देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

राष्ट्रीय

कोविड से उबरने के बाद डायबिटीज के मरीजों को हो रही ये परेशानियां

कोविड से उबरने के बाद डायबिटीज के मरीजों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कोविड के बाद छाती की समस्याओं वाले मरीजों को बलगम या कफ, एलर्जी, अनिद्रा, खर्राटे और खांसी जैसी समस्याओं से जूझना पड़ता है।

0 22999
कोविड से उबरने के बाद डायबिटीज के मरीजों को हो रही ये परेशानियां कोविड से उबरने के बाद डायबिटीज के मरीजों को हो रही ये परेशानियां

नई दिल्ली। कोविड से उबरने के बाद डायबिटीज के मरीजों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।कोविड के बाद छाती की समस्याओं वाले मरीजों को बलगम या कफ, एलर्जी, अनिद्रा, खर्राटे और खांसी जैसी समस्याओं से जूझना पड़ता है।

इसके लिए रीजेंसी सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल एक निःशुल्क  कैम्प का आयोजन कर रहा है। इस कैम्प में कोविड से पीड़ित हो चुके मरीजों के लिए मेडिकल हेल्थ चेकअप में छाती और डायबिटीज की समस्याओं से पीड़ित या घातक संक्रमण से उभरने के बाद क्रिटिकल केयर की जरुरत होती है।

स्वतंत्रता दिवस समारोह के मद्देनज़र 16 से 22 अगस्त तक हफ्ते भर चलने वाले मुफ्त मेडिकल हेल्थ चेकअप कैम्प का आयोजन किया जा रहा है। डॉक्टर यह भी बताएंगे कि इन बीमारियों से कैसे बचा जाए और वे बीमारी से उभरने के बाद सम्पूर्ण स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए टिप्स साझा करेंगे।

कोविड-19  से अक्सर निमोनिया और एक्यूट रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम (ARDS), फेफड़े में गंभीर चोट होती है। ठीक हो चुके मरीजों में अन्य लक्षणों में खांसी, टीबी, सांस लेने में कठिनाई और अस्थमा या सीओपीडी (पुरानी सूजन फेफड़ों की बीमारी) और छाती की अन्य समस्याएं शामिल होती हैं।

रीजेंसी सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल, लखनऊ के इंटरनल मेडिसिन कंसल्टेंट और एमडी डॉ उबैदुर रहमान ने इस कैम्प के बारे में बताते हुए कहा, "कोविड-19 के गंभीर केसेस में संक्रमण आपके फेफड़ों में हवा की थैली की दीवारों और अंदरूनी परत को नुकसान पहुंच सकता है।

जैसे-जैसे आपका शरीर इस संक्रमण से लड़ने की कोशिश करता है, फेफड़े और ज्यादा सूज जाते हैं और तरल पदार्थ से भर जाते हैं। इससे उनके लिए ऑक्सीजन और कार्बन डाइऑक्साइड का आदान-प्रदान करना मुश्किल हो सकता है, ऐसे में ऐसे मरीजों को तत्काल मेडिकल मदद की आवश्यकता होती है।

अगर वे संक्रमण से ठीक भी हो जाते हैं, तो उनमें सांस लेने में कठिनाई और छाती की अन्य समस्याओं जैसे कई लक्षण विकसित होते हैं। ऐसे में हम सांस लेने वाली एक्सरसाइज और योग के आसन करने की सलाह देते हैं ताकि इससे फेफड़ों के स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद मिल सके।

कोविड के बाद छाती की समस्याओं वाले मरीजों को बलगम या कफ, एलर्जी, अनिद्रा, खर्राटे और खांसी जैसी समस्याओं से जूझना पड़ता है।

रीजेंसी सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल के क्रिटिकल केयर और एनेस्थेसिया कंसल्टेंट डॉ यश झावेरी ने कहा, "डायबिटीज से पीड़ित मरीजों को कोविड से उबरने के बाद बहुत ज्यादा प्यास या भूख, कमजोरी, बार-बार पेशाब आना, वजन कम होना, घाव भरने में देरी, प्रजनन अंगों में संक्रमण जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ा है।

दरअसल किसी भी वायरस से ठीक होने पर डायबिटीज वाले लोगों में गंभीर कॉम्प्लिकेशन होने की संभावना ज्यादा होती है। इसलिए अगर आप अपनी डायबिटीज को अच्छे से मैनेज करते हैं तो आपके कोविड-19 से बहुत ज्यादा बीमार होने का खतरा कम होने की संभावना है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

