रिपोर्ट पॉजिटिव मिली इसके बाद उसे कोविड वार्ड में भर्ती किया गया। वहीं बिहार के गोपालगंज निवासी 12 वर्षीय बच्ची को सांस लेने में तकलीफ हो रही थी।

बीते मंगलवार को परिजन उसे लेकर गोरखपुर पहुंचे। एक निजी अस्पताल में जांच के दौरान कोरोना के संकेत मिले। परिजन उसे लेकर बीआरडी मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां पर आरटीपीसीआर से जांच में कोविड की तस्दीक हुई। इसके बाद उसे पीडियाट्रिक वार्ड के बजाए बच्चों के लिए संचालित हो रहे कोविड वार्ड में भर्ती किया गया। यहां दोनों की तबीयत बिगड़ने लगी। मंगलवार से ही उनकी सांसें उखड़ने लगीं। बस्ती निवासी मासूम की मंगलवार की रात को मौत हो गई। वहीं गोपालगंज, बिहार निवासी बालिका ने बुधवार को दम तोड़ दिया। दो बच्चों की मौत के बाद हड़कंप मच गया। कोविड प्रोटोकाल और इलाज की समीक्षा की गई। दोनों बच्चों की मौत के बाद डेथ ऑडिट का फैसला किया गया है।

जांच की आईडी बढ़ा रही जिले में मौतों का ग्राफ
कोरोना मरीजों की जांच के डाटा फीडिंग में चूक का खामियाजा स्वास्थ्य महकमे को भुगतना पड़ रहा है। बुधवार को जिले में तीन संक्रमितों के मौत की सूचना मिली। तीनों ही मौतें गोरखपुर के खाते में दर्ज हैं जबकि तीनों संक्रमित दूसरे जिलों के रहने वाले हैं। इनमें एक बिहार का संक्रमित था। तीनों ने गोरखपुर में जांच कराई। इस वजह से उनकी मौतों का डाटा गोरखपुर के खाते में शामिल हो गया। कोविड जांच के नोडल अधिकारी डॉ. एके सिंह ने बताया कि यह डाटा फीडिंग में चूक की वजह से हो रहा है। इसके लिए बीआरडी को सूचित किया गया है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

मजीठा खून को साफ करने की अचूक जड़ी बूटी है। 

मजीठा खून को साफ करने की अचूक जड़ी बूटी है। 

लेख विभाग January 14 2021 103153

यह मूत्र संक्रमण, दस्त, खसरा और पुरानी बुखार का इलाज कर सकता है। अनियमित मासिक धर्म के इलाज के लिए म

Effectiveness of a behavioural intervention delivered by text messages (safetxt) on sexually transmitted reinfections in people aged 16-24 years: randomised controlled trial

Effectiveness of a behavioural intervention delivered by text messages (safetxt) on sexually transmitted reinfections in people aged 16-24 years: randomised controlled trial

British Medical Journal December 26 2022 27518

The safetxt intervention did not reduce chlamydia and gonorrhoea reinfections at one year in people

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया सीएचसी का औचक निरीक्षण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया सीएचसी का औचक निरीक्षण

विशेष संवाददाता March 19 2023 26563

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गैरसैंण का औचक निरीक्षण किया। म

जानिए मधुमेह (डायबिटीज, शुगर) के कारण और लक्षण।

जानिए मधुमेह (डायबिटीज, शुगर) के कारण और लक्षण।

लेख विभाग February 19 2021 24858

शुगर के लक्षण की जानकारी दे रहे हैं : प्यास लगना, बार-बार पेशाब लगना, भूख बढ़ना, थकान, धुंधला दिखाई

ऑनलाइन वेबसाइट का जिला अस्पताल में शुभारंभ

ऑनलाइन वेबसाइट का जिला अस्पताल में शुभारंभ

जीतेंद्र कुमार October 18 2022 41423

सीकर जिले के नीमकाथाना में जिला अस्पताल में आने वाले मरीजों के लिए राहत।अस्पताल की ओर से ऑनलाइन वेबस

पैनिक अटैक: लक्षण और बचाव के तरीके

पैनिक अटैक: लक्षण और बचाव के तरीके

लेख विभाग October 29 2021 24887

पैनिक अटैक का अनुभव, किसी व्यक्ति की जिंदगी के सबसे भयावह, कष्टप्रद और असहज अनुभवों में से एक होता ह

संचारी रोगों एवं दिमागी बुखार को लेकर नगर निगम ने बनाई कार्ययोजना

संचारी रोगों एवं दिमागी बुखार को लेकर नगर निगम ने बनाई कार्ययोजना

रंजीव ठाकुर June 30 2022 28025

विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान के तहत संचारी रोगों एवं दिमागी बुखार पर प्रभावी नियंत्रण

सीएम धामी के निर्देश पर आयुर्वेद विवि के वित्त नियंत्रक पर गिरी गाज

सीएम धामी के निर्देश पर आयुर्वेद विवि के वित्त नियंत्रक पर गिरी गाज

विशेष संवाददाता July 09 2023 31877

लगातार शिकायत मिलने के बाद सीएम धामी एक्शन मोड़ में नजर आए। वहीं अब सीएम धामी के आदेश के बाद आयुर्वे

विश्व के तीस प्रतिशत टी बी मरीज भारत में:- डॉ ए. के. सिंह

विश्व के तीस प्रतिशत टी बी मरीज भारत में:- डॉ ए. के. सिंह

हुज़ैफ़ा अबरार January 30 2021 26930

भारत में हर साल 20 लाख लोग टीबी की चपेट में आते हैं लगभग 5 लाख प्रतिवर्ष मर जाते हैं।

एनसीआर में वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुँचा।

एनसीआर में वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुँचा।

हे.जा.स. October 18 2021 49323

प्रदूषण मापक ऐप ‘समीर’ के अनुसार रविवार को गाजियाबाद का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 350, ग्रेटर

Login Panel