











































राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने राजभवन में क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम-प्रगति की समीक्षा की
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने राजभवन स्थित प्रज्ञाकक्ष में उत्तर प्रदेश में क्षय उन्मूलन कार्यक्रम-प्रगति की समीक्षा की। उत्तर प्रदेश एक बड़ी जनसंख्या वाला राज्य है, इसलिए यहाँ इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्धता और दृढ़संकल्प होकर कार्य किया जाना जरूरी है।
बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (UPNHM), उत्तर प्रदेश की निदेशक अपर्णा उपाध्याय द्वारा प्रदेश में क्षय रोगियों (TB patients) को जनपदवार गोद लिए जाने की संख्या, स्वस्थ रोगियों की संख्या तथा चिकित्साधीन रोगियों की संख्या के आधार पर राज्यपाल के समक्ष विवरण प्रस्तुत किया गया।
राज्यपाल (Governor Anandiben Patel) ने प्रस्तुतिकरण में विविध कमियों को लक्षित करते हुए सुधार के सुझाव दिए। उन्होंने निर्देश दिया की वर्ष 2019 से अब तक प्रदेश में क्षय रोगियों की संख्या और स्वस्थ हुए रोगियों (recovered TB patients) की संख्या की जनपदवार अलग रिपोर्ट बनाई जाए।

उन्होंने गत वर्ष विश्व क्षय रोग दिवस 24 मार्च, 2021 पर एक दिन में प्रदेश भर में गोद लिए गए क्षय रोगियों (adopted TB patients) का जनपदवार विवरण और उनकी स्वास्थ्य प्रगति की एक अलग रिपोर्ट बनाने का निर्देश भी दिया। इसी के साथ उन्होंने गत एक वर्ष में प्रदेश के कुल क्षय रोगियों की जनपदवार संख्या और उनके स्वास्थय प्रगति की मासिक रिपोर्ट बनाने का निर्देश भी दिया।
बताते चलें कि प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल द्वारा प्रदेश में क्षय रोग उन्मूलन (TB Eradication) के लिए क्षय रोगियों को पोषण व्यवस्था और चिकित्सा सहायता हेतु गोद लेने पर अभियान चलाकर कार्य किया जा रहा है। वे स्वयं भी प्रदेश को वर्ष 2024 तक क्षय मुक्त बनाने की प्रेरणा देकर प्रतिबद्धता से कार्य कर रही हैं।
अपने प्रत्येक जनपद भ्रमण, कार्यक्रमों और बैठकों में राज्यपाल ने बड़े स्तर पर टीबी के मरीजों को उनके स्वस्थ होने तक गोद लेने के लिए प्रेरित किया गया और समय-समय पर गोद लिए टीबी मरीजों की स्वास्थ्य प्रगति की समीक्षा भी की। इसी क्रम में उन्होंने सक्षम अधिकारियों, विश्वविद्यालयों, स्वयंसेवी संस्थानों द्वारा गोद लिए क्षय रोगियों के स्वस्थ हो जाने पर पुनः नए रोगियों (new TB patients) को गोद लेने हेतु प्रेरित किया।
बैठक में अपर मुख्य सचिव, अमित मोहन प्रसाद ने भारत में सर्वाइकल कैंसर (cervical cancer) रोकथाम हेतु वैक्सीन उत्पादन की जानकारी दी। राज्यपाल ने कहा कि प्रदेश की महिलाओं में इसकी रोकथाम के लिए केन्द्र को वैक्सीन खरीद का प्रस्ताव दिया जाए। उन्होंने बैठक में प्रसव के दौरान मातृ-मृत्यु के कारणों तथा स्तनपान (breastfeeding) को बढ़ावा देने हेतु कार्यक्रमों पर भी चर्चा की।
बैठक में मिशन निदेशक एवं एनएचएम ने बताया कि प्रदेश की राज्यपाल द्वारा क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम (TB eradication program) की मानीटरिंग हेतु राजभवन में डॉ अमित कुमार, चिकित्साधिकारी के साथ एक सहायक स्टाफ को सम्बद्ध कर दिया गया है।
बैठक में अपर मुख्य सचिव महेश कुमार गुप्ता, अपर मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद, मिशन निदेशक राष्ट्रीय स्वास्थय मिशन अपर्णा उपाध्याय, विशेष सचिव राज्यपाल बद्रीनाथ सिंह, राज्य क्षय रोग नियंत्रण अधिकारी डॉ शैलेन्द्र भटनागर सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।







एस. के. राणा January 13 2026 0 3059
एस. के. राणा January 20 2026 0 2681
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 2646
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 2513
एस. के. राणा February 01 2026 0 2149
हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 1890
एस. के. राणा February 04 2026 0 1883
सौंदर्य
सौंदर्या राय May 06 2023 0 102019
सौंदर्या राय March 09 2023 0 106393
सौंदर्या राय March 03 2023 0 106709
admin January 04 2023 0 106725
सौंदर्या राय December 27 2022 0 97047
सौंदर्या राय December 08 2022 0 85484
आयशा खातून December 05 2022 0 140161
लेख विभाग November 15 2022 0 109253
श्वेता सिंह November 10 2022 0 158526
श्वेता सिंह November 07 2022 0 109438
लेख विभाग October 23 2022 0 94170
लेख विभाग October 24 2022 0 97649
लेख विभाग October 22 2022 0 103365
श्वेता सिंह October 15 2022 0 106263
श्वेता सिंह October 16 2022 0 100630
सभी मेडिकल कॉलेजों में अब ओपीडी और आइपीडी सेवाएं पूरी तरीके से संचालित की जाएगी। मरीजों को पहले की त
चेहरे की खूबसूरती को वापस पाने के लिए महिलाएं तरह-तरह के ब्यूटी प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करती हैं। एक
बदलते मौसम का असर लोगों के ऊपर दिखने लगा है। इस बार तो मार्च की धूप ही लोगों की सेहत पर असर डाल रही
प्रेडनिसोन, कॉर्टिकोस्टेरॉइड्स के रूप में जानी जाने वाली दवाओं के एक वर्ग के अंतर्गत आता है और इसका
किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के मानसिक स्वास्थ्य विभाग के एडिशनल प्रोफेसर डॉ आदर्श त्रिपाठी ने
यदि त्वचा पर हल्के या तांबई रंग के धब्बे हों और उनमें संवेदनहीनता हो तो यह कुष्ठ रोग हो सकता है | हा
बैठक में आईवीएफ सेंटर शुरू करने को मंजूरी दी गई। इसके अलावा लोहिया अस्पताल के विस्तार की योजना पर भी
तम्बाकू व बीडी-सिगरेट से देश में हर रोज करीब 3000 लोग तोड़ते हैं दम नपुंसकता के साथ ही 40 तरह के कैं
कोरोना के नए मामलों के बीच सीएम योगी ने राज्य स्तरीय कोविड सलाहकार समिति और उच्चस्तरीय टीम-9 के साथ
ओरल सेक्स में साथी के जननांगों या जननांग क्षेत्र को उत्तेजित करने के लिए मुंह का उपयोग किया जाता है।

COMMENTS