देश का पहला हिंदी हेल्थ न्यूज़ पोर्टल

उत्तर प्रदेश

स्तनपान सिर्फ जिम्मेदारी नही, पूरे समाज को सहयोग करना होगा: डॉ मिलिंद 

डॉ मिलिंद ने कहा बीते तीन-चार वर्षों में एक्सक्लूसिव स्तनपान का 60 प्रतिशत से 35 प्रतिशत होना चिंता का विषय है, प्रदेश सरकार ने इसे बेहद गंभीरता से लिया है। हर बच्चे को मां का दूध मिले, इसके लिए सभी एसएनसीयू में एलएमयू शुरू करने का फैसला किया गया है और इसके शुरूआती फायदे भी दिख रहे हैं। अप्रैल से जुलाई के मध्य 11 हजार से ज्यादा नवजात शिशु इससे लाभांवित हुए हैं। 

हुज़ैफ़ा अबरार
August 06 2026 Updated: August 06 2026 00:42
0 721
स्तनपान सिर्फ जिम्मेदारी नही, पूरे समाज को सहयोग करना होगा: डॉ मिलिंद  Dr Akash Pandita Dr Anju Agarwal Dr. SN Singh and Dr. Milind Vardhan

लखनऊ।  प्रदेश में एक्सक्लूसिव स्तनपान को बढ़ावा देने के लिए सभी 120 सिक न्यू बार्न केयर यूनिट (एसएनसीयू) पर इस साल के अंत तक लैक्टेशन मैनेजमैंट यूनिट (एलएमयू) स्थापित हो जाएंगे। फिलहाल 34 एसएनसीयू में एलएमयू सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं जिनके माध्यम से 11 हजार से ज्यादा नवजात शिशु लाभांवित हुए हैं। 36 अन्य एसएनसीयू में स्टाफ को प्रशिक्षित किया जा चुका है। वे भी जल्द काम करने लगेंगे। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के महाप्रबंधक डॉ मिलिंद वर्धन ने बुधवार को ये बातें यूनिसेफ परिसर में आयोजित मीडिया संवेदीकरण कार्यशाला में कहीं। विश्व स्तनपान सप्ताह के मौके पर यूनिसेफ के सहयोग से आयोजित इस कार्यशाला में डॉ मिलिंद ने कहा बीते तीन-चार वर्षों में एक्सक्लूसिव स्तनपान का 60 प्रतिशत से 35 प्रतिशत होना चिंता का विषय है और प्रदेश सरकार ने इसे बेहद गंभीरता से लिया है। हर बच्चे को मां का दूध मिले इसके लिए सभी एसएनसीयू में एलएमयू शुरू करने का फैसला किया गया है और इसके शुरूआती फायदे भी दिख रहे हैं। अप्रैल से जुलाई के मध्य 11 हजार से ज्यादा नवजात शिशु इससे लाभांवित हुए हैं। 

महाप्रबंधक ने कहा आज प्रदेश में 86 प्रतिशत से ज्यादा संस्थागत प्रसव हो रहे हैं। जाहिर सी बात है कि चिकित्सा संस्थानों में मां को स्तनपान कराने के लिए बताया जाता है। फिर सिर्फ 43 प्रतिशत बच्चों में ही क्यों जन्म के बाद स्तनपान की शुरूआत हो रही है। इसी तरह एनएफएचएस-6 के आंकड़ों के अनुसार अगर 43 फीसदी बच्चों में जन्म के बाद स्तनपान की शुरूआत हो रही है तो एक्सक्लूसिव स्तनपान 35 प्रतिशत क्यों रह गया। ये आंकड़ें बताते हैं कि स्तनपान को बढ़ावा देने के लिए पूरे समाज के सहयोग की जरूरत है, ताकि हर माँ को सही जानकारी, समय और सुविधा मिल सके और हर बच्चे को स्तनपान मिल पाए जो उसका अधिकार है।  केजीएमयू के बाल रोग विभागाध्यक्ष डॉ एसएन सिंह ने कहा कि बच्चों को स्कूली शिक्षा से स्तनपान के बारे में जानकारी दी जाए व लोगों को स्तनपान के फायदे बताए जाएं तो उनकी सोच बदलेगी। उन्होंने बताया एक्सक्लूसिव स्तनपान करने वाला बच्चा डायरिया निमोनिया संक्रमण जैसी बीमारियों से बच जाता है। उसकी आंतें मजबूत होती हैं। उन्होंने बताया माँ का दूध बच्चे के शारीरिक एवं मानसिक विकास के लिए बहुत अहम है इसलिए शिशु को यहां तक कि आपरेश के हुए बच्चों को भी मां के सम्पर्क में लाकर स्तनपान कराना चाहिए। 

मेदांता के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ आकाश पंडिता ने आईएमएस एक्ट के बारे में बताया एक्ट दो साल तक के बच्चों के लिए विपणन किए जाने वाले खाद्य पदार्थों के किसी भी रूप में प्रचार पर व्यापक प्रतिबंध लगाता है। यह शिशु फार्मूला कंपनियों द्वारा स्वास्थ्य पेशेवरों और स्वास्थ्य संगठनों को प्रायोजित करने पर भी प्रतिबंध लगाता है। इस अधिनियम का उल्लंघन एक आपराधिक अपराध है और इसके लिए जुर्माना (2000 से 5000 रुपए तक) और कारावास (6 महीने से 5 साल तक) हो सकता है। केजीएमयू की स्त्री रोग विभागाध्यक्ष डॉ अंजू अग्रवाल ने कहा बच्चे को एक्सक्लूसिव स्तनपान कराने के लिए जरूरी है कि दो बच्चों में तीन साल का अंतर रहे। तभी मां पहले बच्चे को दो साल तक ध्यान लगाकर स्तनपान करा पाएगी। आईसीडीएस की डिप्टी डायरेक्टर डॉ अनुपमा शांडिल्य ने बताया कि उनके विभाग की 1.84 लाख आंगनबाड़ी कार्यकत्री व लगभग इतनी ही सहायिकाएं ग्रामीण स्तर पर स्तनपान की महत्ता के बारे में जागरूकता फैला रहे हैं। 

