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मुजफ्फरपुर। औराई के पटोरी गांव में 5 मई 2017 को मिजिल्स और जापानी इंसेफेलाइटिस (Japanese encephalitis) के टीकाकरण के दौरान तीन बच्चे की मौत मामले कि जांच को लेकर राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. राम शरण के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम सदर अस्पताल स्थित सीएस कार्यालय पहुंची।
टीम में एक कानूनी सलाहकार और एक डब्ल्यूएचओ (WHO) के सदस्य शामिल थे। करीब 6 घंटे तक टीम ने सीएस कार्यालय में मामले की जांच की। टीम ने सीएस डॉ. यूसी शर्मा और डीआईओ डॉ. एसके पांडेय से मामले में अब तक हुए कार्रवाई की जानकारी ली। पटना से आई टीम ने बच्चों का पोस्टमार्टम रिपोर्ट (post mortem report) भी देखा। उस समय की गई कार्रवाई की रिपोर्ट भी देखी।
सिविल सर्जन (civil surgeon) डॉ यूसी शर्मा ने टीम को बताया कि घटना के बाद एएनएम और डीआईओ को हटा दिया गया था। मामले में मानवाधिकार आयोग में शिकायत कर मृतक बच्चों के परिजनो ने मुआवजे की मांग की थी। बीते सप्ताह राज्य प्रतिरक्षण पदाधिकारी ने जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी को पत्र भेजकर मामले की रिपोर्ट मांगी थी।
साथ ही कहा की मिजिल्स और जापानी इंसेफेलाइटिस के टीकाकरण (vaccination) के बाद औराई के पटोरी के 9 वर्षीय राजा बाबू, 2 वर्षीय राहुल कुमार और डेढ़ वर्षीय सोनू कुमार की मौत हो गई थी। वहीं करीब 13 बच्चे बीमार हुए थे। बीमार बच्चो को इलाज के लिए एसकेएमसीएच में भर्ती कराया गया था।







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