












































प्रतीकात्मक
लखनऊ। कोरोना वायरस से बचाव हेतु लोकभारती ने प्रशिक्षण संगोष्ठी आयोजित किया। संगोष्ठी में आयुर्वेद, एक्युपंचर, होम्योपैथी, प्राकृतिक चिकित्सा एवं योग के जरिए कोरोना वायरस से समाज को बचाने का प्रशिक्षण दिया गया।
श्री रामानंद आश्रम शनि मंदिर में कार्यक्रम का उद्घाटन संत रामसेवक दास ने दीप प्रज्वलन कर किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय संगठन मंत्री यतींद्र ने कोरोना वायरस की गम्भीरता को देखते हुए चिकित्सकों को अपने सुझाव देने के लिए आमंत्रित किया।
प्रशिक्षण संगोष्ठी में प्रसिद्ध आयुर्वेदाचार्य डॉ. अजय दत्त शर्मा, एक्युपंचर के डॉ. जी. पार्थ प्रोतिम, होम्योपैथी के डॉ. ए. एम. सिंह, केजीएमयू के पूर्व कुलपति डॉ.एम.एल.बी. भट्ट तथा योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा के डॉ. अमरजीत यादव ने लोक भारती के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ने स्वर्ण प्राशन संस्कार को अति उपयोगी बताते हुए देशभर में सभी बच्चों को यह संस्कार कराने के लिए वृहद अभियान चलाने पर विशेष जोर दिया और बताया कि इससे खासकर बच्चों में रोग प्रतिरोधक क्षमता की वृद्धि होगी।
आयुर्वेदाचार्य डॉ. अजय दत्त शर्मा ने बताया कि सैकड़ों वर्षो से हमारे समाज में भारतीय चिकित्सा पद्धति के अनुसार मृत्युंजय जाप तथा औषधि के रूप में मृत्युंजय रस व्याधियों को रोक रखने में कारगर सिद्ध हुए हैं।
केजीएमयू के पूर्व कुलपति डॉ. एम.एल.बी. भट्ट ने आयुर्वेद के स्वर्ण प्राशन के को सबसे बढ़िया टीकाकरण करार दिया, जिसमें गर्भ संस्कार, जन्म संस्कार एवं स्वर्ण प्राशन को एक बेहद सफल प्रयोग माना गया है।
युवा एक्यूपंचर विशेषज्ञ डॉ. जी पार्थ प्रोतिम ने एक्यूपंचर द्वारा इम्यूनिटी को बढ़ाने के लिए विशेष सफल चिकित्सा के बारे में जानकारी दी तथा घर पर ही रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का बेहद सरल उपाय भी बताया।
होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. एम. सिंह. ने कोरोना वायरस के लिए सकारात्मक सोच के साथ सभी को आगे बढ़ने पर जोर दिया।
योग एवं प्राकृतिक चिकित्सक डॉ. अमरजीत यादव ने आहार-विहार, आचार-विचार एवं व्यवहार सही रखने पर बल दिया।
कार्यक्रम में लोक भारती के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बृजेंद्रपाल सिंह ने भी संबोधित किया। गोपाल उपाध्याय, विजय बहादुर सिंह, श्रीकृष्ण चौधरी, हितेश बिहारी, डॉ. विशाल गुप्ता, कुमारी नजमा, डॉ. संदीप भी उपस्थित रहे।
लगभग 50 कार्यकर्ता प्रशिक्षुओं ने संगोष्ठी में प्रतिभाग किया। महानगर सचिव डॉ. देबज्योति ने आगन्तुओं के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय सचिव लोक भारती डॉ. पार्थ प्रोतिम ने किया।







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