यूनिसेफ के न्यूट्रीशन विशेषज्ञ रबि नारायन परही ने बताया कि स्तनपान हर बच्चे का अधिकार है। कार्यालयों, संस्थानों को इस बारे में संवेदनशील करने की ज़रूरत है ताकि कामकाजी महिलाएं अपने बच्चों को समुचित स्तनपान करवा पाएं। यदि दफ्तर स्तनपान कराने वाली माताओं की ज़रूरत के हिसाब से सुविधाजनक कार्यस्थल में बदल दिए जाएं और वहां क्रेच, ब्रेस्टफीडिंग कक्ष की व्यवस्था हो तो महिला कर्मचारियों की कार्य क्षमता में तेज़ी आ सकती है। स्तनपान को बढ़ावा देने के लिए पैटरनिटी छुट्टी का भी प्रावधान होना चाहिए ताकि पिता भी स्तनपान कराने में माँ का सहयोग कर सके।

WHAT'S YOUR REACTION?

  • 1
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

RELATED POSTS

COMMENTS

मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में हुआ आयोजन

मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में हुआ आयोजन

आरती तिवारी March 14 2023 23937

आरोग्य मेले में गर्भावस्था और प्रसव कालीन सेवाएं, पूर्ण टीकाकरण, बच्चों में डायरिया और निमोनिया के र

जिला अस्पताल में 1 से 30 अप्रैल तक चलेगा रोग नियंत्रण अभियान

एस. के. राणा April 01 2023 28796

उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री नरेंद्र कश्यप ने हमसे बातचीत में बताया कि लोगों को रोगों और कोरोन

बीते 24 घंटे में 44.68 लाख से ज्यादा लोगों को लगा कोरोनारोधी टीका

बीते 24 घंटे में 44.68 लाख से ज्यादा लोगों को लगा कोरोनारोधी टीका

एस. के. राणा February 15 2022 27931

देश में कोरोना के खिलाफ टीकाकरण को लेकर देश में नए-नए रिकार्ड स्थापित हो रहे हैं। भारत में अब तक टीक

कोरोना से संक्रमित लोगों की गंभीरता, आनुवंशिक जोखिम कारक पर निर्भर

कोरोना से संक्रमित लोगों की गंभीरता, आनुवंशिक जोखिम कारक पर निर्भर

हे.जा.स. February 23 2022 26167

शोधकर्ताओं की एक अंतरराष्ट्रीय टीम ने पाया है कि निएंडरथल से विरासत में मिला एक कोविड-19 जोखिम वाला

गूगल पढ़ेगा डॉक्टर का लिखा पर्चा

गूगल पढ़ेगा डॉक्टर का लिखा पर्चा

एस. के. राणा December 21 2022 35110

गूगल ने इवेंट के दौरान बताया कि कंपनी की AI तकनीक और मशीन लर्निंग मॉडल यूजर्स की Doctor Prescription

कैलिफोर्निया में प्लेग फैलने की आंशका पर चूहों को ज़हर से मारने का निर्णय।

कैलिफोर्निया में प्लेग फैलने की आंशका पर चूहों को ज़हर से मारने का निर्णय।

हे.जा.स. December 20 2021 35981

पर्यावरण कार्यकर्ताओं की आपत्तियों के बावजूद इस योजना को स्वीकृति दी गई है। उनका मानना है कि इससे न

नदियां और मिट्टी को बचा कर ही स्वास्थ्य को बचाया जा सकता है: सद्गुरु जग्गी वासुदेव

रंजीव ठाकुर June 08 2022 41779

हेल्थ जागरण ने सद्गुरु से प्राचीन वैदिक मूल स्वास्थ्य सिद्धांतों के तहत पूरी दुनिया को लाने का सवाल

मेडिकल कॉलेज का भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने किया निरीक्षण

मेडिकल कॉलेज का भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने किया निरीक्षण

विशेष संवाददाता June 09 2023 35162

अविनाश राय खन्ना ने बताया की यह मेडिकल कॉलेज का अंडर निर्माण चल रहा है। जिसको बहुत ही जल्दी जनता को

उत्तर प्रदेश को मिलेंगें पाँच नए आयुर्वेदिक अस्पताल

उत्तर प्रदेश को मिलेंगें पाँच नए आयुर्वेदिक अस्पताल

श्वेता सिंह August 23 2022 26866

सहारनपुर जिले में पांच नए आयुर्वेदिक अस्पतालों के लिए भवनों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। चार-

बदले जाएंगे देश के सभी 23 एम्स के नाम

बदले जाएंगे देश के सभी 23 एम्स के नाम

श्वेता सिंह August 22 2022 32723

अभी तक देश के लगभग सभी एम्स अपने सामान्य नाम से जाने जाते थे लेकिन अब जल्द ही देशभर के 23 अखिल भारती

Login Panel