देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

राष्ट्रीय

देश में हर साल लगभग तीन लाख से अधिक गर्भपात प्रदूषण के कारण हो रहे हैं: शोध 

गर्भावस्था में पीएम 2.5 के अधिक संपर्क में आने से समय से पहले डिलीवरी का जोखिम लगभग 70 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। वहीं जन्म के समय बच्चे का वजन कम होने का जोखिम करीब 40 प्रतिशत तक ज्यादा होता है। ऐसे बच्चे, जो प्रदूषित हवा में पलते हैं, उनके विकास में रुकावट आती है। बच्चों को आगे चलकर सांस की परेशानी, एनीमिया और दिल की बीमारी हो सकती है।

हे.जा.स.
November 15 2025 Updated: November 15 2025 23:54
0 2660
देश में हर साल लगभग तीन लाख से अधिक गर्भपात प्रदूषण के कारण हो रहे हैं: शोध  प्रतीकात्मक चित्र

नयी दिल्ली। विश्व प्रसिद्ध स्वास्थ्य शोध पत्रिका दी लैंसेट (The Lancet) की एक रिपोर्ट के अनुसार भारत और दक्षिण एशिया में वायु प्रदूषण (air pollution), खासकर पीएम 2.5, के उच्च स्तर से गर्भपात (miscarriages) और समय से पहले जन्म का खतरा बढ़ जाता है। शोध के अनुसार हर साल लगभग तीन लाख से अधिक गर्भपात प्रदूषण के कारण हो रहे हैं। भारत में भी वायु प्रदूषण का गर्भावस्था पर गंभीर प्रभाव पड़ रहा है।

 

आईआईटी (IIT) दिल्ली और अंतरराष्ट्रीय जनसंख्या विज्ञान संस्थान (मुंबई) ने ब्रिटेन (UK) और आयरलैंड (Ireland) के संस्थानों के साथ मिलकर हाल ही में इस विषय पर अध्ययन किया है। स्टडी में पाया गया कि गर्भावस्था में पीएम 2.5 (PM 2.5) के अधिक संपर्क में आने से समय से पहले डिलीवरी (premature delivery) का जोखिम लगभग 70 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। वहीं जन्म के समय बच्चे का वजन कम होने का जोखिम करीब 40 प्रतिशत तक ज्यादा होता है। ऐसे बच्चे, जो प्रदूषित हवा में पलते हैं, उनके विकास में रुकावट आती है। बच्चों को आगे चलकर सांस की परेशानी, एनीमिया (anemia) और दिल की बीमारी (heart disease) हो सकती है। 

क्या प्रदूषण से देश में धूप के घंटे काम हो रहें हैं ?- Is pollution reducing sunlight hours in the country?

उत्तर भारत (North India) के बिहार, दिल्ली, पंजाब और हरियाणा जैसे इलाकों में पीएम 2.5 प्रदूषकों का स्तर बहुत ज्यादा है। जबकि देश के दक्षिण और पूर्वोत्तर हिस्सों में यह कम है। यही वजह है कि उत्तर भारत के राज्यों में समय से पहले जन्म के मामलों की संख्या भी अधिक पाई गई। हिमाचल प्रदेश में 39 प्रतिशत, उत्तराखंड में 27 प्रतिशत, राजस्थान में 18 प्रतिशत और दिल्ली में 17 प्रतिशत बच्चों का जन्म समय से पहले हुआ। वहीं पंजाब ऐसा राज्य रहा, जिसमें जन्म के समय सबसे ज्यादा बच्चों का वजन औसत से कम था  

पीएम 2.5 क्या होता है?- What is PM 2.5?
हवा में धूल हमें दिखती है लेकिन पीएम 2.5 बहुत छोटे होते हैं। पीएम का अर्थ है पार्टिकुलेट मैटर और 2.5 मतलब 2.5 माइक्रोन, उसका आकार बताता है। ये इतने बारीक होते हैं कि आंखों से नहीं दिखते। ये इंसानी बाल की मोटाई से लगभग तीस गुना छोटे होते हैं। 

फैक्ट्रियों और गाड़ियों के धुंए, लकड़ी, कचरा या पराली जलाने से ये कण हवा में फैल जाते हैं। सांस लेने के साथ ये हमारे शरीर में प्रवेश करते हैं। ये फेफड़ों (lungs) तक पहुंच जाते हैं और खून में भी मिल सकते हैं। इससे सांस की परेशानी, दिल की बीमारी, स्ट्रोक और बच्चों के विकास में दिक्कत जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

आईआईटी दिल्ली के अध्ययन से पता चलता है कि गर्भावस्था की तीसरी तिमाही में प्रदूषण के संपर्क में आने से बच्चे का वजन कम हो सकता है। साथ ही पीएम 2.5, नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (nitrogen dioxide) और ओजोन (ozone) के अधिक स्तर से बच्चे का जन्म 37 हफ्ते तक पहले हो सकता है।

