











































प्रतीकात्मक
नई दिल्ली। मेडिकल उम्मीदवारों द्वारा बहुत पहले से नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट, NEET PG 2022 परीक्षा को स्थगित करने की मांग की जा रही थी। इस पर सरकार ने फैसला लेते हुए इसे 6-8 हफ्तों के लिए स्थगित कर दिया गया है।
आपको बता दें कि यह परीक्षा 12 मार्च को होनी थी जिसे लेकर काफी विवाद चल रहा था। मेडिकल उम्मीदवारों द्वारा परीक्षा को स्थगित करने की बात इसलिए की जा रही थी क्योंकि एनबीई द्वारा पिछली काउंसलिंग और अगली परीक्षा के बीच दिए गए कुछ महीनों के पर्याप्त अंतराल को बनाए नहीं रखा गया था जो कि मिडिल रैंक वालों के लिए चिंता की बात थी। इन विवाद को देखते हुए इस परीक्षा को स्थगित किया गया है।
परीक्षा स्थगित के लिए मेडिकल उम्मीदवार सुप्रीम कोर्ट में दायर की थी याचिका
आपको बता दें कि इससे पहले मेडिकल उम्मीदवार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर NEET PG 2022 Exam की परीक्षा को स्थगित करने की मांग की थी। वे 12 मार्च 2022 को होने वाली नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (National Eligibility cum Entrance Test) को आगे बढ़ाने की मांग कर रहे थे। इस पर उनका कहना था कि कई ऐसे मेडिकल उम्मीदवार भी हैं जिन्होंने कोविड-19 के चलते अपनी इंटर्शिप पीरियड (Intership Period) पूरी नहीं कर पाए हैं जिससे वह परीक्षा नहीं दे पाएंगे। उम्मीदवारों का कहना था कि वे चाहते हैं कि NEET PG 2022 Exam की परीक्षा के लिए उन्हें कम से कम 31 मई, 2022 तक का समय मिलना चाहिए।
कोविड-19 महामारी को संभालने में उम्मीदवार नहीं कर पाए थे इंटर्शिप
मेडिकल उम्मीदवार का कहना है कि उन्हें कोविड-19 महामारी को संभालने के लिए लगाया गया था जिसके कारण वे आपना इंटर्शिप कहीं नहीं कर पाए थे। ऐसे में वे नीट-पीजी परीक्षा देने के लिए तैयार नहीं थे और यही कारण है कि वे इसे स्थगित करने की मांग कर रहे थे। उम्मीदवारों ने अपनी याचिका में पिछले साल 3 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा NEET-PG 2021 को कम से कम चार महीने के लिए स्थगित करने के बयान और कोविड मामलों को संभालने के लिए फाइनल ईयर के एमबीबीएस डॉक्टरों (MBSS Doctors) की ड्यूटी का हवाला भी दिया है।







हुज़ैफ़ा अबरार January 25 2026 0 3822
एस. के. राणा January 13 2026 0 3780
हुज़ैफ़ा अबरार February 07 2026 0 3689
एस. के. राणा January 20 2026 0 3640
हुज़ैफ़ा अबरार February 05 2026 0 3360
एस. के. राणा February 01 2026 0 3038
एस. के. राणा February 04 2026 0 2898
सौंदर्या राय April 11 2022 0 86301
सौंदर्या राय April 08 2022 0 33902
सौंदर्या राय April 07 2022 0 37138
सौंदर्या राय April 05 2022 0 34909
लेख विभाग March 19 2022 0 34321
सौंदर्या राय March 16 2022 0 71587
ऑल इंडिया पयाम इंसानियत फोरम ने केजीएमयू के सहयोग से एक विशाल नि:शुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन कुतुब
डिप्रेशन एक मानसिक समस्या है। यह मरीज को शारीरिक रूप से भी प्रभावित करती है जैसे थकावट, दुबलापन या म
देश में लगातार 31 दिनों से कोविड-19 के दैनिक मामले 30 हजार से कम हैं और 120 दिन से 50 हजार से कम नए
डोर-टू-डोर जाकर लोगों को डेंगू, चिकनगुनिया, मलेरिया जैसे रोगों से बचाव हेतु जन-मानस को जागरूक किया ग
कांफ्रेंस में विभिन्न मेडिकल कम्पनीज के स्टॉल भी लगे हैं जहां आधुनिकतम चिकित्सा, दवाओं और उपकरणों की
जिस रफ्तार से ओमिक्रॉन बढ़ रहा है, उतना ही यह प्रसारित हो रहा है। इसलिए इस बात की संभावना भी बहुत ज्
प्रदेश में जेनेरिक दवाओं का बाजार बढ़ेगा। कई कंपनियां यहां निवेश के लिए आगे आई हैं। जेनेरिक आधार के
दुनिया में बहुत बड़ी तादाद में लोग लो ब्लड प्रेशर की समस्या से पीड़ित हैं। ये बीमारी इतनी आम लगती है
रोडवेज बस के परिचालक एके गौतम ने बताया कि गुरुवार रात को वह लोग बदायूं डिपो की बस को दिल्ली से लेकर
2015 की ग्लोबल डिसीज बर्डन रिपोर्ट के अनुसार सीकेडी को मृत्यु के सबसे सामान्य कारणों में से एक माना

COMMENTS