देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

पोलियो-मुक्त भारत में अभी भी पोलियो टीकाकरण क्यों है जरूरी:डॉ. अवंतिका

पोलियो बहुत संक्रामक वायरल बीमारी है। यह ज़्यादातर पाँच साल से कम उम्र के बच्चों को होती है। यह ज़्यादातर मल-मुंह के रास्ते अक्सर गंदे पानी या खाने से फैलती है, और नर्वस सिस्टम पर हमला कर सकती है। WHO के मुताबिक पोलियो के  200 इन्फेक्शन में से एक में ऐसा पैरालिसिस हो सकता है, जिसे ठीक नहीं किया जा सकता। पैरालिसिस से पीड़ित 5 से 10% लोगों की मौत हो जाती है, क्योंकि उनकी सांस लेने वाली मांसपेशियां काम करना बंद कर देती हैं। पोलियो का कोई इलाज नहीं है। लेकिन वैक्सीनेशन से इस बीमारी और इसके ज़िंदगी भर रहने वाले गंभीर असर से बचाव किया जा सकता है।

हुज़ैफ़ा अबरार
October 22 2026 Updated: October 22 2026 00:14
0 77
पोलियो-मुक्त भारत में अभी भी पोलियो टीकाकरण क्यों है जरूरी:डॉ. अवंतिका Image of Poiio Vaccin

कानपुर। भारत में वाइल्ड पोलियोवायरस का आखिरी केस रिपोर्ट होने के 15 साल बाद भी देश का पोलियो-फ्री स्टेटस बनाए रखना महत्वपूर्ण स्वास्थ्य प्राथमिकता बना हुआ है। हालांकि लगातार टीकाकरण की कोशिशों से लोकल ट्रांसमिशन खत्म हो गया है, लेकिन वायरस दूसरी जगहों पर फैल रहा है। इस वजह से इसके दोबारा फैलने की संभावना है। इस उपलब्धि को बनाए रखने की ज़रूरत पर ज़ोर देते हुए रीजेंसी हेल्थ कानपुर ने माता-पिता से यह सुनिश्चित करने की अपील की है कि उनके बच्चों को पोलियो वैक्सीन की सभी बताई गई डोज़ मिलें और वे पल्स पोलियो कैंपेन में हिस्सा लें।


भारत में वाइल्ड पोलियोवायरस का आखिरी केस 13 जनवरी 2011 को हावड़ा प बंगाल में रिपोर्ट किया गया था। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइज़ेशन (WHO) साउथ-ईस्ट एशिया रीजन को 27 मार्च 2014 को पोलियो-फ्री सर्टिफ़ाई किया था। हालांकि अफ़गानिस्तान और पाकिस्तान में अभी भी वाइल्ड पोलियोवायरस का फैलाव जारी है। ग्लोबल पोलियो इरेडिकेशन इनिशिएटिव रिपोर्ट अपडेट के अनुसार 30 अप्रैल तक 26 में दुनिया भर में वाइल्ड पोलियोवायरस के 36 केस रिपोर्ट किए थे। वायरस का लगातार सर्कुलेशन उन देशों में भी जिन्होंने लोकल ट्रांसमिशन को खत्म कर दिया है, इसलिए वहाँ भी ज़्यादा वैक्सीनेशन कवरेज और प्रभावी सर्विलांस बनाए रखना जरूरी है।


पोलियो बहुत संक्रामक वायरल बीमारी है। यह ज़्यादातर पाँच साल से कम उम्र के बच्चों को होती है। यह ज़्यादातर मल-मुंह के रास्ते अक्सर गंदे पानी या खाने से फैलती है, और नर्वस सिस्टम पर हमला कर सकती है। WHO के मुताबिक पोलियो के  200 इन्फेक्शन में से एक में ऐसा पैरालिसिस हो सकता है, जिसे ठीक नहीं किया जा सकता। पैरालिसिस से पीड़ित 5 से 10% लोगों की मौत हो जाती है, क्योंकि उनकी सांस लेने वाली मांसपेशियां काम करना बंद कर देती हैं। पोलियो का कोई इलाज नहीं है। लेकिन वैक्सीनेशन से इस बीमारी और इसके ज़िंदगी भर रहने वाले गंभीर असर से बचाव किया जा सकता है।