मां और बच्चे के स्वास्थ्य पर पड़ता है गंभीर असर- The health of the mother and child is severely impacted
प्रदूषण का असर मां से कहीं ज्यादा बच्चे के स्वास्थ्य पर पड़ता है। प्रदूषित हवा में पीएम 2.5 जैसे बहुत बारीक कण और कार्बन मोनोऑक्साइड (carbon monoxide), नाइट्रोजन डाइऑक्साइड, सल्फर डाइऑक्साइड जैसी गैसें होती हैं। सांस लेते समय ये गंदी हवा गर्भवती महिला के शरीर में प्रवेश करती है। जिससे ये कण फेफड़ों से होकर खून में पहुंच जाते हैं। गर्भ में पल रहे बच्चे को बढ़ने के लिए पर्याप्त ऑक्सीजन चाहिए होती है। ये प्रदूषक खून में ऑक्सीजन की मात्रा घटा देते हैं। ऑक्सीजन की कमी से बच्चे का विकास रुक सकता है।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

जायडस कैडिला को नई दवा के दूसरे चरण के क्लिनिकल ट्रायल की मंजूरी मिली।

जायडस कैडिला को नई दवा के दूसरे चरण के क्लिनिकल ट्रायल की मंजूरी मिली।

हे.जा.स. December 14 2021 37672

इस क्लिनिकल ट्रायल में यह देखा जाएगा कि सीएपीएस के मरीजों के लिए दवा कितनी सुरक्षित है, इसके संभावित

सीएम धामी ने अस्पताल की किया निरीक्षण

सीएम धामी ने अस्पताल की किया निरीक्षण

आरती तिवारी September 14 2022 30581

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजकीय दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हो

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने जिला अस्पताल लोहिया का किया निरीक्षण

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने जिला अस्पताल लोहिया का किया निरीक्षण

विशेष संवाददाता May 24 2023 32238

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक फर्रुखाबाद दौरे पर पहुंचे। जहां उपमुख्यमंत्री ने जिला अस्पताल लोहिया का निरी

तेजस्वी यादव ने किया पीएमसीएच में कैथ लैब का उद्घाटन

तेजस्वी यादव ने किया पीएमसीएच में कैथ लैब का उद्घाटन

विशेष संवाददाता January 05 2023 26385

मोतियाबिंद की परेशानी से जूझते बिहार के लोगों के लिए राज्य सरकार ने बड़ी घोषणा की है। उप मुख्यमंत्री

जनऔषधि केंद्रों ने एक साल में जनता के बचाये 5,000 करोड़ रुपये

जनऔषधि केंद्रों ने एक साल में जनता के बचाये 5,000 करोड़ रुपये

एस. के. राणा March 07 2022 32272

इसी साल जन औषधि केंद्र के जरिए गरीब को, मध्यम वर्ग को करीब 5,000 करोड़ रुपये की बचत हुई है। अब तक कर

केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में खाली बेड की सूचना वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं

केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में खाली बेड की सूचना वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं

रंजीव ठाकुर August 16 2022 43214

केजीएमयू के ट्रॉमा सेंटर में प्रतिदिन सैंकड़ों की संख्या में मरीज आते है लेकिन खाली बेड ना मिलने की व

एम्स रायबरेली में टीचिंग फैकल्टी के पदों पर भर्ती।

एम्स रायबरेली में टीचिंग फैकल्टी के पदों पर भर्ती।

हे.जा.स. December 21 2021 44693

टीचिंग फैकल्टी की भर्ती कॉन्ट्रैक्ट बेसिस पर हो रही है। यह भर्ती तीन साल के कॉन्ट्रैक्ट पर होगी। जिस

श्रीहास ताम्बे बायोकॉन बायोलॉजिक्स के प्रबंध निदेशक बने 

श्रीहास ताम्बे बायोकॉन बायोलॉजिक्स के प्रबंध निदेशक बने 

विशेष संवाददाता December 06 2022 31649

बायोकॉन बायोलॉजिक्स ने बयान में कहा कि श्रीहास ताम्बे अरुण चंदावरकर की जगह लेंगे। वह अरुण चंदावरकर क

जिला अस्पताल में कन्या जन्मोत्सव पर कार्यक्रम

जिला अस्पताल में कन्या जन्मोत्सव पर कार्यक्रम

विशेष संवाददाता January 17 2023 31824

बिजनौर जिला अस्पताल में नवजात बेटियों की माताओं को जिला अधिकारी उमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक दिनेश सिं

 पाँच महिला जेलों को मिली सेनेटरी नैपकिन वैंडिंग एवं डिस्पोजल मशीन।

 पाँच महिला जेलों को मिली सेनेटरी नैपकिन वैंडिंग एवं डिस्पोजल मशीन।

हुज़ैफ़ा अबरार May 09 2021 30960

वोडाफोन आइडिया फाउण्डेशन द्वारा प्रदेश के पांच जिलों बनारस, गोरखपुर, लखनऊ मुरादाबाद तथा उन्नाव की मह

Login Panel