तेजी से बदलते मौसम में मुरादाबाद में वायरल फीवर ने पकड़ा जोर

तेजी से बदलते मौसम में मुरादाबाद में वायरल फीवर ने पकड़ा जोर

श्वेता सिंह October 15 2022 36579

सभी सीएचसी व पीएचसी के प्रभारियों को आदेश दिया है कि बाढ़ का पानी उतरने के बाद क्षेत्र के लोगों व प्

बहुत दुरूह स्थितियों में होम्योपैथी चिकित्सक समाज की सेवा कर रहे हैं- डॉ अनिरुद्ध वर्मा

हुज़ैफ़ा अबरार February 15 2021 32242

यदि रोगों को जड़ से ठीक करना है, स्वास्थ्य प्रदान करना है, गाँव-गाँव, घर-घर तक चिकित्सा सुविधा पहुचान

मानसिक रोगों की उत्पत्ति के लिए मनुष्य की प्रवृतियां जिम्मेदार

मानसिक रोगों की उत्पत्ति के लिए मनुष्य की प्रवृतियां जिम्मेदार

लेख विभाग October 08 2022 96778

प्राचीन काल में ऋषि-मुनि वर्षों तक ईश्वरीय ज्ञान वेदों पर चिंतन मनन कर मनुष्यों के कल्याणार्थ उपदेश

निगरानी समितियों ने कोरोना से बचाव के लिए बच्चों को बाँटा मेडिसिन किट।

निगरानी समितियों ने कोरोना से बचाव के लिए बच्चों को बाँटा मेडिसिन किट।

हुज़ैफ़ा अबरार June 28 2021 32108

बच्चों को कोरोना की संभावित तीसरी लहर से बचाने के लिए सरकार द्वारा हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं ले

ब्रिटेन 22 नवंबर से देगा कोवैक्सीन को मान्यता।

ब्रिटेन 22 नवंबर से देगा कोवैक्सीन को मान्यता।

हे.जा.स. November 09 2021 24732

22 नवंबर से यूके भारत की कोवॉक्सिन (Covaxin) को भी आपातकालीन उपयोग सूची में शामिल करेगा। इसके बाद दो

लंपी वायरस का कहर, 5 मवेशियों को मौत

लंपी वायरस का कहर, 5 मवेशियों को मौत

विशेष संवाददाता November 12 2022 25210

उत्तर भारत के कई राज्यों में इन दिनों लंपी वायरस से गायों की मौत हो रही है। स्थिति को देखते हुए पशुप

बच्चों के लिए कोरोनारोधी वैक्सीन आने में अभी लगेगा समय।

बच्चों के लिए कोरोनारोधी वैक्सीन आने में अभी लगेगा समय।

एस. के. राणा November 09 2021 21780

बच्चों के लिए भारत बायोटेक के कोवैक्सिन के डेटा का मूल्यांकन किया जा रहा है। डीसीजीआई से अंतिम मंजूर

नेत्र शिविर में 162 मरीजों ने करवाई आंखों की जाँच

नेत्र शिविर में 162 मरीजों ने करवाई आंखों की जाँच

श्वेता सिंह November 08 2022 32684

श्री स्वामी चंद दास रामलीला कमेटी द्वारा 86 लोगों को डॉक्टरों द्वारा आंखों की जांच करने के बाद निशु

केजीएमयू के डॉक्टरों ने मनवाया काबिलियत का लोहा, दुनिया के शीर्ष वैज्ञानिकों में 10 चिकित्सक शामिल

केजीएमयू के डॉक्टरों ने मनवाया काबिलियत का लोहा, दुनिया के शीर्ष वैज्ञानिकों में 10 चिकित्सक शामिल

श्वेता सिंह October 13 2022 30735

केजीएमयू के कुलपति लेफ्टिनेंट जनरल डॉ बिपिन पुरी ने सभी चयनित डाक्टर्स को बधाई दी है। वैज्ञानिकों को

कोरोना वैक्सीन: पांच से 11 साल के बच्चों के लिए फाइजर द्वारा विकसित टीके को यूएसएफ़डीए का समर्थन।

कोरोना वैक्सीन: पांच से 11 साल के बच्चों के लिए फाइजर द्वारा विकसित टीके को यूएसएफ़डीए का समर्थन।

हे.जा.स. October 27 2021 27789

फ़ाइज़र को 12 या उससे अधिक उम्र के बच्चों के वैक्सीन के लिए पहले ही मान्यता मिल चुकी है।

Login Panel