रीजेंसी हेल्थ कानपुर की पीडियाट्रिक पल्मोनोलॉजी की एसोसिएट कंसल्टेंट डॉ. अवंतिका चौहान ने कहा वाइल्ड पोलियोवायरस ट्रांसमिशन से मुक्त रहने में भारत की सफलता दशकों से चल रहे लगातार टीकाकरण प्रयासों और जनता की भागीदारी को दिखाती है। हालांकि वायरस का दूसरी जगहों पर लगातार फैलना यह बताता है कि हम वैक्सीनेशन कवरेज में कमी नहीं कर सकते। माता-पिता को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके बच्चे बताए गए टीकाकरण ज़रूरी हैं जिससे स्थायी विकलांगता (परमानेंट डिसेबिलिटी) हो सकती है।

भारत के नेशनल इम्यूनाइज़ेशन शेड्यूल के तहत बच्चों को जन्म के समय ओरल पोलियो वैक्सीन (OPV) दी जाती है, उसके बाद 6, 10 और 14 हफ़्ते में खुराक दी जाती है, और 16 से 24 महीने पर बूस्टर डोज़ (खुराक) दी जाती है। शेड्यूल में इनएक्टिवेटेड पोलियो वैक्सीन (fIPV) की फ्रैक्शनल खुराक भी शामिल होती हैं, जो 6 और 14 हफ़्ते में दी जाती हैं। माता-पिता को अपने बच्चे के वैक्सीनेशन रिकॉर्ड चेक करने चाहिए और अगर उन्हें पक्का नहीं है कि बताई गई सभी खुराक दी गई हैं या नहीं, तो उन्हें बच्चों के डॉक्टर या स्थानीय टीकाकरण केंद्र (इम्यूनाइज़ेशन सेंटर) से सलाह लेनी चाहिए।


पल्स पोलियो कैंपेन के दौरान सभी योग्य बच्चों को पोलियो की अतिरिक्त खुराक दी जाती है। यह खुराक बच्चे को पहले टीका लगा हो या नहीं दोनों ही स्थितियों में दी जाती है। ये अतिरिक्त खुराकें बच्चों की इम्यूनिटी को मज़बूत करती हैं और नियमित टीकाकरण में मदद करती हैं। हालांकि ये नियमित टीकाकरण की जगह नहीं लेतीं। माता-पिता को कैंपेन से जुड़ी आधिकारिक घोषणाओं पर ध्यान देना चाहिए और तय तारीखों पर अपने बच्चों को पोलियो की खुराक दिलाने के लिए ले जाना चाहिए।
अगर किसी बच्चे का शेड्यूल खुराक नहीं मिल पाई है तो माता-पिता को शेड्यूल पूरा करने के लिए सलाह के लिए बच्चों के डॉक्टर से कंसल्ट करना चाहिए या सरकारी वैक्सीनेशन सेंटर जाना चाहिए।

वैक्सीनेशन रिकॉर्ड अपडेट रखने से परिवारों को छूटी हुई खुराक पहचानने में मदद मिल सकती है और यह सुनिश्चित हो सकता है कि बच्चों को उनकी उम्र के हिसाब से रिकमेंडेड सुरक्षा मिले। पोलियो के खिलाफ भारत की उपलब्ध्ति दिखाती है कि लगातार टीकाकरण और जनता की भागीदारी से असंभव लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। इस कामयाबी को बनाए रखने के लिए परिवारों और हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स को लगातार जागरूक और सतर्क रहना होगा। इससे अब तक मिली सफलता को बरकरार रखने और बच्चों को पोलियो जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी। पोलियो से बचाव संभव है, लेकिन इसका असर बच्चे की पूरी ज़िंदगी बदल सकता है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

संयुक्त जिला चिकित्सालय को मिली सौगात, डिप्टी सीएम ने किया लोकार्पण

संयुक्त जिला चिकित्सालय को मिली सौगात, डिप्टी सीएम ने किया लोकार्पण

विशेष संवाददाता May 20 2023 36424

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने लोनी में 50 बेड के संयुक्त जिला अस्पताल का लोकार्पण किया। इसके अलावा तीन

यूरोलॉजिकल केयर में मैक्स हॉस्पिटल की नई उपलब्धि, उच्च-जोखिम वाले मरीजों पर सफलतापूर्वक की गई

