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बलरामपुर। ग्रामीण क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में जनपद बलरामपुर को बड़ी सौगात मिली है। प्रदेश सरकार द्वारा राज्य स्तर से 29 नए स्वास्थ्य उपकेंद्र भवनों के निर्माण की स्वीकृति प्रदान की गई है। इन भवनों के निर्माण के लिए जिला पंचायत बलरामपुर को निर्माण इकाई नामित किया गया है। नए उपकेंद्र भवनों के निर्माण से ग्रामीण स्वास्थ्य अवसंरचना को नई मजबूती मिलेगी तथा आमजन को अपने गांव के निकट ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। स्वास्थ्य उपकेंद्र ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। इन नए भवनों के निर्माण के बाद मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं नियमित टीकाकरण गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व एवं प्रसवोत्तर जांच, नवजात एवं बच्चों की स्वास्थ्य सेवाएं, पोषण संबंधी गतिविधियां, गैर-संचारी रोगों की स्क्रीनिंग तथा विभिन्न राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों का संचालन और अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा। साथ ही आशा एवं एएनएम सहित स्वास्थ्य कर्मियों को बेहतर कार्य वातावरण उपलब्ध होगा। स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और गुणवत्ता दोनों में उल्लेखनीय सुधार होगा।
इन विकास खंडों में बनेंगे नए स्वास्थ्य उपकेंद्र भवन
बलरामपुर रूरल (9): धर्मपुर, चिरैया, लालाजोत, गंगापुर लखना, गंगापुर बीरपुर, नरायनपुर मझारी, सिंगाही, जोरावरपुर एवं भगवानपुर। तुलसीपुर (6): लेबुड़वा, पूरेबक्स, बदलपुर (कोहडोरा), फतहनगरा, गुलरिहा एवं बुड़न्तपुर। हरैया सतघरवा (5): फुलवरिया, जोरावरडीह/सिरोहिया, इमिलिया, भितवरिया कला एवं अंबरनगर। गैसड़ी (3): पुरेना, बगहीसीर एवं गौरा बगनहा। श्रीदत्तगंज (3): लखमा, रूखी मझारी एवं पिपरी कोल्हई।
गैंडास बुजुर्ग (3): टेढ़वा नवाबाद, दुधरा एवं पकड़ी भुवारि। नए स्वास्थ्य उपकेंद्र भवन बनने से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा और मजबूत होगा। इससे आमजन को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को भी नई गति मिलेगी। यह पहल प्रदेश सरकार की "हर गांव तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने की प्रतिबद्धता को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है तथा बलरामपुर में ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाएगी।







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