देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

अपोलोमेडिक्स लखनऊ में पिन से भी छोटे छेद द्वारा की पहली ‘कीहोल’ हार्ट सर्जरी

छोटे बच्चों का दिल आमतौर पर वयस्क व्यक्ति के दिल से 3 से 4 गुना छोटा होता है। ऐसे में सर्जरी के दौरान बच्चों के दिल तक छोटे चीरे द्वारा पहुंचना और बायपास मशीन से जोड़ना तकनीकी रूप से कठिन होता है। नई तकनीक और आधुनिक मशीनों की मदद से अब इतने छोटे बच्चों में भी यह सर्जरी संभव हो पाई है। वयस्कों में दिल और फेफड़ों के कार्य को सुचारु रखने वाली बायपास मशीन से जोड़ने की प्रक्रिया आमतौर पर जांघ के ऊपरी हिस्से यानी ग्रोइन में मौजूद फीमोरल रक्त वाहिकाओं के माध्यम से की जाती है।

हुज़ैफ़ा अबरार
April 03 2026 Updated: April 03 2026 14:34
0 1764
अपोलोमेडिक्स लखनऊ में पिन से भी छोटे छेद द्वारा की पहली ‘कीहोल’ हार्ट सर्जरी अपोलोमेडिक्स पहली ‘कीहोल’ हार्ट सर्जरी

लखनऊ। राजधानी स्थित अपोलोमेडिक्स सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल में एक चार वर्षीय छोटे बच्चे की जटिल हार्ट सर्जरी नई तकनीक से सफलतापूर्वक पूरी कर एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। यह उत्तर प्रदेश में पहली बार हुआ, जब इतने छोटे बच्चे के दिल के छेद को ‘कीहोल’ तकनीक यानी बेहद छोटे चीरे के माध्यम से बंद किया गया।

बच्चे को लंबे समय से फेफड़ों में बार बार संक्रमण हो रहा था और उसे सांस लेने में भी परेशानी रहती थी। जांच में पता चला कि उसके दिल में छेद है। आमतौर पर ऐसी स्थिति में पारंपरिक ओपन हार्ट सर्जरी की जाती है, जिसमें सीने में सामने की तरफ बड़ा चीरा (लगभग 15 से मी का) लगाया जाता है और मरीज को सर्जरी के बाद कई दिनों तक अस्पताल में रहना पड़ता है।

अपोलोमेडिक्स में इस जटिल सर्जरी को अत्याधुनिक ‘मिनिमली इनवेसिव कार्डियक सर्जरी’ तकनीक से किया गया। इसमें बच्चे के कंधे के नीचे बगल के हिस्से में सेफ्टी पिन जितना (लगभग 3 से मी) का एक छोटा सा चीरा लगाया गया और उसी रास्ते से दिल का ऑपरेशन पूरा किया गया। इस दौरान हृदय को बायपास मशीन पर रखकर दिल के छेद को बंद किया गया।

इस सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम देने वाले अपोलोमेडिक्स सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल में कार्डियक सर्जरी विशेषज्ञ डॉ राहुल भूषण ने बताया "छोटे बच्चों में यह सर्जरी करना बेहद चुनौतीपूर्ण होता है, क्योंकि उनका हृदय आकार में बहुत छोटा होता है। डॉ राहुल भूषण ने इस तकनीक में विशेष प्रशिक्षण सिंगापुर के नेशनल हार्ट सेंटर में प्राप्त किया है। वहां उन्होंने मिनिमली इनवेसिव कार्डियक सर्जरी में एक वर्ष की फेलोशिप की, जिसके बाद इस तकनीक को लखनऊ में शुरू किया गया।

उन्होंने बताया, “छोटे बच्चों का दिल आमतौर पर वयस्क व्यक्ति के दिल से 3 से 4 गुना छोटा होता है। ऐसे में सर्जरी के दौरान बच्चों के दिल तक छोटे चीरे द्वारा पहुंचना और बायपास मशीन से जोड़ना तकनीकी रूप से कठिन होता है। नई तकनीक और आधुनिक मशीनों की मदद से अब इतने छोटे बच्चों में भी यह सर्जरी संभव हो पाई है। वयस्कों में दिल और फेफड़ों के कार्य को सुचारु रखने वाली बायपास मशीन से जोड़ने की प्रक्रिया आमतौर पर जांघ के ऊपरी हिस्से यानी ग्रोइन में मौजूद फीमोरल रक्त वाहिकाओं के माध्यम से की जाती है। लेकिन बच्चों में ये फीमोरल रक्त वाहिकाएं पूरी तरह विकसित नहीं होतीं। इसलिए बायपास मशीन के लिए ट्यूब लगाने की प्रक्रिया उसी छोटे चीरे से करनी पड़ती है, जहां से सर्जरी की जा रही होती है। इससे सर्जरी और कठिन हो जाती है, क्योंकि उसी छोटे स्थान से कई ट्यूब दिल में लगानी पड़ती हैं और सर्जिकल प्रक्रिया करने की जगह भी कम हो जाती है।"

डॉ राहुल भूषण ने बताया कि इस सर्जरी में लगभग तीन घंटे का समय लगा। इस तकनीक का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें हड्डी या मांसपेशी को नहीं काटा जाता, रक्तस्राव कम होता है और मरीज की रिकवरी बहुत तेज होती है।उन्होंने कहा, “इस प्रक्रिया में बच्चे को केवल एक दिन आईसीयू में रखना पड़ा और दो दिन में ही अस्पताल से छुट्टी मिल गई। पहले यह माना जाता था कि हृदय सर्जरी के बाद मरीज को पांच से दस दिन तक अस्पताल में रहना पड़ता है, लेकिन नई तकनीक से यह धारणा बदल रही है।” उन्होंने यह भी बताया कि इस प्रकार की सर्जरी से शरीर पर बड़ा निशान नहीं बनता, वह सामान्य जीवन जी सकता है इसलिए बच्चे को आगे खेलकूद या रक्षा सेवाओं जैसे क्षेत्रों में भी जाने पर कोई बाधा नहीं आती।

