











































प्रतीकात्मक
नयी दिल्ली (भाषा)। भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के एक दिन में 43,071 नए मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,05,45,433 हो गई, जबकि संक्रमण के उपचाराधीन मामले कम होकर 4,85,350 रह गए। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने रविवार यह जानकारी दी।
सुबह आठ बजे अद्यतन किये गये आंकड़ों के अनुसार, देश में संक्रमण के कारण 955 और लोगों की मौत होने के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,02,005 हो गई। मंत्रालय ने बताया कि देश में उपचाराधीन मामलों की संख्या कम होकर 4,85,350 रह गई, जो संक्रमण के कुल मामलों का 1.59 प्रतिशत है, जबकि कोविड-19 से स्वस्थ होने की दर सुधरकर 97.09 हो गई है।
उसने बताया कि पिछले 24 घंटे में उपचाराधीन मामलों की संख्या में 10,183 की कमी आई है। आंकड़ों के अनुसार, शनिवार को 18,38,490 नमूनों की जांच की गई। देश में अब तक 41,82,54,953 नमूनों की जांच की जा चुकी है।
मंत्रालय ने बताया कि दैनिक संक्रमण दर 2.34 प्रतिशत है। यह लगातार 27 दिन पांच प्रतिशत से कम रही है। साप्ताहिक संक्रमण दर गिरकर 2.44 प्रतिशत रह गई। देश में लगातार 52वें दिन स्वस्थ हुए लोगों की संख्या दैनिक मामलों से अधिक रही।
आंकड़ों के अनुसार, बीमारी से उबरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 2,96,58,078 हो गई है, जबकि मृत्युदर बढ़कर 1.32 प्रतिशत हो गई है। देश में अब तक 35.12 करोड़ लोगों को कोविड-19 टीका लगाया जा चुका है।
देश में पिछले साल सात अगस्त में संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त को 30 लाख और पांच सितम्बर को 40 लाख से अधिक हो गई थी। वहीं, संक्रमण के कुल मामले 16 सितम्बर को 50 लाख, 28 सितम्बर को 60 लाख, 11 अक्टूबर को 70 लाख, 29 अक्टूबर को 80 लाख, 20 नवम्बर को 90 लाख के पार हो गए। देश में 19 दिसम्बर को ये मामले एक करोड़ के पार, चार मई को दो करोड़ के पार और 23 जून को तीन करोड़ के पार चले गए थे।
मंत्रालय ने बताया कि देश में पिछले 24 घंटे में संक्रमण से 955 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से महाराष्ट्र में 371, केरल में 135 और तमिलनाडु में 115 लोगों की मौत हुई।
उसने बताया कि देश में अब तक 4,02,005 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से महाराष्ट्र में 1,22,724, कर्नाटक में 35,308, तमिलनाडु में 32,933, दिल्ली में 24,988, उत्तर प्रदेश में 22,622, पश्चिम बंगाल में 17,779 और पंजाब में 16,103 लोगों की मौत हुई है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अब तक जिन लोगों की मौत हुई है, उनमें 70 प्रतिशत से ज्यादा मरीज अन्य बीमारियों से ग्रस्त थे। मंत्रालय ने अपनी वेबसाइट पर बताया कि उसके आंकड़ों का भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के आंकड़ों के साथ मिलान किया जा रहा है।







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