











































प्रतीकात्मक
वाशिंगटन। अमेरिका के कैलिफोर्निया के फारलॉन द्वीप समूह पर चूहों को मारने के लिए हेलीकॉप्टर से जहर गिराया जाएगा, क्योंकि द्वीप पर प्लेग के फैलने की आंशका है। इसके चलते खतरनाक चूहों पर हेलीकॉप्टर से जहर डाला जाएगा।
कैलिफोर्निया के अधिकारियों ने ऐसा करने के लिए मंजूरी दे दी है। हालांकि इस योजना को मंजूरी देने के लिए लंबी बहस चली। इसके बाद तटीय आयुक्तों ने विवादास्पद योजना के पक्ष में 5-3 से मतदान किया।
इस योजना का प्रस्ताव यूएस फिश एंड वाइल्डलाइफ सर्विस (एफडब्ल्यूएस) ने दिया था। वहीं, स्थानीय पर्यावरण कार्यकर्ताओं की आपत्तियों के बावजूद इस योजना को स्वीकृति दी गई है। उनका मानना है कि इससे न केवल चूहे मरेंगे, बल्कि अन्य जीव-जंतु भी इसकी चपेट में आएंगे।
फारलॉन द्वीप समूह पर शोध करने वाले वन्यजीव अधिकारियों और विशेषज्ञों ने तर्क दिया कि चूहों को मारने के लिए तत्काल और कठोर उपायों की जरूरत है। चूहे स्थानीय प्रजातियों के लिए खतरा है। उधर, वन्यजीव एजेंसी ने कहा कि अगर एफडब्ल्यूएस के क्षेत्रीय निदेशक ने भी योजना को मंजूरी दे दी तो सैन फ्रांसिस्को तट से कुछ दूर स्थित द्वीपों पर 2023 तक हेलीकॉप्टर से जहर गिराया जा सकता है।
विरोधियों ने दी चेतावनी
हालांकि योजना पर मतदान से पहले लंबी भावनात्मक बहस हुई। इस दौरान विरोधियों ने चेतावनी दी कि एफडब्ल्यूएस ने समुद्री पक्षी, रैप्टर और अन्य जानवरों को कम से कम क्षति पहुंचे इसकी कोई योजना नहीं बनाई है। उन्होंने कहा कि प्रस्ताव में कहा गया है कि कर्मचारियों को कीटनाशक का उपयोग करने से पहले द्वीपों से कुछ जीवों को हटाने के लिए लेजर, आतिशबाजी और पुतलों सहित अन्य तकनीकों का इस्तेमाल करना चाहिए।
कीटनाशक का उपयोग करना एक मात्र तरीका
उधर, योजना के समर्थकों ने कहा है कि चूहों के पूर्ण उन्मूलन के लिए कीटनाशक ब्रोडीफाकौम का उपयोग करना एक मात्र तरीका है। इसका उपयोग अनजाने में 19वीं शताब्दी में नाविकों ने इस द्वीप पर किया था। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि इस द्वीप पर जो प्रजातियां बची हैं, उन्हें बचाने की दिशा में भी काम करना होगा, ताकि वे सुरक्षित रह सकें।
चपेट में कई और भी आएंगे
वेस्टर्न एलायंस फॉर नेचर की सारा वान ने कहा कि कैलिफोर्निया के तट पर उड़ने वाले भूखे पक्षी भी इसकी चपेट में आकर दम तोड़ देंगे, क्योंकि जब चूहों पर कीटनाशक का इस्तेमाल होगा तो वे मारे जाएंगे और जब भूखे पक्षी इस मरे हुए चूहे को खाएंगे तो उनकी भी जान पर बन आएगी।







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