अपोलोमेडिक्स सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल के सीईओ और एमडी डॉ मयंक सोमानी ने कहा कि यह उपलब्धि प्रदेश के हेल्थ सेक्टर के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया, “हमारा उद्देश्य है कि अत्याधुनिक चिकित्सा तकनीकें उत्तर प्रदेश के मरीजों तक पहुंचें ताकि लोगों को बड़े शहरों या विदेश जाने की जरूरत न पड़े। अपोलोमेडिक्स में विशेषज्ञ डॉक्टरों और आधुनिक तकनीक की मदद से जटिल सर्जरी भी सुरक्षित तरीके से की जा रही हैं।”

इस सफल सर्जरी के बाद बच्चे का दिल पूरी तरह सामान्य तरीके से काम कर रहा है और डॉक्टरों के अनुसार वह अब पूरी तरह स्वस्थ है। इस तकनीक के आने से भविष्य में बच्चों में होने वाली जटिल हृदय सर्जरी अधिक सुरक्षित बन सकेगी।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

COMMENTS

कोरोना से ठीक हुए मरीजों के लिए सरकार ने जारी किया डाइट प्लान।

कोरोना से ठीक हुए मरीजों के लिए सरकार ने जारी किया डाइट प्लान।

हुज़ैफ़ा अबरार May 12 2021 28987

कोरोना वायरस संक्रमण शरीर को तोड़ देता है। अपनी मांसपेशियों की बेहतर रिकवरी के लिए प्रोटीनयुक्त डाइट

एसजीपीजीआईएमएस के नर्सिंग स्टूडेंट्स ने किया भरवारा सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का शैक्षिक भ्रमण

एसजीपीजीआईएमएस के नर्सिंग स्टूडेंट्स ने किया भरवारा सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का शैक्षिक भ्रमण

हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2023 29626

भरवारा एसटीपी की कार्यदायी संस्था सुएज इंडिया के प्लांट इंचार्ज राजेश देशराज ने छात्रों को सीवेज ट्र

कोवैक्सीन के आपातकालीन उपयोग की मंजूरी पर फँसा है पेंच।

कोवैक्सीन के आपातकालीन उपयोग की मंजूरी पर फँसा है पेंच।

हे.जा.स. October 20 2021 48127

कोवैक्सीन निर्माता भारत बायोटेक नियमित आधार पर डब्ल्यूएचओ को आंकड़े उपलब्ध करा रहा है और डब्ल्यूएचओ

सभी डाक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ तैनाती स्थल पर अवश्य निवास करें: बहराइच जिलाधिकारी

सभी डाक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ तैनाती स्थल पर अवश्य निवास करें: बहराइच जिलाधिकारी

रंजीव ठाकुर July 30 2022 29157

बहराइच जिलाधिकारी डॉ दिनेश चन्द्र ने स्पष्ट निर्देश दिया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के स्पष्ट निर

मेदांता लखनऊ ने पूरे किए 100 सफल लिवर प्रत्यारोपण

मेदांता लखनऊ ने पूरे किए 100 सफल लिवर प्रत्यारोपण

हुज़ैफ़ा अबरार August 21 2026 868

लिवर प्रत्यारोपण लिवर कैंसर और हेपेटाइटिस-बी एवं सी से पीड़ित मरीजों में भी सफलतापूर्वक किया गया है।

सीएम योगी ने कर्मचारियों को दिया कैशलेस चिकित्सा का उपहार

सीएम योगी ने कर्मचारियों को दिया कैशलेस चिकित्सा का उपहार

रंजीव ठाकुर July 21 2022 36970

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दस कर्मियों और सेवानिवृत्त कर्मियों को राज्य हेल्थ कार्ड

H3N2 इन्फ्लूएंजा वायरस को लेकर अलर्ट

H3N2 इन्फ्लूएंजा वायरस को लेकर अलर्ट

विशेष संवाददाता March 28 2023 67250

हिमाचल में कोरोना वायरस के साथ अब नए वायरस H3N2 इन्फ्लूएंजा ने दहशत फैला दी है। प्रदेश के स्वास्थ्य

कोरोना को लेकर सीएम योगी ने टीम 9 के साथ बैठक की

कोरोना को लेकर सीएम योगी ने टीम 9 के साथ बैठक की

आरती तिवारी April 12 2023 73770

कोरोना के नए मामलों के बीच सीएम योगी ने राज्य स्तरीय कोविड सलाहकार समिति और उच्चस्तरीय टीम-9 के साथ

लोहिया अस्पताल में शुरू हुई पीडियाट्रिक आई क्लीनिक

लोहिया अस्पताल में शुरू हुई पीडियाट्रिक आई क्लीनिक

रंजीव ठाकुर July 01 2022 69674

लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के नेत्र विभाग में बच्चों की नेत्र समस्याओं के निदान हेतु क्लीनिक प्रारम

अपनी सुंदरता को महत्वपूर्ण बनाने के लिए समय निकालकर पढ़ें

अपनी सुंदरता को महत्वपूर्ण बनाने के लिए समय निकालकर पढ़ें

सौंदर्या राय March 06 2022 31767

शिक्षा सौंदर्य बोध को विकसित करने में अहम भूमिका निभाती है। शारीरिक सुंदरता का महत्त्व तब और बढ़ जाता

Login Panel