यूरोलॉजिकल केयर में मैक्स हॉस्पिटल की नई उपलब्धि, उच्च-जोखिम वाले मरीजों पर सफलतापूर्वक की गई

हुज़ैफ़ा अबरार August 31 2025 26606

रेज़ूम थेरेपी उन पुरुषों के लिए गेम-चेंजर है जो बढ़े हुए प्रोस्टेट की वजह से पेशाब की समस्या झेल रहे

अनूठी मुहिम, टीबी चैंपियन को मिलेगी सेल्फ लर्निंग कोर्स की ट्रेनिंग

अनूठी मुहिम, टीबी चैंपियन को मिलेगी सेल्फ लर्निंग कोर्स की ट्रेनिंग

हुज़ैफ़ा अबरार February 18 2022 49413

प्रदेश में करीब 2350 टीबी चैंपियन हैं जो कि हमारे टीबी मुक्त अभियान में बड़े सहायक साबित हो सकते हैं

मुजफ्फरपुर में फिर बढ़ने लगे चमकी बुखार के केस

मुजफ्फरपुर में फिर बढ़ने लगे चमकी बुखार के केस

हे.जा.स. June 10 2023 30179

चमकी बुखार में बच्चे दांत पर दांत चढ़ाए रहते हैं। बच्चे को लगातार तेज बुखार रहता है। बदन में ऐंठन हो

गर्मी में ठंडे पानी से परहेज करें जोड़ों के मरीज

गर्मी में ठंडे पानी से परहेज करें जोड़ों के मरीज

विशेष संवाददाता June 01 2023 28843

भारतीय योग संस्थान के प्रांतीय कार्यकारिणी सदस्य एवं जनपद प्रभारी योगाचार्य सुरेंद्र पाल सिंह आर्य न

केंद्र सरकार ने दिल्ली हाईकोर्ट को बूस्टर खुराक के बारे में दी अहम जानकारी।

केंद्र सरकार ने दिल्ली हाईकोर्ट को बूस्टर खुराक के बारे में दी अहम जानकारी।

एस. के. राणा December 14 2021 27554

एनटीएजीआई कोरोना टीकों की खुराक के साथ-साथ बूस्टर खुराक की आवश्यकता और औचित्य से संबंधित वैज्ञानिक स

उत्तर प्रदेश: कोरोना संक्रमण के 8 नए मामले, कुल एक्टिव केस घटकर 83

उत्तर प्रदेश: कोरोना संक्रमण के 8 नए मामले, कुल एक्टिव केस घटकर 83

हुज़ैफ़ा अबरार November 09 2021 27816

प्रदेश में पिछले 24 घंटे में 10 और अब तक कुल 16,87,226 लोग कोविड-19 से ठीक हो चुके हैं। प्रदेश में क

बलरामपुर अस्पताल की एक्सरे मशीन खराब,डिप्टी सीएम ने तत्काल सुधारने के दिए निर्देश

बलरामपुर अस्पताल की एक्सरे मशीन खराब,डिप्टी सीएम ने तत्काल सुधारने के दिए निर्देश

आरती तिवारी August 28 2022 21933

 उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने बलरामपुर अस्पताल में डिजिटल एक्सरे मशीनों खराब होने को गंभीरता से लिया

तंबाकू का सेवन करने वालों में कोविड-19 के गंभीर लक्षण विकसित होने की संभावना।

तंबाकू का सेवन करने वालों में कोविड-19 के गंभीर लक्षण विकसित होने की संभावना।

हुज़ैफ़ा अबरार June 01 2021 30294

कोविड बहुत ज्यादा संक्रामक है और धूम्रपान करने वालों में इसका बहुत ज्यादा ख़तरा है। धूम्रपान करने वा

आज के पौधे कल के आक्सीजन प्लांट: डा. सूर्यकान्त  

आज के पौधे कल के आक्सीजन प्लांट: डा. सूर्यकान्त  

हुज़ैफ़ा अबरार September 03 2021 26712

राजकीय नर्सेस संघ केजीएमयू के सहयोग से ‘प्रत्येक व्यक्ति-एक पौधा’ थीम के तहत वृहद वृक्षारोपण का आयोज

Login Panel